NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका ने इज़रायल को क़ब्ज़े वाले वेस्ट बैंक के हिस्सों के संयोजन को हरी झंडी दी
इजरायल में नेतन्याहू सरकार ने अंतरराष्ट्रीय कानून और जिनेवा सम्मेलनों का उल्लंघन करते हुए 1 जुलाई को या उससे पहले इज़रायल में वेस्ट बैंक और जॉर्डन घाटी में अवैध यहूदी बस्तियों को जोड़ने की योजना बनाई है।
पीपल्स डिस्पैच
14 May 2020
pd 2

 अमेरिकी विदेश मंत्री, माइक पॉम्पियो ने बुधवार, 13 मई, 2020 को वेस्ट बैंक के कब्जे वाले फिलिस्तीनी क्षेत्र में अवैध यहूदी बस्तियों के साथ-साथ रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण क्षेत्र घाटी में इजरायल की प्रस्तावित इजरायली योजनाओं के लिए अमेरिकी समर्थन व्यक्त करने के लिए इजरायल का दौरा किया। यह एक ऐसा अधिनियम जो अंतर्राष्ट्रीय क़ानून उल्लंघन होगा और जिनेवा सम्मेलनों के तहत एक युद्ध अपराध भी माना जाएगा।

फ़िलिस्तीन को और अधिक उपनिवेशी बनाने की इज़रायली योजना को अमेरिका का एकतरफ़ा और बिना शर्त का यह समर्थन इसलिए भी हैरान करने वाला है क्योंकि यह नकबा डे के एक दिन पहले आया है। पॉम्पियो ने अपनी यात्रा के दौरान तटस्थ रहने का नाटक भी नहीं किया। यात्रा के दौरान वह किसी भी प्लास्टिनियाई नेताओं से नहीं मिले

पोम्पेओ ने संवाददाताओं को दिए एक बयान में कहा कि एनेक्सीकरण का क़दम पूरी तरह से इज़रायली सरकार के ऊपर है और अमेरिका इज़रायली मामलों में हस्तक्षेप करने या उन्हें बताने के लिए नहीं जा रहा है कि क्या करना है। फिर भी, उन्होंने कहा कि अमेरिकी प्रशासन को उम्मीद है कि एनाउंसमेंट अमेरिका-मिडिल ईस्ट शांति योजना के अनुसार होगा, जिसे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा प्रस्तावित किया गया है, जिसे 'डील ऑफ द सेंचुरी' के रूप में भी जाना जाता है। ट्रंप की कब्जे को वैध बनाने की एकपक्षीय योजना को फ़िलिस्तीनियों ने अस्वीकार कर दिया है। अधिकांश अंतरराष्ट्रीय समुदायों ने भी इसे ख़ारिज कर दिया है।

हाल के दिनों में यह मुद्दा फिर से उभरा है क्योंकि प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और इजरायल के पूर्व सेना प्रमुख बेनी गेंट्ज़ की नई गठबंधन सरकार ने एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं जिसमें जुलाई तक संबंधित क्षेत्रों को जोड़ने के लिए कानून पेश करने का प्रस्ताव शामिल है।

फिलिस्तीन में नेतन्याहू की विस्तारवादी नीतियों के लिए ट्रंप प्रशासन का समर्थन, गोलान हाइट्स पर अपनी संप्रभुता की मान्यता, तेल अवीव से यरुशलम अमेरिकी दूतावास का शिफ़्ट और इज़रायली बस्तियों को दो मान्यता, यह सब 1967 के भीतर दो राज्य समाधानों की लंबे समय से चली आ रही अमेरिकी नीति के ख़िलाफ़ है।

 

US
Israel
West Bank

Related Stories

90 दिनों के युद्ध के बाद का क्या हैं यूक्रेन के हालात

हिंद-प्रशांत क्षेत्र में आईपीईएफ़ पर दूसरे देशों को साथ लाना कठिन कार्य होगा

यूक्रेन युद्ध से पैदा हुई खाद्य असुरक्षा से बढ़ रही वार्ता की ज़रूरत

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

यूक्रेन में संघर्ष के चलते यूरोप में राजनीतिक अर्थव्यवस्था पर प्रभाव 

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

छात्रों के ऋण को रद्द करना नस्लीय न्याय की दरकार है

अमेरिका ने रूस के ख़िलाफ़ इज़राइल को किया तैनात

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया


बाकी खबरें

  • सबरंग इंडिया
    फादर स्टेन स्वामी की हिरासत में मौत 'हमेशा के लिए दाग': संयुक्त राष्ट्र समूह
    21 Mar 2022
    संयुक्त राष्ट्र वर्किंग ग्रुप ने मनमानी हिरासत पर भारत सरकार से उन परिस्थितियों की प्रभावी जांच करने को कहा जिनके कारण फादर स्टेन स्वामी की मृत्यु हुई थी
  • hafte ki baat
    न्यूज़क्लिक टीम
    कांग्रेस का असल संकट और 'आप' के भगत अम्बेडकर
    20 Mar 2022
    कांग्रेस का असल संकट क्या है? 18 और 23 असंतुष्ट नेताओं के ग्रुप वैचारिक दबाव-समूह हैं या चुनावी राजनीति में अपने-अपने स्वार्थ के अखाड़ेबाज? पंजाब में अपनी शानदार चुनावी सफलता के बाद आम आदमी पार्टी(आप…
  • itihas ke panne
    न्यूज़क्लिक टीम
    क्या लाभार्थी थे भाजपा की जीत की वज़ह?
    20 Mar 2022
    'इतिहास के पन्ने मेरी नज़र से' के इस अंग में नीलांजन बात करते हैं समाजशास्त्री हिलाल अहमद से. वे बात करते हैं देश के बदलते चरित्र की.
  • Kanwal Bharti
    राज वाल्मीकि
    भेदभाव का सवाल व्यक्ति की पढ़ाई-लिखाई, धन और पद से नहीं बल्कि जाति से जुड़ा है : कंवल भारती 
    20 Mar 2022
    आपने 2022 में दलित साहित्य के समक्ष चुनौतियों की बात पूछी है, तो मैं कहूँगा कि यह चुनौती अब ज्यादा बड़ी है। हालांकि स्थापना का संघर्ष अब नहीं है, परन्तु विकास और दिशा की चुनौती अभी भी है।
  • Aap
    अनिल जैन
    ख़बरों के आगे-पीछे: राष्ट्रीय पार्टी के दर्ज़े के पास पहुँची आप पार्टी से लेकर मोदी की ‘भगवा टोपी’ तक
    20 Mar 2022
    हर हफ़्ते की ज़रूरी ख़बरों को एक पिटारे में एक बार फिर लेकर हाज़िर हैं अनिल जैन
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License