NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
उत्पीड़न
भारत
राजनीति
उत्तराखंड : नाबालिग लड़की के उत्पीड़न मामले में सिविल जज बर्खास्त
आधिकारिक सूत्रों ने यहां बुधवार को बताया कि हरिद्वार की सिविल जज (सीनियर डिवीजन) दीपाली शर्मा को सेवा से बर्खास्त किए जाने संबंधी आदेश अतिरिक्त मुख्य सचिव राधा रतूडी ने इस संबंध में राज्यपाल से अनुमति मिलने के बाद जारी कर दिए।
भाषा
28 Oct 2020
जज
प्रतीकात्मक तस्वीर

देहरादून: उत्तराखंड में एक सिविल जज को घर में घरेलू कामकाज के लिए रखी एक नाबालिग लड़की का वर्षों तक कथित तौर पर उत्पीड़न करने पर सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है।

आधिकारिक सूत्रों ने यहां बुधवार को बताया कि हरिद्वार की सिविल जज (सीनियर डिवीजन) दीपाली शर्मा को सेवा से बर्खास्त किए जाने संबंधी आदेश अतिरिक्त मुख्य सचिव राधा रतूडी ने इस संबंध में राज्यपाल से अनुमति मिलने के बाद जारी कर दिए।

शर्मा के हरिद्वार स्थित आवास में लड़की ने 2015 से लेकर 2018 तक घरेलू कामकाज किया था। इस मामले में जज फरवरी, 2018 से निलंबित चल रही थीं।

उत्तराखंड उच्च न्यायालय के इस संबंध में दिए गये आदेश के अनुपालन में पुलिस ने जनवरी, 2018 में जज के हरिद्वार स्थित घर में छापा मारा था जहां से उसे 13 वर्षीय लड़की मिली थी। बरामदगी के दौरान लड़की के शरीर पर चोटों के कई निशान पाए गये थे।

इसके बाद पुलिस ने शर्मा के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया जिसके एक महीने बाद उन्हें निलंबित कर दिया गया।

हरिद्वार के जिला जज राजेंद्र सिंह द्वारा शर्मा के घर में लड़की के कथित उत्पीड़न के संबंध में रिपोर्ट दिए जाने के बाद इस मामले में उच्च न्यायालय ने दखल दिया था।

शर्मा की बर्खास्तगी इस संबंध में उत्तराखंड उच्च न्यायालय की पूर्ण पीठ द्वारा पारित प्रस्ताव और राज्य सरकार की सिफारिश के आधार पर हुई है।

Uttrakhand
Minor girl case
sexual harassment
Civil judge dismissed

Related Stories

बिहार: 8 साल की मासूम के साथ बलात्कार और हत्या, फिर उठे ‘सुशासन’ पर सवाल

मध्य प्रदेश : मर्दों के झुंड ने खुलेआम आदिवासी लड़कियों के साथ की बदतमीज़ी, क़ानून व्यवस्था पर फिर उठे सवाल

जेएनयू में छात्रा से छेड़छाड़, छात्र संगठनों ने निकाला विरोध मार्च

यूपी: मुज़फ़्फ़रनगर में स्कूली छात्राओं के यौन शोषण के लिए कौन ज़िम्मेदार है?

यूपी: ललितपुर बलात्कार मामले में कई गिरफ्तार, लेकिन कानून व्यवस्था पर सवाल अब भी बरकरार!

यूपी: आज़मगढ़ में पीड़ित महिला ने आत्महत्या नहीं की, सिस्टम की लापरवाही ने उसकी जान ले ली!

क्या सेना की प्रतिष्ठा बचाने के लिए पीड़िताओं की आवाज़ दबा दी जाती है?

यूपी: सिस्टम के हाथों लाचार, एक और पीड़िता की गई जान!

जमशेदपुर : बच्चों के यौन उत्पीड़न के आरोपी आश्रय गृह के निदेशक, वार्डन सहित चार लोग मध्य प्रदेश से गिरफ्तार

मस्जिद में नाबालिग से बलात्कार, सुरक्षा के असल मुद्दे को सांप्रदायिकता का ऐंगल देने की कोशिश!


बाकी खबरें

  • cartoon
    भाषा
    अवैध रेत खनन मामला: ईडी ने पंजाब में कई स्थानों पर की छापेमारी
    18 Jan 2022
    संघीय एजेंसी के अधिकारी चंडीगढ़ तथा मोहाली में कम से कम 10 से 12 स्थानों पर छापेमारी कर रहे हैं और धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है।
  • covid
    भाषा
    देश में 230 दिन में कोविड-19 के सर्वाधिक उपचाराधीन मरीज
    18 Jan 2022
    केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि देश में सोमवार से ‘ओमीक्रोन’ स्वरूप के मामलों में 8.31 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है।
  • covid
    डी रघुनंदन
    कोविड पर नियंत्रण के हालिया कदम कितने वैज्ञानिक हैं?
    18 Jan 2022
    सरकार के निर्णयों के पीछे संदिग्ध किस्म की मॉडलिंग का प्रयोग था, जिन्हें शीर्षस्थ सरकारी अधिकारियों व विज्ञान प्रशासकों का अनुमोदन हासिल था। इन प्रयोगों के आधार पर असंभव किस्म के पूर्वानुमान पेश किए…
  • Oxfam International report
    सत्यम श्रीवास्तव
    अमीरों के लिए आपदा में अवसर बनी कोरोना महामारी – ऑक्स्फ़ाम इन्टरनेशनल की रिपोर्ट
    18 Jan 2022
    दुनिया में मौजूद आर्थिक, सामाजिक, लैंगिक और नस्लीय असमानता हिंसक समाज ही रचेगी 
  • MGKVP
    कौशल चौधरी, गोविंद शर्मा
    यूपी चुनाव : छात्र संगठनों का आरोप, कॉलेज यूनियन चुनाव में देरी के पीछे योगी सरकार का 'दबाव'
    18 Jan 2022
    वाराणसी के महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ में छात्र संघ चुनाव कई बार स्थगित किए जा चुके हैं, जिसकी वजह से विरोध प्रदर्शन हुए हैं। छात्रों का आरोप है कि उन्हें नज़रबंद किया जा रहा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License