NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
उत्तर प्रदेश सरकार 15 अप्रैल से खरीदेगी गेहूं
एक सरकारी बयान में बताया गया है कि कि क्रय केन्द्रों पर अनावश्यक भीड़ न हो इसके लिए ऑनलाइन टोकन की व्यवस्था की गयी है। किसानों को केन्द्र प्रभारी से सम्पर्क कर अपना कृषक पंजीकरण नंबर बताना होगा जिसपर केन्द्र प्रभारी द्वारा एक सप्ताह के अन्दर टोकन जारी होने की सूचना किसान के मोबाइल नंबर पर भेजी जायेगी।
भाषा
13 Apr 2020
उत्तर प्रदेश सरकार

लखनऊ: उत्तर प्रदेश सरकार ने सोमवार को कहा कि देशव्यापी लॉकडाउन में किसानों को कोई असुविधा न हो, इसके लिये प्रदेश सरकार निरन्तर ध्यान दे रही है और 15 अप्रैल से 5500 खरीद केंद्रों के माध्यम से गेहूं खरीद का काम शुरू करेगी।

एक सरकारी बयान में कहा गया कि प्रदेश के कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने बताया कि गेहूं की कटाई तेजी से हो रही है। कटाई के बाद गेहूं की खरीद के लिए प्रदेश सरकार ने तैयारियां पूरी कर ली हैं। किसानों को गेहूं खरीद के सम्बन्ध में बिल्कुल भी चिंता करने की आवश्यकता नहीं है।

प्रमुख सचिव, खाद्य एवं रसद तथा कृषि, कृषि विपणन एवं विदेश व्यापार, देवेश चतुर्वेदी ने विस्तृत जानकारी देते हुये बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा आगामी 15 अप्रैल से 5500 खरीद केंद्रों के माध्यम से न्यूनतम समर्थन मूल्य 1925 रुपए प्रति कुंतल पर गेहूं की खरीद की जायेगी।

उन्होंने बताया कि प्रदेश में गेहूं खरीद का लक्ष्य 55 लाख टन रखा गया है। क्रय केन्द्रों पर अनावश्यक भीड़ न हो इसके लिए ऑनलाइन टोकन की व्यवस्था की गयी है। गेहूं बिक्री के लिये इच्छुक किसानों को केन्द्र प्रभारी से सम्पर्क कर अपना कृषक पंजीकरण नंबर बताकर अनुरोध करना होगा। इस पर केन्द्र प्रभारी द्वारा एक सप्ताह के अन्दर टोकन जारी होने की सूचना सम्बन्धित किसान के मोबाइल नंबर पर भेजी जायेगी।

चतुर्वेदी ने बताया कि किसानों की सुविधा के दृष्टिगत उन्हें अपना आधार कार्ड ले जाने पर पूर्व से पंजीकृत न होने की दशा में क्रय केन्द्र प्रभारी द्वारा मौके पर ही उसके फोटो पहचान पत्र, बैंक पासबुक तथा खतौनी की प्रति के आधार पर उसका पंजीकरण किया जायेगा।

Coronavirus
Lockdown
Yogi Adityanath
yogi sarkar

Related Stories

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

उत्तर प्रदेश: "सरकार हमें नियुक्ति दे या मुक्ति दे"  इच्छामृत्यु की माँग करते हजारों बेरोजगार युवा

यूपी में  पुरानी पेंशन बहाली व अन्य मांगों को लेकर राज्य कर्मचारियों का प्रदर्शन

UPSI भर्ती: 15-15 लाख में दरोगा बनने की स्कीम का ऐसे हो गया पर्दाफ़ाश

क्या वाकई 'यूपी पुलिस दबिश देने नहीं, बल्कि दबंगई दिखाने जाती है'?

कोरोना अपडेट: देश में आज फिर कोरोना के मामलों में क़रीब 27 फीसदी की बढ़ोतरी

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के घटते मामलों के बीच बढ़ रहा ओमिक्रॉन के सब स्ट्रेन BA.4, BA.5 का ख़तरा 

यूपी: बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था के बीच करोड़ों की दवाएं बेकार, कौन है ज़िम्मेदार?

उत्तर प्रदेश राज्यसभा चुनाव का समीकरण

कोरोना अपडेट: देश में फिर से हो रही कोरोना के मामले बढ़ोतरी 


बाकी खबरें

  • AZAMGARH POLICE
    विजय विनीत
    ग्राउंड रिपोर्टः आज़मगढ़ में दलित चिकित्सक को गिरफ़्तार करने के लिए ख़ाकी ने फिर गढ़ी फ़र्ज़ी कहानी!
    12 Oct 2021
    आज़मगढ़ में ज़ुल्म-ज़्यादती का पहाड़ तोड़ने के लिए बदनाम रही पुलिस ने डॉ. शिवकुमार को फकत इस बात पर गिरफ्तार किया कि दलित होकर उन्होंने करणी सेना के कृत्यों पर प्रतिक्रिया स्वरूप टिप्पणी कैसे कर दी।…
  • Lakhimpur Kheri
    न्यूज़क्लिक टीम
    लखीमपुर:आशीष मिश्रा की गिरफ़्तारी के बाद मंत्री अजय मिश्रा के इस्तीफ़े के लिए भाजपा पर दबाव
    12 Oct 2021
    लखीमपुर घटना, जिसमें 04 किसानों, 01 पत्रकार समेत 08 लोगों की मौत हो गई, के मुख्य अभियुक्त आशीष मिश्रा के जेल जाने के बाद अब विपक्ष उसके पिता गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा के इस्तीफ़े की माँग कर रहा है।
  • A World Without Hunger
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    भुखमरी रहित दुनिया
    12 Oct 2021
    लोग भूखे इसलिए नहीं हैं क्योंकि लोगों की संख्या अधिक है या भोजन की कमी है बल्कि इसलिए हैं क्योंकि दुनिया भर में जीवनयापन के लिए जितने पैसे की जरूरत होती है उतना पैसा कई लोगों के पास नहीं है।
  • chile
    तान्या वाधवा
    चिली के आगामी राष्ट्रपति चुनाव में कौन-कौन हैं प्रमुख उम्मीदवार?
    12 Oct 2021
    21 नवंबर को चिली में होने वाले आम चुनावों से पहले हम इस देश में मौजूद विभिन्न मुद्दों को संबोधित करने के लिए प्रमुख राष्ट्रपति पद के उम्मीदवारों, और उनकी ओर से किये गए जा रहे प्रस्तावों पर नज़र डालते…
  • Nobel Peace Prize
    एम.ओबैद
    'अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता' के पुरज़ोर समर्थक दो पत्रकारों को 'नोबेल शांति पुरस्कार'
    12 Oct 2021
    सत्ता और विरोधियों से टकराने के चलते पिछले कुछ वर्षों में कई बड़े पत्रकारों ने अपनी जानें गंवाई हैं। इस बीच विश्व के दो पत्रकारों को मिला नोबेल शांति पुरस्कार उन पत्रकारों की आवाज़ को और शक्ति देगा…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License