NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अल्जीरिया : जनता ने हिरक आंदोलन की दूसरी बरसी मनाई
जानलेवा कोरोना वायरस के प्रकोप से प्रभावित देशव्यापी विरोध प्रदर्शन के लगभग एक साल बाद प्रदर्शनकारियों ने सरकार पर हमला करते हुए और प्रणालीगत बदलाव की मांग करते हुए बड़ी संख्या में प्रदर्शन में भाग लिया।
पीपल्स डिस्पैच
17 Feb 2021
 हिरक आंदोलन

कोरोनावायरस महामारी के चलते लंबे अंतराल के बाद इस ऐतिहासिक आंदोलन को फिर से तेज करने के लिए नए सिरे से मंगलवार 16 फरवरी को अल्जीरिया के खेर्राटा शहर में सत्ता-विरोधी हिरक आंदोलन की दूसरी बरसी के मौके पर हजारों लोगों ने विरोध प्रदर्शन में भाग लिया।

साल 2019 में ऐतिहासिक हिरक आंदोलन ने तत्कालीन अल्जीरियाई राष्ट्रपति व तानाशाह अब्देलाज़िज़ बुउटेफ्लिका को पद से हटा दिया था। देश में विरोध प्रदर्शनों पर सरकार की पाबंदी को नजरअंदाज़ करते हुए मंगलवार को प्रदर्शन हुए।

अल्जीरिया की राजधानी अल्जीयर्स से लगभग 300 किलोमीटर पूर्व खेर्राटा शहर में हुए प्रदर्शनों में प्रदर्शनकारियों ने अल्जीरियाई और बर्बर झंडे लहराए और मौजूदा सरकार व राष्ट्रपति अब्देलमजीद टेब्बाउने और अल्जीरिया की सेना के खिलाफ नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने नारा लगाते हुए कहा कि "इस गैंग को हटना चाहिए” और "एक नागरिक राष्ट्र चाहिए न कि सैन्य राष्ट्र"। प्रदर्शनकारियों ने सरकार, सेना और राष्ट्रपति को व्यापक भ्रष्टाचार, बेरोजगारी और गरीबी जैसी राष्ट्रव्यापी समस्याओं का समाधान निकालने या उनकी मांगों को पूरा करने में असमर्थ, भ्रष्ट और अक्षम बताया।

खेर्राटा शहर हिरक आंदोलन के लिए विशेष महत्व रखता है क्योंकि यहां बाउटेफ्लिका द्वारा अल्जीरियाई राष्ट्रपति के रूप में पांचवें कार्यकाल के लिए उनकी घोषणा के बाद उनके खिलाफ पहला विरोध 16 फरवरी 2019 को शुरु हुआ था। विरोध प्रदर्शन बड़े पैमाने पर तेज हो गया था और यह पूरे देश में फैल गया जिसने पहले बाउटेफ्लिका को अपनी उम्मीदवारी वापस लेने के लिए मजबूर किया और अंततः राष्ट्रपति पद से इस्तीफा देना पड़ा।

बाउटेफ्लिका के पद छोड़ने के बाद भी कुछ प्रमुख नेताओं और प्रतिभागियों की गिरफ्तारी और कैद को लेकर बड़े पैमाने पर सरकारी दमन के बावजूद देश की राजनीति में प्रणालीगत बदलाव की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन जारी रहा।

Algeria
algerian people celebrate hirak protests anniversary
hirak protests

Related Stories

प्रसिद्ध अल्जीरियाई पत्रकार मोहम्मद मौलौद्ज को आतंकवाद के आरोप में हिरासत में लिया गया

अल्जीरिया में 100 से अधिक हिरक प्रदर्शनकारी रिहा

अल्जीरियाई स्वतंत्रता दिवस पर जेल में बंद हिरक आंदोलन के 18 कार्यकर्ता रिहा

अल्जीरियाई वामपंथी पार्टी के नेता फेथी घारेस फ़र्ज़ी आरोपों में गिरफ़्तार

वित्त मंत्री अयमन बेनअब्दर्रह्मान अल्जीरिया के नए प्रधानमंत्री

अल्जीरियाई पुलिस ने प्रमुख मानवाधिकार और अत्याचार-विरोधी कार्यकर्ता फ़ातिहा ब्रिकी को हिरासत में लिया

सत्ता-समर्थक दल अल्जीरियाई चुनावों में आगे

यूएन ने अल्जीरिया से हिरक प्रदर्शनकारियों के ख़िलाफ़ मानवाधिकारों के हनन को रोकने का आह्वान किया

अल्जीरिया के हिरक आंदोलन ने प्रदर्शन पर प्रतिबंध लगाने के सरकार के फ़ैसले की निंदा की

अल्जीरिया : हिरक आंदोलन के नेता संदिग्ध आरोपों में गिरफ़्तार


बाकी खबरें

  • prashant kishor
    अनिल सिन्हा
    नज़रिया: प्रशांत किशोर; कांग्रेस और लोकतंत्र के सफ़ाए की रणनीति!
    04 Dec 2021
    ग़ौर से देखेंगे तो किशोर भारतीय लोकतंत्र की रीढ़ तोड़ने में लगे हैं। वह देश को कारपोरेट लोकतंत्र में बदलना चाहते हैं और संसदीय लोकतंत्र की जगह टेक्नोक्रेट संचालित लोकतंत्र स्थापित करना चाहते हैं…
  • All five accused arrested in the murder case
    भाषा
    माकपा के स्थानीय नेता की हत्या के मामले में सभी पांच आरोपी गिरफ्तार
    04 Dec 2021
    घटना पर माकपा प्रदेश सचिवालय ने एक बयान जारी कर आरएसएस को हत्या का जिम्मेदार बताया है और मामले की गहराई से जांच करने की मांग की है.पुलिस के अनुसार, घटना बृहस्पतिवार रात साढ़े आठ बजे हुई थी और संदीप…
  • kisan andolan
    लाल बहादुर सिंह
    MSP की कानूनी गारंटी ही यूपी के किसानों के लिए ठोस उपलब्धि हो सकती है
    04 Dec 2021
    पंजाब-हरियाणा के बाहर के, विशेषकर UP के किसानों और उनके नेताओं की स्थिति वस्तुगत रूप से भिन्न है। MSP की कानूनी गारंटी ही उनके लिए इस आंदोलन की एक ठोस उपलब्धि हो सकती है, जो अभी अधर में है। इसलिए वे…
  • covid
    भाषा
    कोरोना अपडेट: देशभर में 8,603 नए मामले सामने आए, उपचाराधीन मरीजों की संख्या एक लाख से कम हुई
    04 Dec 2021
    देश में कोविड-19 के 8,603 नए मामले सामने आए हैं, जिसके बाद कुल संक्रमितों की संख्या बढ़कर 3,46,24,360 हो गई है।  
  • uttarkhand
    सत्यम कुमार
    देहरादून: प्रधानमंत्री के स्वागत में, आमरण अनशन पर बैठे बेरोज़गारों को पुलिस ने जबरन उठाया
    04 Dec 2021
    4 दिसंबर 2021 को उत्तराखंड की अस्थाई राजधानी देहरादून में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आ रहे हैं। लेकिन इससे पहले ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वागत के लिए आमरण अनशन पर बैठे बेरोजगार युवाओं…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License