NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
साहित्य-संस्कृति
भारत
इतवार की कविता : मुहम्मद अल्वी के जन्मदिन पर विशेष
आसान लबो-लहजे के उम्दा शायर मुहम्मद अल्वी का आज जन्मदिन है। मुहम्मद अल्वी आज ज़िंदा होते तो उनकी उम्र 93 साल होती। उनका इंतेक़ाल 2018 में 29 जनवरी को हुआ। पढ़िये उनकी दो नज़्में...
न्यूज़क्लिक डेस्क
11 Apr 2021
Mohammad Alvi

आसान लबो-लहजे के उम्दा शायर मुहम्मद अल्वी का आज जन्मदिन है। मुहम्मद अल्वी आज ज़िंदा होते तो उनकी उम्र 93 साल होती। उनका इंतेक़ाल 2018 में 29 जनवरी को हुआ। पढ़िये उनकी दो नज़्में...

1. जन्मदिन

साल में इक बार आता है 
आते ही मुझ से कहता है 
''कैसे हो 
अच्छे तो हो 
लाओ इस बात पे केक खिलाओ 
रात के खाने में क्या है 
और कहो क्या चलता है'' 

फिर इधर उधर की बातें करता रहता है 
फिर घड़ी देख के कहता है 
''अच्छा तो मैं जाता हूँ 
प्यारे अब मैं 
एक साल के ब'अद आऊँगा 
केक बना के रखना 
साथ में मछली भी खाऊंगा'' 

और चला जाता है!
उस से मिल कर 
थोड़ी देर मज़ा आता है! 

लेकिन फिर मैं सोचता हूँ 
ख़ास मज़ा तो तब आएगा 
जब वो आ कर 
मुझ को ढूँढता रह जाएगा!! 

2. दिल्ली

दिल्ली तेरी आँख में तिनका 
''क़ुतुब-मीनार'' 

दिल्ली तेरा दिल का पत्थर 
लाल-क़िला 

दिल्ली तेरे बटवे में 
'ग़ालिब' का मज़ार 

रहने दे 
बूढ़ी दिल्ली
कपड़े न उतार 

Sunday Poem
Hindi poem
कविता
हिन्दी कविता
इतवार की कविता
Mohammad Alvi

Related Stories

इतवार की कविता: भीमा कोरेगाँव

इतवार की कविता: वक़्त है फ़ैसलाकुन होने का 

...हर एक दिल में है इस ईद की ख़ुशी

जुलूस, लाउडस्पीकर और बुलडोज़र: एक कवि का बयान

सर जोड़ के बैठो कोई तदबीर निकालो

लॉकडाउन-2020: यही तो दिन थे, जब राजा ने अचानक कह दिया था— स्टैचू!

इतवार की कविता: जश्न-ए-नौरोज़ भी है…जश्न-ए-बहाराँ भी है

इतवार की कविता: के मारल हमरा गांधी के गोली हो

इतवार की कविता: सभी से पूछता हूं मैं… मुहब्बत काम आएगी कि झगड़े काम आएंगे

इतवार की कविता : 'आसमान में धान जमेगा!'


बाकी खबरें

  • सतीश भारतीय
    हरियाणा के बजट पर लोगों की प्रतिक्रिया 
    15 Mar 2022
    सरकार बजट को आंकड़ों की लफ़्फ़ाज़ी के साथ पेश तो कर देती है। मगर अधिकतर पढ़े लिखे और आम लोग बजट के बारे में ढंग से जानते नहीं है। क्योंकि उन्हें लगता है कि बजट का उन्हें सीधे तौर पर कोई वाजिब लाभ नहीं…
  • Russia Ukraine
    प्रबीर पुरकायस्थ
    यूक्रेन में तीन युद्ध और तीनों में इंसानियत की हार के आसार
    15 Mar 2022
    रूस पर पश्चिम के आर्थिक युद्ध के कारण दुनिया का ग्लोबल वार्मिंग से युद्ध हारने का जोखिम बढ़ जाता है, लेकिन जो सबसे बड़ी चुनौती है वह यह है कि अमेरिका द्वारा डॉलर का हथियार बनाए जाने का कैसे मुकाबला…
  • भाषा
    भारत की मिसाइल प्रणाली अत्यंत सुरक्षित : रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह
    15 Mar 2022
    रक्षा मंत्री सिंह ने दुर्घटनावश मिसाइल दागे जाने की घटना पर राज्यसभा में दिए गए एक बयान में कहा कि भारत अपनी शस्त्र प्रणाली की सुरक्षा और संरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है।
  •  IOC
    भाषा
    मुंबई में अगले साल आईओसी सत्र का आयोजन देश के खेल क्षेत्र में मील का पत्थर साबित होगा: प्रमाणिक
    15 Mar 2022
    1983 के बाद 40 साल के अंतराल पर फिर से भारत को इसका मौका मिल रहा है जब आईओसी का सत्र देश में आयोजित किया जाएगा।
  • भाषा
    विश्व चैम्पियनशिप के बाद लवलीना और निकहत एशियाई खेलों के लिये भारतीय महिला मुक्केबाजी टीम में
    15 Mar 2022
    जरीन ने दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में हुए ट्रायल्स के बाद 51 किग्रा वजन वर्ग में जबकि बोरगोहेन ने 69 किग्रा में स्थान पक्का किया।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License