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मैक्सिको में महिलाओं की हत्या को लेकर विरोध प्रदर्शन
कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय नारीवादी समूहों और मानवाधिकार संगठनों ने विक्टोरिया सालाज़ार की हत्या के साथ-साथ मैक्सिको में व्याप्त नस्लवाद, वर्गवाद, स्त्री-द्वेष और विदेशी लोगों से नफरत करने के मामले को लेकर की निंदा की है।
पीपल्स डिस्पैच
01 Apr 2021
मैक्सिको में महिलाओं की हत्या को लेकर विरोध प्रदर्शन

30 मार्च को मैक्सिको के क्विंटाना रु प्रांत में विभिन्न नारीवादी समूह, महिला संगठनों के सदस्यों और टुलुम नगरपालिका के लोगों ने स्थानीय पुलिस द्वारा सल्वाडोर के प्रवासी विक्टोरिया एशपरंजा सालाज़ार की हत्या का विरोध करने के लिए नगरपालिका की सड़कों पर उतरे।

300 से अधिक प्रदर्शनकारियों ने सेटलाइट और टुलुम मार्ग के चौराहे पर प्रदर्शन किया और फिर क्विंटाना रु प्रांत में विक्टोरिया और अन्य महिलाओं की हत्या को लेकर न्याय की मांग करते हुए सिटी हॉल तक मार्च किया। टुलुम फेमिनिस्ट कलेक्टिव ने पुलिस की बर्बरता और पुलिस हिंसा को रोकने की भी मांग की।

36 वर्षीय विक्टोरिया की हत्या चार पुलिस अधिकारियों ने 27 मार्च को की थी जिनमें एक महिला और तीन पुरुष अधिकारी शामिल थे। उसे हिरासत में लेते हुए महिला पुलिस की अधिकारी ने उसे घुटनों के बल नीचे झुकाए रखा और उसकी इस शिकायतों के बावजूद कि वह सांस नहीं ले पा रही है किसी भी सुरक्षा अधिकारी ने उसकी मदद नहीं की। जब उन्होंने देखा कि वह हरकत नहीं कर रही है तो उन्होंने एम्बुलेंस को फोन भी नहीं किया इसके बजाए वे एक पुलिस ट्रक के पीछे उसके बेजान शरीर को ले गए। 29 मार्च को जारी किए गए ऑटोप्सी रिपोर्ट के अनुसार विक्टोरिया की स्पाइन की पहली दो वर्टिब्रा में फ्रैक्चर था जिससे उसकी मौत हो गई।

विक्टोरिया के लिए न्याय मांगने को लेकर ये विरोध प्रदर्शन क्विंटाना रु प्रांत में कनकून, चेतूमल, होलबॉक्स, प्लाया डेल कारमेन, कोज़ुमेल और फेलिपे कैरिलो प्यूर्टो शहरों के साथ साथ राजधानी मेक्सिको सिटी तक फैल गया। इन सभी विरोध प्रदर्शनों में मैक्सिको की महिलाओं ने देश में महिलाओं की हत्या में वृद्धि और इस अपराध के मामले में इम्प्यूनिटी को लेकर निंदा की।

मैक्सिको दुनिया में सबसे अधिक महिलाओं की हत्या और इम्पयूनिटी देने वाले देशों में से एक है। आधिकारिक रिकॉर्ड के अनुसार, मैक्सिको में हर दिन औसतन 10 महिलाओं की मौत होती है और इनमें से 10% से भी कम मामलों का ही हल हो पाता हैं। जिस दिन विक्टोरिया की हत्या हुई थी उस दिन क्विंटाना रु में तीन अन्य महिलाओं की भी हत्या कर दी गई थी।

कई राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय नारीवादी समूहों और मानवाधिकार संगठनों ने माना है कि विक्टोरिया की हत्या नस्लवाद, वर्गवाद, स्त्री-द्वेष और विदेशी लोगों से नफरत करने का मामला है जो देश में व्याप्त है। संगठनों ने इसे उदाहरण के तौर पर बताया कि मैक्सिको में प्रवासियों और गरीबों के साथ कैसा व्यवहार किया जाता है।

mexico
Mexico Protest
International feminist groups

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CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License