NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
बिहार चुनाव से पहले प्रधानमंत्री ने प्रवासी श्रमिकों के लिये गरीब कल्याण रोजगार अभियान की शुरुआत की
बिहार के खगड़िया जिले के बेलदौर प्रखंड के तेलिहार गांव से शुरू की गयी इस योजना का मकसद वापस आए प्रवासी श्रमिकों और गांव के लोगों को सशक्त बनाना, स्थानीय स्तर पर विकास को गति देना और आजीविका के अवसर प्रदान करना है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
20 Jun 2020
modi

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को दूसरे राज्यों से लौट कर आए प्रवासी मजदूरों को उनके घर के आसपास ही रोजगार देने के लिये 50,000 करोड़ रुपये की लागत से गरीब कल्याण रोजगार अभियान की शुरुआत की।

बिहार के खगड़िया जिले के बेलदौर प्रखंड के तेलिहार गांव से शुरू की गयी इस योजना का मकसद वापस आए प्रवासी श्रमिकों और गांव के लोगों को सशक्त बनाना, स्थानीय स्तर पर विकास को गति देना और आजीविका के अवसर प्रदान करना है।

मोदी ने वीडियो कांफ्रेन्सिंग के जरिये योजना की शुरूआत करते हुए कहा कि यह छह राज्यों...बिहार, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, झारखंड और ओड़िशा ... के 116 जिलों में लागू होगी और इससे प्रवासी मजदूरों को उनके घर के आसपास ही रोजगार मिलेगा।

यह योजना ऐसे समय शुरू की गयी है जब कोरोना वायरस महामारी और ‘लॉकडाउन’ के कारण लाखों की संख्या में प्रवासी मजदूरों को कामकाज से हाथा धोना पड़ा और वे अपने गांवों को लौटने को मजबूर हुए हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘इस योजना पर कुल 50,000 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। इस योजना के जरिये ग्राम पंचायत भवन और आंगनवाड़ी केंद्र, राष्ट्रीय राजमार्ग, रेलवे और जल संरक्षण जैसे विभिन्न प्रकार के 25 कार्यों का क्रियान्वयन होगा, देश के ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे का निर्माण किया जाएगा।’

उन्होंने कहा, ‘यह हमारा प्रयास है कि श्रमिकों को उनके घर के पास ही काम मिले, अबतक आप शहरों का विकास कर रहे थे, अब आप अपने गांवों की मदद करेंगे।’

मोदी ने कहा कि इस योजना से श्रमिकों के सम्मान की रक्षा होगी और गांवों के विकास को गति मिलेगी। यह अभियान 12 विभिन्न मंत्रालयों/विभागों- ग्रामीण विकास, पंचायती राज, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग, खान, पेयजल और स्वच्छता, पर्यावरण, रेलवे, पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस, नई और नवीकरणीय ऊर्जा, सीमा सड़क, दूरसंचार और कृषि का एक समन्वित प्रयास होगा।

इससे पहले, उन्होंने देश के लिए अपनी जान न्यौछावर करने वाले सैनिकों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने लद्दाख गतिरोध पर कहा कि हर किसी को बिहार रेजीमेंट की वीरता पर गर्व है। इस मौके पर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एवं अन्य संबंधित राज्यों के मुख्यमंत्री मौजूद थे।

समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ 

Narendra modi
Migrant workers
Poor Kalyan Rojgar Abhiyan
bihar election

Related Stories

तिरछी नज़र: सरकार जी के आठ वर्ष

कटाक्ष: मोदी जी का राज और कश्मीरी पंडित

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

भारत के निर्यात प्रतिबंध को लेकर चल रही राजनीति

गैर-लोकतांत्रिक शिक्षानीति का बढ़ता विरोध: कर्नाटक के बुद्धिजीवियों ने रास्ता दिखाया

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

PM की इतनी बेअदबी क्यों कर रहे हैं CM? आख़िर कौन है ज़िम्मेदार?

छात्र संसद: "नई शिक्षा नीति आधुनिक युग में एकलव्य बनाने वाला दस्तावेज़"

भाजपा के लिए सिर्फ़ वोट बैंक है मुसलमान?... संसद भेजने से करती है परहेज़

हिमाचल में हाती समूह को आदिवासी समूह घोषित करने की तैयारी, क्या हैं इसके नुक़सान? 


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 975 नए मामले, 4 मरीज़ों की मौत  
    16 Apr 2022
    देश की राजधानी दिल्ली में कोरोना के बढ़ते मामलो ने चिंता बढ़ा दी है | दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा है कि सरकार कोरोना पर अपनी नजर बनाए रखे हुए हैं, घबराने की जरूरत नहीं। 
  • सतीश भारतीय
    मध्यप्रदेश: सागर से रोज हजारों मरीज इलाज के लिए दूसरे शहर जाने को है मजबूर! 
    16 Apr 2022
    सागर के बुन्देलखण्ड मेडिकल कॉलेज में सुपर स्पेशियलिटी की सुविधा नहीं है। जिससे जिले की आवाम बीमारियों के इलाज के लिए नागपुर, भोपाल और जबलपुर जैसे शहरों को जाने के लिए बेबस है। 
  • शारिब अहमद खान
    क्या यमन में युद्ध खत्म होने वाला है?
    16 Apr 2022
    यमन में अप्रैल माह में दो अहम राजनीतिक उथल-पुथल देखने को मिला, पहला युद्धविराम की घोषणा और दूसरा राष्ट्रपति आबेद रब्बू मंसूर हादी का सत्ता से हटना। यह राजनीतिक बदलाव क्या यमन के लिए शांति लेकर आएगा ?
  • ओमैर अहमद
    मंडल राजनीति को मृत घोषित करने से पहले, सीएए विरोध प्रदर्शनों के दौरान अंबेडकर की तस्वीरों को याद करें 
    15 Apr 2022
    ‘मंदिर’ की राजनीति ‘जाति’ की राजनीति का ही एक दूसरा स्वरूप है, इसलिए उत्तर प्रदेश के चुनाव ने मंडल की राजनीति को समाप्त नहीं कर दिया है, बल्कि ईमानदारी से इसके पुनर्मूल्यांकन की ज़रूरत को एक बार फिर…
  • सोनिया यादव
    बीएचयू: लाइब्रेरी के लिए छात्राओं का संघर्ष तेज़, ‘कर्फ्यू टाइमिंग’ हटाने की मांग
    15 Apr 2022
    बीएचयू में एक बार फिर छात्राओं ने अपने हक़ के लिए की आवाज़ बुलंद की है। लाइब्रेरी इस्तेमाल के लिए छात्राएं हस्ताक्षर अभियान के साथ ही प्रदर्शन कर प्रशासन पर लड़कियों को शिक्षा से वंचित रखने का आरोप…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License