NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
एसएफआई-डीवाईएफआई ने कर्मचारी चयन आयोग को परीक्षाओं में अनियमिताओं पर सौंपा ज्ञापन!
गत वर्ष जानकारी दी थी कि करीब एक लाख से अधिक रिक्तियां सुरक्षा बलों की हैं जबकि 2018 में उत्तीर्ण हजारों उम्मीदवारों को अभी तक नियुक्त नहीं किया गया है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
25 Feb 2021
ssc
Image courtesy: Social Media

आज बृहस्पतवार यानि 25 फरवरी को स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) व भारत की जनवादी नौजवान सभा (DYFI) के सदस्यों ने ज्ञापन पत्र के माध्यम से कर्मचारी चयन आयोग में आवेदनकर्ता उम्मीदवारों की व्यथा को प्रेषित करने का प्रयास किया।

कर्मचारी चयन आयोग की संयुक्त स्नातक स्तर परीक्षा व अन्य परीक्षाओं में कईं अनियमिताएं सामने आईं हैं। एसएफआई ने अपनी प्रेस विज्ञप्ति में कहा, “छात्र विश्वविद्यालयों से डिग्री हासिल करते हैं और उसके बाद प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए उच्च शुल्क दे कर प्रशिक्षण लेते हैं। परीक्षा देते हैं और उत्तीर्ण होते हैं लेकिन इसके बाद भी छात्रों को समय पर विभिन्न पदों पर नियुक्त नहीं किया जाता।”

एसएफआई के दिल्ली राज्य के अध्यक्ष सुमित कटारिया ने  कर्मचारी चयन आयोग को ज्ञापन पत्र सौंपने के बाद अपना आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा, “लगभग तीन वर्ष पूर्व भी छात्रों ने बड़ी संख्या में कर्मचारी चयन आयोग को अनियमितताओं से अवगत कराया था और हाल ही में जारी किए गए परीक्षा परिणाम से उसी प्रकार की अनियमितताओं का शिकार छात्र एक बार फिर हो रहे हैं। कार्यकारी चयन आयोग ने अभी तक अपने कार्य करने के स्तर में कोई प्रगति नहीं दिखाई है और इस दिशा में कोई सुधार देखने को नहीं मिला है। यदि आप छात्रों की समस्याओं से अवगत नहीं है तो हम क्रमवार आपको सूचित करते हैं।”

वहीं दूसरी ओर डीवाईएफआई के दिल्ली राज्य समिति के सचिव संजीव कुमार ने ज्ञापन पत्र में लिखित कुछ जरूरी मांगों को दोहराते हुए कहा, “छात्रों की छोटी-छोटी मांगें जैसे समय पर परीक्षाओं का आयोजन किया जाए व परीक्षा परिणाम लंबित न रखे जाए, विभिन्न पदों पर तय समय पर नियुक्तियां की जाए, परीक्षा परिणामों को जारी करने में पारदर्शिता बरती जाए आदि को यह सरकार पिछले कईं सालों से अनसुना करती आई है।”

उन्होनें आगे बताया कि सामान्यकरण या मानकीकरण (Normalisation) की प्रक्रिया या युक्ति आवेदनकर्ता या उम्मीदवारों की समझ से परे है। किस प्रकार अंक कम या अधिक हो जाते हैं? सरकार को चाहिए कि इसको तुरंत निरस्त करे।”

केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने गत वर्ष जानकारी दी थी कि करीब एक लाख से अधिक रिक्तियां सुरक्षा बलों की हैं जबकि 2018 में उत्तीर्ण हजारों उम्मीदवारों को अभी तक नियुक्त नहीं किया गया है।

SFI
SSC
DYFI
Sumit Kataria

Related Stories

दिल्ली: रामजस कॉलेज में हुई हिंसा, SFI ने ABVP पर लगाया मारपीट का आरोप, पुलिसिया कार्रवाई पर भी उठ रहे सवाल

डीवाईएफ़आई ने भारत में धर्मनिरपेक्षता को बचाने के लिए संयुक्त संघर्ष का आह्वान किया

दिल्ली: ''बुलडोज़र राजनीति'' के ख़िलाफ़ सड़क पर उतरे वाम दल और नागरिक समाज

एलएसआर के छात्रों द्वारा भाजपा प्रवक्ता का बहिष्कार लोकतंत्र की जीत है

अदालत ने ईसाई महिला, डीवाईएफआई के मुस्लिम नेता के अंतरधार्मिक विवाह में हस्तक्षेप से किया इनकार

बैठक में नहीं पहुंचे अधिकारी, छात्र बोले- जेएनयू प्रशासन का रवैया पक्षपात भरा है

‘जेएनयू छात्रों पर हिंसा बर्दाश्त नहीं, पुलिस फ़ौरन कार्रवाई करे’ बोले DU, AUD के छात्र

जेएनयू हिंसा: प्रदर्शनकारियों ने कहा- कोई भी हमें यह नहीं बता सकता कि हमें क्या खाना चाहिए

JNU: मांस परोसने को लेकर बवाल, ABVP कठघरे में !

केरल: एचएलएल के निजीकरण के ख़िलाफ़ युवाओं की रैली


बाकी खबरें

  • Social Welfare Schemes
    दित्सा भट्टाचार्य
    हाशिये पर पड़े समुदायों के लिए सामाजिक कल्याण की योजनायें – लेकिन फण्ड कहां है?
    23 Sep 2021
    वित्तीय वर्ष 2018-19 से लेकर 2020-21 के बीच में सामजिक न्याय एवं सशक्तिकरण विभाग के लिए बजटीय आवंटन में 16% की कमी कर दी गई है।
  • kisan
    अजय कुमार
    बंपर पैदावार के बावजूद, तिल-तिल मरता किसान!
    23 Sep 2021
    बंपर अनाज पैदा करने वाले किसान ढंग से रोटी खाने के लिए पैसा तक नहीं कमा पाते। इसकी सबसे बड़ी वजह है कि सरकार कृषि क्षेत्र को छोड़कर अन्य क्षेत्रों पर अधिक केंद्रित है
  • NEET
    श्रुति एमडी, नीलाबंरन ए
    नीट तमिलनाडु को आज़ादी से पहले की स्थिति में ले जा सकती है- समिति
    23 Sep 2021
    नीट के प्रभाव को परखने के लिए बनाई गई समिति की रिपोर्ट में कहा गया है कि इस परीक्षा का ढांचा सामाजिक और आर्थिक तौर पर पिछड़े तबकों के ख़िलाफ़ जाता है।
  • सोनिया यादव
    जनसंख्या के बढ़ते दबाव के लिए कोई भी धर्म कितना ज़िम्मेदार है?
    23 Sep 2021
    प्यू रिसर्च सेंटर का हालिया अध्ययन बढ़ते जनसंख्या दबाव को कम करने के लिए धर्म से ज्यादा महिलाओं के शिक्षित और समृद्ध होने पर जोर देता है।
  • BJP Toolkit activated on Modi's foreign visit
    न्यूज़क्लिक टीम
    मोदी की विदेश यात्रा पर बीजेपी Toolkit सक्रिय
    23 Sep 2021
    'बोल' के इस एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा प्रधानमंत्री मोदी की वाशिंगटन दौरे के दौरान, बीजेपी की IT सेल से चलाये जा रहे झूठे प्रचारतंत्र पर बात कर रहे हैं. इसके आलावा उन्होंने भारत में प्रेस…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License