NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
वेनज़ुएला ने टेलीकॉम कंपनियों पर हुए आतंकी हमलों की निंदा की
सरकारी टेलीकॉम कंपनियों CANTV और Movilnet पर हुआ हमला वैसा ही है जैसा हमला पिछले साल विद्युत ग्रिड पर हुआ था। वेनज़ुएला ने आरोप लगाया है कि हमले अमेरिका के संरक्षण वाले विपक्षी दलों ने किए हैं, जो लोकतांत्रिक रूप से चुने गए राष्ट्रपति निकोलस मादुरो का तख़्तापलट करना चाहते हैं।
पीपल्स डिस्पैच
10 Feb 2020
Venezuela

वेनेजुएला के उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज़ ने 8 फरवरी, शनिवार की शाम उत्तरी राज्य कैराबो में सरकारी दूरसंचार कंपनियों के ख़िलाफ़ हुए आतंकवादी हमले की निंदा की। इस हमले ने CANTV और उसके सहयोगी Movilnet के गोदाम में आग लग गई है। यह कंपनी वेनेज़ुएला की राष्ट्रीय टेलीफ़ोन कंपनी हैं। रिपोर्टों के अनुसार, कुछ रणनीतिक टेलीकॉम उपकरण आग में नष्ट हो गए हैं।

डेल्सी रोड्रिग्ज़ ने अपने एक ट्वीट में कहा, "राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने तत्काल प्रभाव से आरोपियों को पकड़ने और इस अपरिहार्य सामग्री को वापस भेजने के आदेश दिये हैं।" वेनज़ुएला सरकार से अनुसार यह हमले अमेरिका के संरक्षण वाले विपक्षी दलों ने किए हैं, जो लोकतांत्रिक रूप से चुने गए राष्ट्रपति निकोलस मादुरो का तख़्तापलट करना चाहते हैं।

पिछले साल मार्च से लेकर जुलाई तक वेनज़ुएला में इलेक्ट्रिसिटी ग्रिड पर हमले हुए थे जिसके वजह से वेनज़ुएला के कई शहरों में 3 महीने तक बिजली नहीं आई थी, आरोप लगाया था कि यह दक्षिणपंथी समुदायों ने किए थे। वेनज़ुएला की सरकार ने कोलंबिया में इवान ड्यूक की दक्षिणपंथी सरकार को दोषी ठहराया है, जिन्होंने पड़ोसी देश से पैरामिलिट्री ताक़तों को वेनज़ुएला में हमला करने की अनुमति दी थी।

वेनज़ुएला इन हमलों को "हाइब्रिड जंग" का हिस्सा बता रही है, जो अमेरिका द्वारा शुरू की गई है और जिसका मक़सद अर्थव्यवस्था को नष्ट करके देश को तहस-नहस करने का है।

दिसंबर 2019 में, वेनेज़ुएला की सरकार ने एक आतंकवादी ऑपरेशन को असफल कर दिया था, जिसका उद्देश्य सुक्रेर राज्य में ग्रान मारक्रिक सूकर मुख्यालय और बोलिवेरियन नेशनल गार्ड के ज़ोनल कमांड नंबर 53 पर हमला करना था। ख़बरों के मुताबिक़, यह योजना कथित तौर पर दक्षिणपंथी पार्टी 'वोलंटैड पॉपुलर’ के सदस्यों लियोपोल्डो लोपेज़ और जुआन गुएडो के नेतृत्व में आयोजित की गई थी।

अमेरिका समर्थित गुआडो, जिन्होंने ख़ुद को वेनेजुएला का अंतरिम राष्ट्रपति घोषित किया था, ने निकोलस मादुरो की लोकतांत्रिक रूप से चुनी गई सरकार के ख़िलाफ़ तख़्तापलट करने का कई बार प्रयास किया है।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

Venezuela
CANTV
Movilne
Delcy Rodríguez
Nicolás Maduro
Venezuelan Government
Terrorist Operation

Related Stories

वेनेज़ुएला ने ह्यूगो शावेज़ के ख़िलाफ़ असफल तख़्तापलट की 20वीं वर्षगांठ मनाई

ज़ेलेंस्की ने बाइडेन के रूस पर युद्ध को बकवास बताया

अमेरिकी सरकार के साथ बैठक के बाद मादुरो का विपक्ष के साथ बातचीत फिर से शुरू करने का ऐलान

बाइडेन का पहला साल : क्या कुछ बुनियादी अंतर आया?

