NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
गाज़ा में इज़रायल के हवाई हमले में दो फ़िलिस्तीनी घायल, बड़े पैमाने पर नुक़सान
इन हवाई हमलों ने फिलिस्तीन के कई घरों को नुकसान पहुंचाने के साथ साथ बच्चों के अस्पताल और लोगों के विशेष ज़रूरतों वाले एक केंद्र को भी नुक़सान पहुंचाया।
पीपल्स डिस्पैच
28 Dec 2020
गाज़ा में इजज़रायल के हवाई हमले में दो फ़िलिस्तीनी घायल, बड़े पैमाने पर नुक़सान

इज़रायल के लड़ाकू जेट विमानों ने शनिवार 26 दिसंबर की तड़के चारों ओर से घिरे गाजा पट्टी पर हवाई हमले किए जिसमें एक फिलिस्तीनी बच्चे और एक फिलिस्तीनी व्यक्ति घायल हो गए। इन हवाई हमलों से विशेष आवश्यकता वाले लोगों के लिए एक केंद्र मोहम्मद दुर्रा बाल रोग अस्पताल, एक मस्जिद और कई आवासीय भवनों को भारी नुकसान पहुंचा है। इसे कई मीडिया संस्थानों ने शनिवार को प्रकाशित किया है।

इज़रायल के इन हमलों ने गाजा के कुछ हिस्सों में बिजली और पानी की आपूर्ति को भी बाधित कर दिया क्योंकि कुछ मिसाइलों ने जलापूर्ति पाइपों और ओवरहेड इलेक्ट्रिसिटी कैबल्स पर निशाना लगाया। इससे गाजा के सैकड़ों लोग सर्द सर्दियों के मौसम में बिजली या पानी की आपूर्ति के बिना रहने को मजबूर हो गए।

गाजा के सूत्रों ने रिपोर्ट किया कि जमीन पर इज़रायली सेना द्वारा किए गए इन हमलों ने मध्य गाजा में अल बूरिज शरणार्थी शिविर, दीर अल-बलाह क्षेत्र और गाजा शहर के पूर्व अल-तुफा को निशाना बनाया। इस हवाई हमले में छह साल की एक बच्ची और एक युवक को कांच और छर्रे लग गए और उन्हें इलाज के लिए गाजा शहर के शिफा अस्पताल ले जाया गया। स्थानीय अधिकारियों के अनुसार इस हवाई हमले के चलते आग भी लग गई।

गाजा व हमास पर शासन करने वाले फिलिस्तीनी समूह ने इन हवाई हमलों को "बर्बर" बताया। इजरायली सेना ने एक बयान में दावा किया कि उसके हवाई हमले ने रॉकेट निर्माण स्थल, एक सैन्य पोस्ट और हमास से जुड़े अन्य भूमिगत बुनियादी ढांचे को निशाना बनाया। हालांकि, इन हवाई हमलों ने जिन क्षेत्रों को निशाना बनाया उसकी तस्वीरें स्पष्ट रूप से यह दिखाती हैं कि इन मिसाइलों ने घनी आबादी वाले आवासीय क्षेत्रों में हमला किया और नागरिकों की इमारतों को नुकसान पहुंचाया। इजरायल की सेना ने पहले भी कहा था कि उसके लोहे के गुंबद वाली मिसाइल रोधी वायु रक्षा प्रणाली ने गाजा से इजरायल की ओर दागे गए दो रॉकेटों को गिरा दिया था। हालांकि, रॉकेट से लगी आग के चलते किसी के घायल या हताहत होने की बात सामने नहीं आई है।

इज़रायली ये हवाई हमले उस समय किए गए जब घिरे गाजा पट्टी का क्षेत्र पहले से ही कोरोनोवायरस महामारी के चलते गंभीर संकट से गुजर रहा है क्योंकि पिछले 1-2 हफ्तों में संक्रमण की संख्या तेजी से बढ़ी है और गाजा में स्वास्थ्य सेवा प्रणाली इस प्रकोप से निपटने और इसे नियंत्रण में लाने में खुद को अक्षम पा रही है। चिकित्सा अधिकारियों को गाजा के 12 साल लंबे इजरायली वायु, समुद्र और भूमि नाकेबंदी के कारण अन्य कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। इसके परिणामस्वरूप 2.1 मिलियन से अधिक की आबादी वाले गाजा में कई बुनियादी और आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति और वितरण पर गंभीर प्रतिबंध लगा दिया गया। इस प्रतिबंध में महत्वपूर्ण चिकित्सा आपूर्ति शामिल है जो विशेष रूप से तब और महत्वपूर्ण हो गई है जब महामारी का ख़तरा जारी है।

Gaza
Israel
Palestine
COVID-19

Related Stories

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

महामारी के दौर में बंपर कमाई करती रहीं फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

विश्व खाद्य संकट: कारण, इसके नतीजे और समाधान

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

कोविड मौतों पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट पर मोदी सरकार का रवैया चिंताजनक

महंगाई की मार मजदूरी कर पेट भरने वालों पर सबसे ज्यादा 

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

जनवादी साहित्य-संस्कृति सम्मेलन: वंचित तबकों की मुक्ति के लिए एक सांस्कृतिक हस्तक्षेप


बाकी खबरें

  • iran
    शिरीष खरे
    ईरान के नए जनसंख्या क़ानून पर क्यों हो रहा है विवाद, कैसे महिला अधिकारों को करेगा प्रभावित?
    21 Feb 2022
    ईरान का नया जनसंख्या कानून अपनी एक आधुनिक समस्या के कारण सुर्खियों में है, जिसके खिलाफ अब ईरान ही नहीं, बल्कि दुनिया भर के कुछ मानवाधिकार संगठन आवाज उठा रहे हैं।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 16,051 नए मामले, 206 मरीज़ों की मौत
    21 Feb 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.47 फ़ीसदी यानी 2 लाख 2 हज़ार 131 हो गयी है।
  • education
    निवेदिता सरकार, अनुनीता मित्रा
    शिक्षा बजट: डिजिटल डिवाइड से शिक्षा तक पहुँच, उसकी गुणवत्ता दूभर
    21 Feb 2022
    बहुत सारी योजनाएं हैं, लेकिन शिक्षा क्षेत्र के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता उसकी खुद की विरोधाभासी नीतियों और वित्तीय सहायता की कमी से बुरी तरह प्रभावित हैं।
  • Modi
    सुबोध वर्मा
    यूपी चुनाव : कैसे यूपी की 'डबल इंजन’ सरकार ने केंद्रीय योजनाओं को पटरी से उतारा 
    21 Feb 2022
    महामारी के वर्षों में भी, योगी आदित्यनाथ की सरकार प्रमुख केंद्रीय योजनाओं को पूरी तरह से लागू नहीं कर पाई। 
  • ayodhya
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    अयोध्या में कम्युनिस्ट... अरे, क्या कह रहे हैं भाईसाहब!
    21 Feb 2022
    यह बात किसी सामान्य व्यक्ति को भी हैरान कर सकती है कि भारतीय दक्षिणपंथ के तूफ़ान का एपीसेंटर बन चुके अयोध्या में वामपंथी कहां से आ गए ? लेकिन यह सच है…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License