NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
राष्ट्रपति बाइडेन ने पहले ही दिन ट्रंप के कुछ महत्वपूर्ण  फ़ैसलों को पलटा
उम्मीदों के विपरीत बाइडेन ने ईरान परमाणु समझौते में फिर से शामिल होने या यमन के युद्ध में अमेरिकी भूमिका को समाप्त करने की घोषणा नहीं की।
पीपल्स डिस्पैच
21 Jan 2021
राष्ट्रपति बाइडेन

20 जनवरी को राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद पहले दिन जो बाइडेन ने अपने पूर्ववर्ती डोनाल्ड ट्रम्प के कुछ महत्वपूर्ण निर्णयों को पलटते हुए कई कार्यकारी आदेश जारी किया। पेरिस एग्रिमेंट ऑन क्लाइमेट चेंज में फिर शामिल होने की घोषणा से लेकर तथाकथित "मुस्लिम प्रतिबंध" को हटाने तक बाइडेन अपने चुनावी वादों को लेकर प्रतिबद्ध हैं। हालांकि, उम्मीद के मुताबिक वह ईरान परमाणु समझौते से ट्रम्प के हटने के फैसले को रद्द करने और यमन में युद्ध में अमेरिका की भागीदारी को समाप्त करने में विफल रहे।

मध्य पूर्व से संबंधित सबसे महत्वपूर्ण निर्णय सात मुस्लिम बहुसंख्यक देशों के मुस्लिम यात्रियों के अमेरिका जाने से प्रतिबंध हटाने का था। ट्रम्प प्रशासन ने जनवरी 2017 में अपने कार्यकाल के पहले सप्ताह के दौरान ईरान, इराक,लीबिया, सोमालिया, सूडान, सीरिया और यमन के नागरिकों को अमेरिका जाने से प्रतिबंधित कर दिया था।

जो बाइडेन द्वारा पलटे जाने वाले कुछ अन्य प्रमुख निर्णयों में पिछले साल जुलाई में ट्रम्प द्वारा घोषित विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) से अमेरिका की वापसी की प्रक्रिया शामिल है। अमेरिका अब डब्ल्यूएचओ की इस सप्ताह चल रही कार्यकारी बोर्ड की बैठक में भाग लेगा। ट्रम्प ने आरोप लगाया था कि डब्ल्यूएचओ COVID-19 महामारी को लेकर देश को चेतावनी देने में निष्क्रिय रही और उस पर चीन समर्थक होने का आरोप लगाया।

बाइडेन ने एक कार्यकारी आदेश पर भी हस्ताक्षर किए जिसके अनुसार अमेरिका पेरिस एग्रिमेंट ऑन क्लाइमेट चेंज में फिर से शामिल होगा। ट्रम्प ने 2017 में अमेरिकी अर्थव्यवस्था पर इसके बुरे प्रभाव का हवाला देते हुए जलवायु परिवर्तन समझौते से हटने की घोषणा की थी और नवंबर 2020 में यह हट गया था।

इन सबके अलावा, बाइडेन ने मेक्सिको-अमेरिका सीमा पर दीवार के निर्माण को रोकने की भी घोषणा की और अमेरिकी लोगों की हितों के खतरों को देखते हुए कनाडा व अमेरिका के बीच कीस्टोन तेल पाइपलाइन के निर्माण की अनुमति रद्द कर दी। उन्होंने यूएस में युवा प्रवासी को सुरक्षा देने के लिए साल 2012 में शुरु किए गए डिफर्ड एक्शन फॉर चाइल्डहूड अराइवल्स (डीएसीए) या "ड्रीमर्स" प्रोग्राम स्थायी करने के लिए क़ानून अमल मे लाने के लिए कांग्रेस से कहते हुए एक ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया।

इन सभी निर्णयों का अमेरिका और अन्य देशों में एक्टिविस्ट और मानवाधिकार समूहों ने स्वागत किया। यमन के युद्ध में अमेरिकी भागीदारी की समाप्ति, सऊदी अरब और यूएई को अमेरिकी हथियारों की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने और ईरान समझौते में फिर से शामिल होने के साथ साथ कई देशों के खिलाफ लगे एकतरफा प्रतिबंधों को हटाने जैसे कुछ प्रमुख मांगों को लेकर बाइडेन की विफलता से कुछ लोग नाखुश थे।

Joe Biden
Donand Trump
America
Iran Nuclear Agreement

Related Stories

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

गर्भपात प्रतिबंध पर सुप्रीम कोर्ट के लीक हुए ड्राफ़्ट से अमेरिका में आया भूचाल

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

नाटो देशों ने यूक्रेन को और हथियारों की आपूर्ति के लिए कसी कमर

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

रूस पर बाइडेन के युद्ध की एशियाई दोष रेखाएं

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?


बाकी खबरें

  • kashmir jammu
    सुहैल भट्ट
    विशेषज्ञों के मुताबिक़ कश्मीर में मानसिक स्वास्थ्य की स्थिति अपने कगार पर है
    27 Dec 2021
    जम्मू-कश्मीर में तनाव से मरने वालों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है, जिसका बड़ा कारण साल 2019 में हटाई गई धारा 370 को मुख्य माना जा रहा है, खुद को कैदी जैसा महसूस कर रहे जम्मू-कश्मीर के लोगों में…
  • Ethiopia
    पीपल्स डिस्पैच
    अमेरिका समर्थित टीपीएलएफ़ ने इथियोपिया में जंग हारने के बाद संयुक्त राष्ट्र से सुरक्षा की गुहार लगाई
    27 Dec 2021
    संघीय सरकार की फ़ौज ने टीपीएलएफ़ को टिगरे राज्य में वापस जाने के लिए मजबूर कर दिया, अब टीपीएलएफ़ शांति प्रक्रिया के लिए बातचीत शुरू करने की गुहार लगा रहा है। सरकार ने समूह के नि:शस्त्रीकरण और इसके…
  • Mental health
    वर्षा सिंह
    उत्तराखंड: मानसिक सेहत गंभीर मामला लेकिन इलाज के लिए जाएं कहां?
    27 Dec 2021
    फ़रवरी 2019 में उत्तराखंड में मानसिक स्वास्थ्य प्राधिकरण का गठन करने के लिए स्वीकृति प्रदान की गई। ये प्राधिकरण काग़ज़ों में भी पूरी तरह तैयार नहीं हो पाया है। प्राधिकरण में मानसिक स्वास्थ्य के लिए…
  •  Muzaffarpur
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    मुज़फ़्फ़रपुर: हादसा या हत्याकांड!, मज़दूरों ने कहा- 6 महीने से ख़राब था बॉयलर, जबरन कराया जा रहा था काम
    27 Dec 2021
    बॉयलर छह महीने से ख़राब था। कामगारों ने ख़तरे की आशंका जताई थी। बॉयलर का सेफ्टी वाल्व भी ख़राब था। इसके विरोध में दो दिन तक मज़दूरों ने काम भी बंद रखा था लेकिन प्रबंधन ने इसको ठीक नहीं कराया था।
  • haridwar
    वसीम अकरम त्यागी
    राष्ट्रीय अल्पसंख्यक आयोग: आख़िर तुम किस मर्ज़ की दवा हो?
    27 Dec 2021
    हरिद्वार, आगरा से लेकर गुरुग्राम तक, त्रिपुरा से लेकर कर्नाटक तक, नमाज़ से लेकर चर्च की प्रार्थना सभा तक अल्पसंख्यकों पर लगातार हमले हो रहे हैं, लेकिन अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा के लिये बना…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License