NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
लखीमपुर खीरी हिंसा के आरोपी के आत्मसमर्पण पर पीड़ित परिवार ने खुशी जताई
उच्चतम न्यायालय से जमानत रद्द होने के बाद आशीष मिश्रा ने रविवार को लखीमपुर में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चिंताराम की अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया।
भाषा
25 Apr 2022
ashish mishra
Image courtesy : The Indian Express

बहराइच (उप्र): उच्चतम न्यायालय द्वारा लखीमपुर खीरी हिंसा के आरोपी केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र "टेनी" के पुत्र आशीष मिश्रा की जमानत रद्द किए जाने और उसके बाद आशीष के आत्मसमर्पण करने पर हिंसा में मारे गये किसान के परिजन ने खुशी जताई है।

उच्चतम न्यायालय से जमानत रद्द होने के बाद आशीष मिश्रा ने रविवार को लखीमपुर में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट चिंताराम की अदालत में आत्मसमर्पण कर दिया।

हिंसा में मारे गये बहराइच के मोहरनिया निवासी किसान गुरविंदर सिंह "ज्ञानी जी" के पिता सुखविंदर सिंह ने सोमवार को ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, "अदालत का आदेश सुनकर लगा कि देश में कानून का राज है, अराजक तत्वों का नहीं। उच्चतम न्यायालय से जमानत निरस्त होने से हमारा ईश्वर और न्यायपालिका के प्रति विश्वास बढ़ा है।"

सुखविंदर के बड़े भाई सुखदेव सिंह ने कहा, "मुख्य आरोपी होने के बावजूद मंत्री पुत्र का रिहा होकर घूमना किसानों के मुंह पर थप्पड़ सरीखा था। अदालत के इस फैसले हम सभी खुश हैं।"

उल्लेखनीय है कि उच्चतम न्यायालय ने लखीमपुर खीरी हिंसा मामले में मिश्रा को इलाहाबाद उच्च न्यायालय द्वारा दी गई जमानत 18 अप्रैल को रद्द कर दी थी और उसे एक सप्ताह के भीतर आत्मसमर्पण करने को कहा था।

न्यायालय ने कहा कि पीड़ितों को जांच से लेकर आपराधिक मुकदमे की समाप्ति तक कार्यवाही में हिस्सा लेने का ‘निर्बाध’ अधिकार है।

पिछले वर्ष तीन अक्टूबर को लखीमपुर खीरी के तिकुनिया में हुई हिंसा में चार किसान और एक पत्रकार सहित कुल आठ लोग मारे गए थे। यह हिंसा तब हुई थी जब किसान उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के इलाके के दौरे का विरोध कर रहे थे।

उत्तर प्रदेश पुलिस की प्राथमिकी के अनुसार, एक वाहन जिसमें आशीष मिश्रा बैठा था, उसने चार किसानों को कुचल दिया था। घटना के बाद गुस्साए किसानों ने वाहन चालक और दो भाजपा कार्यकर्ताओं को कथित तौर पर पीट-पीट कर मार डाला था।

इस दौरान हुई हिंसा में एक पत्रकार की भी मौत हो गई थी। केंद्र के अब निरस्त किए जा चुके कृषि सुधार कानूनों के खिलाफ आंदोलन कर रहे विपक्षी दलों और किसान समूहों में इस घटना को लेकर काफी आक्रोश था।  

LakhimpurKheri
Ashish Mishra
Ajay Mishra Teni

Related Stories

लखीमपुर खीरी हत्याकांड: आशीष मिश्रा के साथियों की ज़मानत ख़ारिज, मंत्री टेनी के आचरण पर कोर्ट की तीखी टिप्पणी

प्रभात हत्याकांड: बढ़ सकती हैं अजय मिश्र टेनी की मुश्किलें

लखीमपुर मामला : आशीष मिश्रा को ज़मानत देने के इलाहाबाद हाईकोर्ट के फ़ैसले को उच्चतम न्यायालय ने किया खारिज

लखीमपुर खीरी कांड में एक और अहम गवाह पर हमले की खबर  

लखीमपुर खीरी कांड: मंत्री पुत्र आशीष की ज़मानत को चुनौती देने वाली याचिका पर हुई सुनवाई, अदालत ने फैसला सुरक्षित रखा

सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त समिति ने आशीष मिश्रा को दी गई जमानत रद्द करने की सिफारिश की

लखीमपुर हिंसा:आशीष मिश्रा की जमानत रद्द करने के लिए एसआईटी की रिपोर्ट पर न्यायालय ने उप्र सरकार से मांगा जवाब

यूपी चुनाव चौथा चरण: लखीमपुर हिंसा और गोवंश से फ़सलों की तबाही जैसे मुद्दे प्रमुख

लखीमपुर कांड: मुख्य आरोपी और केंद्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा को मिली ज़मानत

लखीमपुर घटना में मारे गए किसान के बेटे ने टेनी के ख़िलाफ़ लोकसभा चुनाव लड़ने का इरादा जताया


बाकी खबरें

  • इतवार की कविता: ...मैं यूपी का चेहरा हूं
    न्यूज़क्लिक डेस्क
    इतवार की कविता: ...मैं यूपी का चेहरा हूं
    18 Jul 2021
    विधानसभा चुनाव सर पर हैं और यूपी यानी उत्तर प्रदेश को लेकर सरकार के बहुत दावे हैं, बखान है, लेकिन असलियत क्या है? यूपी का बाशिंदा अपने राज्य को लेकर क्या सोचता है, क्या देखता है! कवि-पत्रकार मुकुल…
  • यादें हमारा पीछा नहीं छोड़तीं... छोड़ना भी नहीं चाहिए
    अजय सिंह
    यादें हमारा पीछा नहीं छोड़तीं... छोड़ना भी नहीं चाहिए
    18 Jul 2021
    जन-विरोधी सत्ताएं हमेशा भूल जाओ-भूल जाओ का राग अलापती रहती हैं।
  • अपने बच्चों के साथ पति की तस्वीर लिए बबीता। दिल्ली की वाल्मीकि बस्ती की बबीता ने कोविड की दूसरी लहर में अपने पति को खो दिया।
    राज वाल्मीकि
    महामारी और अनदेखी से सफ़ाई कर्मचारियों पर दोहरी मार
    18 Jul 2021
    आज आवश्यकता इस बात की है कि सरकार सफाई कर्मचारियों का सर्वे कर अलग से डेटा इकठ्ठा करे। जो माता-पिता अपने युवा और कमाऊ संतान को खो चुके हैं या जो बच्चे अपने माता-पिता को खो चुके हैं, उनके भरण-पोषण और…
  • तिरछी नज़र: महंगाई ने देशभक्त बनाया
    डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: महंगाई ने देशभक्त बनाया
    18 Jul 2021
    मोदी काल और कोरोना काल के अद्भुत संयोग और ग्रहों और नक्षत्रों की विशेष कालदशा के कारण वही चीज देशभक्ति बन चुकी है और उसका विरोध देशद्रोह। वह चीज है महंगाई। यह महंगाई मोदी जी का देशवासियों को नायाब…
  • यूपी में प्रियंका, मोदी से मिले पवार, पंजाब का पेंच और दानिश की शहादत
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी में प्रियंका, मोदी से मिले पवार, पंजाब का पेंच और दानिश की शहादत
    17 Jul 2021
    मोदी और योगी सरकार की विफलताएं पहाड़ जैसी होती जा रही हैं. पर विपक्ष के बड़े दल के रूप में कांग्रेस कोई वैकल्पिक मंच खड़ा करने में पूरी तरह विफल दिख रही है.
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License