NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
एशिया के बाकी
अफ़ग़ानिस्तान में शांति वार्ता को लेकर अनिश्चितता बरक़रार
अफ़ग़ान शांति प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के तरीक़ो पर चर्चा करने के लिए पाकिस्तान में तालिबान के वार्ताकारों के पहुंचने से कुछ घंटे पहले ही सात नागरिकों ने अफ़ग़ानिस्तान में अपनी जान गंवा दी है।
पीपल्स डिस्पैच
24 Aug 2020
अफ़ग़ानिस्तान

मुल्ला अब्दुल गनी बरादर के नेतृत्व में तालिबान वार्ता टीम का एक उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल अफगानिस्तान शांति प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की तरीक़ों पर चर्चा करने के लिए 24 अगस्त को पाकिस्तान पहुंचा। रविवार को पूर्वी अफ़ग़ानिस्तान में सड़क किनारे एक वाहन पर बम विस्फोट के बाद तीन महिलाओं और सात बच्चों सहित सात लोगों की जान चली गई। टोलो न्यूज के अनुसार ये घटना गजनी प्रांत में हुई जब सभी लोग एक वाहन में जा रहे थे।

किसी भी विद्रोही समूह ने अब तक इस घटना की ज़िम्मेदारी नहीं ली है।

प्रस्तावित इंट्रा-अफ़ग़ान शांति वार्ता बार-बार विलंब होने से प्रभावित होती गई है। हालिया फैसले में इसे 20 अगस्त को शुरू किया जाना था। इस बीच, अफ़ग़ान नागरिकों को हिंसा का ख़ामियाजा भुगतना पड़ रहा है। तालिबान के प्रमुख मौलवी हिबतुल्लाह ने 24 अगस्त को स्वीकार किया कि 20 सदस्यीय टीम को चुना गया जिसे आगामी इंट्रा-अफ़ग़ान वार्ता में पूर्ण निर्णय लेने का अधिकार होगा।

स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, पूर्वी पाक प्रांत के गवर्नर हलीम फेदाई भी लोगार प्रांत में एक गंभीर हमले के शिकार हुए हैं। हालांकि, वे इस हथियारबंद हमले से बचने में सफल रहे हैं।

संयुक्त राष्ट्र की एक रिपोर्ट के अनुसार, अफ़ग़ानिस्तान में संघर्ष ने देश भर में महिलाओं और विशेष रूप से बच्चों पर प्रतिकूल प्रभाव डाला है। सशस्त्र संघर्ष का प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष प्रभाव देश में नागरिकों के रोज़मर्रा के कामकाज को प्रभावित करता है। अफ़ग़ानिस्तान इंडिपेंडेंट ह्यूमन राइट्स कमिशन के अनुसार, साल 2020 के पहले छह महीने में देश में हिंसा की कम से कम 880 घटनाओं में कुल 1,213 नागरिकों ने अपनी जान गंवाई, जबकि 1,744 अन्य लोग घायल हुए।

फरवरी महीने में दोहा में यूएस-तालिबान शांति समझौते के बाद से पिछले एक साल में कई युद्धविराम की घोषणाओं के बावजूद तालिबान और अफ़ग़ान सरकार के बीच कोई सीधी बातचीत नहीं हुई है। हाल ही में, एक साक्षात्कार में अमेरिका के रक्षा सचिव मार्क एस्पर ने कहा कि अफ़ग़ानिस्तान में मौजूद अमेरिकी सैनिकों की संख्या नवंबर 2020 के अंत तक घटकर 5,000 तक हो जाएगी।

Afghanistan
afghanistan peace talks
afghanistan taliban peace talks
TALIBAN
taliban in afghanistan

Related Stories

भोजन की भारी क़िल्लत का सामना कर रहे दो करोड़ अफ़ग़ानी : आईपीसी

तालिबान को सत्ता संभाले 200 से ज़्यादा दिन लेकिन लड़कियों को नहीं मिल पा रही शिक्षा

रूस पर बाइडेन के युद्ध की एशियाई दोष रेखाएं

काबुल में आगे बढ़ने को लेकर चीन की कूटनीति

तालिबान के आने के बाद अफ़ग़ान सिनेमा का भविष्य क्या है?

अफ़ग़ानिस्तान हो या यूक्रेन, युद्ध से क्या हासिल है अमेरिका को

बाइडेन का पहला साल : क्या कुछ बुनियादी अंतर आया?

सीमांत गांधी की पुण्यतिथि पर विशेष: सभी रूढ़िवादिता को तोड़ती उनकी दिलेरी की याद में 

पाकिस्तान-तालिबान संबंधों में खटास

अफ़ग़ानिस्तान में सिविल सोसाइटी और अधिकार समूहों ने प्रोफ़ेसर फ़ैज़ुल्ला जलाल की रिहाई की मांग की


बाकी खबरें

  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    बोलडोज़र पर सुप्रीम कोर्ट की रोक! कानून और संविधान के साथ बीजेपी का खिलवाड़!
    21 Apr 2022
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस एपिसोड में अभिसार बुलडोज़र राजनीति और भाजपा के वायदों के बारे में बात कर रहे हैं।
  • सी. सरतचंद
    कोविड-19 का वैश्विक दुष्प्रभाव और रूस पर आर्थिक युद्ध 
    21 Apr 2022
    विकासशील देशों को घनिष्ठ रूप से आपस में सहयोग करना होगा, महामारी के आर्थिक एवं सार्वजनिक दुष्परिणामों का मुकाबला करना होगा और रूस पर लगाए गए आर्थिक युद्ध के नतीजों से मिलकर निपटना होगा।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट को लेकर छात्रों में असमंजस, शासन-प्रशासन से लगा रहे हैं गुहार
    21 Apr 2022
    इस नई प्रक्रिया के एक ओर जहां अलग-अलग बोर्ड से पढ़ाई करने वाले छात्रों को मिलने वाले एक समान अवसर के रूप में देखा जा रहा है, तो वहीं दूसरी ओर परीक्षा के महज़ तीन महीने पहले मिले इस सूचना और दिल्ली…
  • पीपल्स डिस्पैच
    ब्रिटेन की कोर्ट ने जूलियन असांज के अमेरिका प्रत्यर्पण की अनुमति दी
    21 Apr 2022
    लंदन स्थित वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट कोर्ट ने जूलियन असांज के अमेरिका प्रत्यर्पण का आदेश देने वाले फ़ैसले पर मुहर लगा दी है। अब अंतिम फ़ैसला गृह सचिव प्रीति पटेल लेंगी, जो सत्ताधारी कंज़र्वेटिव पार्टी…
  • सत्यम श्रीवास्तव
    दिल्ली में बुलडोज़र गवर्नेंस या डबल इंजन सरकार का आगाज़?
    21 Apr 2022
    कोई भी सरकार संविधान के दायरे में रहते हुए इन कार्रवाईयों को उचित नहीं ठहरा सकती क्योंकि ये कार्रवाईयां कानून सम्मत नहीं हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License