पेरू और सेंट लूसिया ने वेनेज़ुएला-विरोधी लीमा समूह से हटने की घोषणा की

वेनेज़ुएला में विश्व के नेता साम्राज्यवाद-विरोधी, नवउदारवाद-विरोधी संघर्षों के लिए एकजुट

ALBA-TCP ने कोविड-19 टीकों की ख़रीद में वेनेज़ुएला की वित्तीय रोक की निंदा की

अर्जेंटीना लीमा ग्रुप से हटा और वेनेज़ुएला पर लगाए गए प्रतिबंधों की निंदा की

ब्राज़ील में ‘गुलाबी लहर’ की वापसी 

वेनेजुएला, क्यूबा और निकारागुआ के ख़िलाफ़ अमेरिकी प्रतिबंधों को समाप्त करने की मांग लैटिन अमेरिका में बढ़ी


बाकी खबरें

  • पश्चिम बंगाल : लॉकडाउन में कमाई नहीं, हौज़री कर्मचारी कर रहे ज़िंदा रहने के लिए संघर्ष
    संदीप चक्रवर्ती
    पश्चिम बंगाल : लॉकडाउन में कमाई नहीं, हौज़री कर्मचारी कर रहे ज़िंदा रहने के लिए संघर्ष
    22 Jun 2021
    केंद्र और राज्य सरकार के निर्देशों के बावजूद उत्पादक लॉकडाउन के दौरान कर्मचारियों को वेतन नहीं दे रहे हैं, इसकी वजह से कई कर्मचारी अब जीवनयापन कर लिए फल और सब्ज़ियां बेचने को मजबूर हो गए हैं।
  • अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन को बोलते हुए सुनते अमेरिकी सुरक्षा सलाहकार जैक सुलिवन। बाइडेन रूस के राष्ट्रपति व्लादीमिर पुतिन के साथ 16 जून 2021 को स्विटजरलैंड के जिनेवा में शिखर सम्मेलन के बाद मीडिया से मुखातिब हुए।
    एम. के. भद्रकुमार
    बाइडेन-पुतिन शिखर सम्मेलन का होहल्ला  ख़त्म
    22 Jun 2021
    अमेरिकी-रूस के बीच जब भी संबंध की बात आती है तो एक ठहराव का लौट आना अवश्यम्भावी हो जाता है। इसके कुछ आरंभिक संकेत पहले से मौजूद हैं। अफगानिस्तान और म्यांमार को लेकर बाइडेन को रूस से कुछ मदद मिलने की…
  • तस्वीर में जयप्रकाश नारायण (बाएं), महात्मा गांधी (मध्य में), विनोबा भावे (दाएं)। इन तीनों नेताओं ने हमेशा कश्मीर में प्यार और सद्भाव के साथ हस्तक्षेप की वकालत की।
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    “मज़हब और सियासत से हल नहीं होगा कश्मीर का मसला”
    22 Jun 2021
    पिछले सात सालों और विशेषकर दो सालों में कश्मीर के मसले पर शेष भारत में कश्मीर विजय का जो आख्यान चलाया गया वह गहरी सियासत के साथ बदले की भावना से प्रेरित था।  
  • इज़रायली सेटलर्स व सुरक्षा बलों ने फिर शेख़ जर्राह पर हमला किया
    पीपल्स डिस्पैच
    इज़रायली सेटलर्स व सुरक्षा बलों ने फिर शेख़ जर्राह पर हमला किया
    22 Jun 2021
    इज़रायल की हिंसा के परिणामस्वरूप कम से कम 20 फिलिस्तीनियों को चोटें आईं, जिसमें इज़रायली सुरक्षा बलों ने उन पर बदबुदार पानी, काली मिर्च स्प्रे, आंसू गैस के साथ-साथ रबर कोटेड मेटल की गोलियों से हमला…
  • कोविड-19 : शीर्ष वैज्ञानिकों ने बताया कैसे भारत तीसरी लहर से निपट सकता है
    संदीपन तालुकदार
    कोविड-19 : शीर्ष वैज्ञानिकों ने बताया कैसे भारत तीसरी लहर से निपट सकता है
    22 Jun 2021
    विशेषज्ञों का कहना है कि भविष्य में बड़े स्तर पर महामारी के फैलाव को रोकने के लिए भारत को कोरोना जांच, आइसोलेशन और जीनोम सीक्वेंसिंग में तेज़ी लानी होगी। इसके अलावा टीकाकरण और स्वास्थ्य सुविधाओं के…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License