NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
दिल्ली में अनुग्रह राशि नहीं मिलने पर सरकारी अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने विरोध जताया
दिल्ली नर्स संघ के महासचिव लालाधर रामचंदानी ने कहा, ‘‘लोक नायक जयप्रकाश अस्पताल, जीटीबी हस्पताल और डीडीयू समेत दिल्ली सरकार के अन्य अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने इस शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में भाग लिया और अपनी मांग रखी।’’
भाषा
25 Jan 2022
nurse
'प्रतीकात्मक फ़ोटो'

नयी दिल्ली: दिल्ली में राज्य संचालित विभिन्न सरकारी अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने सोमवार को अनुग्रह राशि नहीं मिलने को लेकर काला फीता बांधकर विरोध दर्ज कराया। नर्सिंग कर्मियों के संघ ने कहा कि दिल्ली सरकार ने कोविड संक्रमण से नर्सिंग स्टाफ के आठ कर्मियों की मौत के बाद अनुग्रह राशि देने का ऐलान किया था, लेकिन यह अभी तक नहीं उपलब्ध कराई गई।

दिल्ली नर्स संघ के महासचिव लालाधर रामचंदानी ने कहा, ‘‘लोक नायक जयप्रकाश अस्पताल, जीटीबी हस्पताल और डीडीयू समेत दिल्ली सरकार के अन्य अस्पतालों के नर्सिंग स्टाफ ने इस शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन में भाग लिया और अपनी मांग रखी।’’

रामचंदानी ने कहा कि एक साल पहले दिल्ली सरकार ने ऐलान किया था कि कोविड ड्यूटी के दौरान किसी चिकित्सक, नर्स, पैरामेडिकल स्टाफ और सफाईकर्मी समेत अन्य कर्मियों की मौत पर मृतकों के परिजनों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अब तक नर्सिंग सेवा से जुड़े आठ कर्मियों की कोविड संक्रमण से मौत हो चुकी है, लेकिन घोषित अनुग्रह राशि अब तक नहीं दी गई है। इस पर दिल्ली सरकार ने अभी कोई प्रतिक्रिया नहीं व्यक्त की है। इसके पहले 20 जनवरी को मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को लिखे पत्र में संघ ने इस बात पर दुख जताया था कि एक साल बीत जाने के बाद भी अनुग्रह राशि नहीं प्रदान की गई है। पत्र में मृतकों के नाम के अलावा उन अस्पतालों के भी नाम हैं, जहां वह कार्यरत थे।

Nursing Staff
government hospital

Related Stories

उत्तराखंड चुनाव 2022 : बदहाल अस्पताल, इलाज के लिए भटकते मरीज़!

भाजपा के कार्यकाल में स्वास्थ्य कर्मियों की अनदेखी का नतीजा है यूपी की ख़राब स्वास्थ्य व्यवस्था

सेंट्रल विस्टा में लगे पैसे से खोले जा सकते हैं 16 एम्स या 1.2 लाख स्वास्थ्य और कल्याण केंद्र

हमारा समाज मंदिर के लिए आंदोलन करता है लेकिन अस्पताल के लिए क्यों नहीं? 

शाहीनबाग़ : ये तो होना ही था, लेकिन ये क्यों हुआ?

'बेगार' खटाये जाने से बंगाल की आशा कर्मियों में बढ़ रहा असंतोष

उत्तराखंड : क्लीनिकल इस्टेब्लिशमेंट एक्ट पर टकराव जारी, मरीज़ हलकान

आयुष्मान भारत : मरीज़ों से पहले अस्पतालों को इलाज की ज़रूरत है


बाकी खबरें

  • संदीपन तालुकदार
    भूटान और अरुणाचल की तलहटी में डॉक्टर का इंतज़ार
    05 Jan 2022
    उदलगुड़ी ज़िले में सरकारी स्वास्थ्य तंत्र की आधारभूत संरचना अच्छी स्थिति में है। लेकिन यहां डॉक्टरों और दूसरे कर्मचारियों की कम संख्या हैरान करने वाली है। महामारी के दौरान भी सरकार ने कुशल कर्मचारियों…
  • BHOJANMATA
    राजेश डोबरियाल
    दलित भोजनमाता को दिल्ली में नौकरी के 'आप' के दावे पर सवाल.. दिल्ली में तो यह पद ही नहीं
    05 Jan 2022
    उत्तराखंड के सीमांत ज़िले चंपावत में दलित भोजनमाता के हाथ का खाना खाने से सवर्ण बच्चों के इनकार और उन्हें काम से हटाए जाने की ख़बर जब नेशनल मीडिया और सोशल मीडिया की सुर्खियां बनी तो दिल्ली के समाज…
  • Aviation
    एंड्रियास स्पाएथ
    हाइड्रोजन-इलेक्ट्रिक जेट और उसका पुनर्गठन: 2022 में विमानन उद्योग की ​योजनाएं
    05 Jan 2022
    कोरोना महामारी के कारण पस्त पड़ा विमानन उद्योग, कोविड के नए अवतार ओमिक्रॉन के प्रकोप के बावजूद, नए साल में अपनी संभावनाओं को लेकर कुछ कुछ आशावादी है। ​2022​ को​ विमानन उद्योग के लिए सीमित संभावनाओं…
  • BULLI BAI
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    ‘बुल्ली बाई’ ऐप मामला : मुंबई पुलिस ने एक और छात्र को गिरफ़्तार किया
    05 Jan 2022
    मुंबई पुलिस ने मयंक रावल (21) नामक छात्र को बुधवार तड़के उत्तराखंड से पकड़ा है। इधर, इस मामले में दिल्ली पुलिस अभी जानकारी ही जुटा रही है।
  • KALICHRAN
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    भड़काऊ बयान देने का मामला : पुणे पुलिस ने कालीचरण को हिरासत में लिया
    05 Jan 2022
    कालीचरण वही महाराज है जिसने छत्तीसगढ़ की (अ)धर्म संसद में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की थी। इसके खिलाफ पुणे में भी एक मामला दर्ज है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License