NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
यूएई को कई बिलियन डॉलर के उन्नत हथियार बेचेगा अमेरिका
यूएई को एफ -35 लड़ाकू विमान और उन्नत ड्रोन की बिक्री से मध्य पूर्व क्षेत्र में हथियारों की दौड़ बढ़ने की उम्मीद है।
पीपल्स डिस्पैच
11 Nov 2020
यूएई

अमेरिका की सत्ता से विमुक्त हो रही ट्रम्प प्रशासन ने दुनिया के विभिन्न देशों को हथियारों की बिक्री में तेज़ी लाई है। मंगलवार 10 नवंबर को एक नए फैसले में सेक्रेट्री ऑफ स्टेट माइक पोम्पिओ ने घोषणा की है कि अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने कांग्रेस को यूएई को 23 बिलियन अमरीकी डॉलर से अधिक के हथियार बेचने के प्रस्ताव के बारे में सूचित किया है। हथियारों की प्रस्तावित बिक्री में 50 एफ-35 लड़ाकू विमान, एमक्यू-9 बी मानव रहित हवाई प्रणाली और ड्रोन शामिल हैं।

यदि यह सौदा ट्रम्प प्रशासन की योजना के अनुसार होता है तो यूएई इजरायल के बाद एफ-35 वाला मध्य पूर्व क्षेत्र का दूसरा देश बन जाएगा। पहले इजरायल ने एफ-35 यूएई को बेचने के प्रस्ताव पर आपत्ति जताई थी। ट्रम्प प्रशासन द्वारा मध्य पूर्व के अन्य देशों पर इजरायल के मिलिट्री एडवांटेज को बनाए रखने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराए जाने के बाद इसने अपनी आपत्तियां वापस ले ली थी।

यूएई पहला अरब देश था जिसने इस वर्ष जुलाई में ट्रम्प प्रशासन के दखल के बाद इज़रायल के साथ रिश्ते को सामान्य करने के समझौते की घोषणा की थी। यूएई के बाद बहरीन और सूडान ने भी ऐसा ही किया। बदले में ट्रम्प प्रशासन ने संयुक्त अरब अमीरात को उन्नत हथियार बेचने का वादा किया था। ट्रम्प प्रशासन ने ईरान से कथित ख़तरे के आधार पर यूएई को इन हथियारों की बिक्री को सही ठहराने की कोशिश की है।

हालांकि, आलोचकों ने यूएई को हथियारों की बिक्री का विरोध किया है। अमेरिका में डेमोक्रेट ने कहा है कि सत्ता विमुक्त हो रही ट्रम्प प्रशासन मध्य पूर्व में नवनिर्वाचित राष्ट्रपति जो बाइडेन की विदेश नीति के लिए विकल्पों को सीमित करने की कोशिश कर रहा है। जो बाइडेन ने इस क्षेत्र में हथियारों की बिक्री पर फिर से विचार करने और ईरान परमाणु समझौते में शामिल होने का वादा किया है जिससे ट्रम्प प्रशासन साल 2018 में हट गया था।

मानवाधिकार समूहों ने भी यूएई को हथियार बेचने के फैसले की आलोचना की है जो यमन में युद्ध के लिए ज़िम्मेदार है। आलोचकों का कहना है कि इन हथियारों का इस्तेमाल यमन में निर्दोष नागरिकों को मारने के लिए किया जा सकता है। यमन की युद्ध में सऊदी के नेतृत्व वाले गठबंधन द्वारा अमेरिकी हथियारों के इस्तेमाल की पहले ही अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर आलोचना हो चुकी है।

यूएई को हथियारों की बिक्री से इस संघर्षरत क्षेत्र में हथियारों की दौड़ के बढ़ने की भी उम्मीद है जो पहले से ही इसका सबसे बड़ा आयातक है।

America
UAE
usa-uae relations
weapons deal

Related Stories

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

खाड़ी में पुरानी रणनीतियों की ओर लौट रहा बाइडन प्रशासन

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

यमन के लिए यूएन का सहायता सम्मेलन अकाल और मौतों की चेतावनियों के बीच अपर्याप्त साबित हुआ

लखनऊ में नागरिक प्रदर्शन: रूस युद्ध रोके और नेटो-अमेरिका अपनी दख़लअंदाज़ी बंद करें

यूक्रेन पर रूस के हमले से जुड़ा अहम घटनाक्रम

यूक्रेन की बर्बादी का कारण रूस नहीं अमेरिका है!


बाकी खबरें

  • election
    न्यूज़क्लिक टीम
    पंजाब के असली मुद्दों से भटकाने की है बड़ी साज़िशः धर्मवीर गांधी
    20 Feb 2022
    ख़ास इंटरव्यू में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने पंजाब में पटियाला के पूर्व सांसद (आप) धर्मवीर गांधी से बातचीत की। इसमें उन्होंने आप के ऊपर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि पंजाब की राजनीति को मुद्दों से…
  • silver sheet
    समीना खान
    चांदी का वरक़: ऑनलाइन प्रोडक्ट की चमक ने फीका किया पारंपरिक कारोबार
    20 Feb 2022
    लखनऊ और वाराणसी की जिन तंग गलियों में कभी चांदी का वरक कूटने की ठक-ठक हुआ करती थी, वहां अब ख़ामोशी है। वरक़ कूटने का कारोबार लगभग ख़त्म हो गया है। शुद्ध चांदी के वरक़ को बनाने के लिए लगातार तीन घंटे तक…
  • SBI
    अनिल जैन
    ख़बरों के आगे-पीछे: 23 हज़ार करोड़ के बैंकिंग घोटाले से लेकर केजरीवाल के सर्वे तक..
    20 Feb 2022
    हर हफ़्ते कुछ ऐसी खबरें होतीं हैं जो पीछे छूट जाती हैं जिन पर बात करना उतना ही ज़रूरी है। ऐसी ही खबरों को एक साथ लाए हैं अनिल जैन..
  • Advertising
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    विज्ञापन की महिमा: अगर विज्ञापन न होते तो हमें विकास दिखाई ही न देता
    20 Feb 2022
    ...और विकास भी इतना अधिक हुआ कि वह भी लोगों को दिखाई नहीं पड़ा, विज्ञापनों से ही दिखाना पड़ा। लोगों को तो नारियल फोड़ने से फूटने वाली सड़कें दिखाई दीं पर सरकार ने विज्ञापनों में हवाई जहाज उतारती…
  • cartoon
    आज का कार्टून
    कार्टून क्लिक: ... यूं कोई बेवफ़ा नहीं होता
    20 Feb 2022
    दोस्त दोस्त न रहा...ये रोना और गाना पुराना हो गया है अरविंद केजरीवाल और कुमार विश्वास के संदर्भ में। आज तो यही शेर याद आता है कि कुछ तो मजबूरियां रही होंगी/ यूं कोई बेवफ़ा नहीं होता।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License