NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अकबर के बयान पर अमेरिकी पत्रकार का पलटवार
पल्लवी ने अकबर पर निशाना साधते हुए कहा, "एक ऐसा रिश्ता जो ख़ौफ़ पैदा कर सत्ता का गलत इस्तेमाल कर बनाया जाए तो वह सहमति से बना रिश्ता नहीं होता है।"
आईएएनएस
03 Nov 2018
M J AKBAR एम जे अकबर
Image Courtesy: ndtv

पूर्व केंद्रीय मंत्री एम.जे. अकबर पर दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली अमेरिकी पत्रकार ने शनिवार को अकबर के उस बयान की आलोचना की, जिसमें उन्होंने कहा था कि दोनों के बीच 'सहमति से संबंध' बने थे।

अमेरिका में 'नेशनल पब्लिक रेडियो' की चीफ बिजनेस एडिटर पल्लवी गोगोई ने शुक्रवार को 'वाशिंगटन पोस्ट' में एक आलेख में बताया था कि किस तरह से अकबर ने उनके साथ कथित तौर पर दुष्कर्म किया। उस समय अकबर 'द एशियन एज' अखबार के संपादक थे। पल्लवी ने अकबर के साथ काम करने और प्रताड़ित होने की अपनी पूरी कहानी विस्तार से लिखी है। 

अकबर ने शुक्रवार को कहा कि दोनों के बीच 'सहमति से संबंध' बने थे। यहां तक कि अकबर की पत्नी ने गोगोई पर झूठ बोलने का आरोप लगाया है। 

गोगोई ने अकबर के बयान को खारिज करते हुए ट्वीट कर कहा "मेरे साथ गलत हरकत करने और अन्य युवा महिलाओं को अपना शिकार बनाने की जिम्मेदारी लेने के बजाय अकबर कह रहे हैं कि संबंध सहमति से बने थे। ऐसा नहीं था।"

पल्लवी ने अकबर पर निशाना साधते हुए कहा, "एक ऐसा रिश्ता जो ख़ौफ़ पैदा कर सत्ता का गलत इस्तेमाल कर बनाया जाए तो वह सहमति से बना रिश्ता नहीं होता है।"

गोगोई ने कहा, "मैंने जो बातें अपने लेख में कही हैं, मैं उस पर कायम हूं। मैं सच बोलना जारी रखूंगी ताकि उनके द्वारा सताई गई अन्य महिलाओं को भी यह एहसास हो सके कि आगे आकर सच्चाई बताना ठीक है।" 

लगभग दर्जनभर महिला पत्रकारों ने अकबर पर यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया है, जिसके बाद अकबर ने विदेश राज्यमंत्री के पद से 17 अक्टूबर को इस्तीफा दे दिया था।

अकबर पर सबसे पहले आरोप लगाने वाली पत्रकार प्रिया रमानी के खिलाफ पूर्व मंत्री ने आपराधिक मानहानि का मुकदमा दायर किया है। 

M J AKBAR
#MeToo Movement
sexual harassment
sexual harassment at workplace
woman journalist

Related Stories

मध्य प्रदेश : मर्दों के झुंड ने खुलेआम आदिवासी लड़कियों के साथ की बदतमीज़ी, क़ानून व्यवस्था पर फिर उठे सवाल

जेएनयू में छात्रा से छेड़छाड़, छात्र संगठनों ने निकाला विरोध मार्च

जेएनयू: ICC का नया फ़रमान पीड़ितों पर ही दोष मढ़ने जैसा क्यों लगता है?

यौन शोषण के आरोप में गोवा के मंत्री मिलिंद नाइक का इस्तीफ़ा

निर्भया कांड के नौ साल : कितनी बदली देश में महिला सुरक्षा की तस्वीर?

यूपी: मुज़फ़्फ़रनगर में स्कूली छात्राओं के यौन शोषण के लिए कौन ज़िम्मेदार है?

विनोद दुआ: निंदा या प्रशंसा से अलग समग्र आलोचना की ज़रूरत

यूपी: ललितपुर बलात्कार मामले में कई गिरफ्तार, लेकिन कानून व्यवस्था पर सवाल अब भी बरकरार!

यूपी: आज़मगढ़ में पीड़ित महिला ने आत्महत्या नहीं की, सिस्टम की लापरवाही ने उसकी जान ले ली!

केरल में वाममोर्चे की ऐतिहासिक जीत से विपक्ष में अफरा-तफरी


बाकी खबरें

  • iran
    शिरीष खरे
    ईरान के नए जनसंख्या क़ानून पर क्यों हो रहा है विवाद, कैसे महिला अधिकारों को करेगा प्रभावित?
    21 Feb 2022
    ईरान का नया जनसंख्या कानून अपनी एक आधुनिक समस्या के कारण सुर्खियों में है, जिसके खिलाफ अब ईरान ही नहीं, बल्कि दुनिया भर के कुछ मानवाधिकार संगठन आवाज उठा रहे हैं।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 16,051 नए मामले, 206 मरीज़ों की मौत
    21 Feb 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.47 फ़ीसदी यानी 2 लाख 2 हज़ार 131 हो गयी है।
  • education
    निवेदिता सरकार, अनुनीता मित्रा
    शिक्षा बजट: डिजिटल डिवाइड से शिक्षा तक पहुँच, उसकी गुणवत्ता दूभर
    21 Feb 2022
    बहुत सारी योजनाएं हैं, लेकिन शिक्षा क्षेत्र के विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता उसकी खुद की विरोधाभासी नीतियों और वित्तीय सहायता की कमी से बुरी तरह प्रभावित हैं।
  • Modi
    सुबोध वर्मा
    यूपी चुनाव : कैसे यूपी की 'डबल इंजन’ सरकार ने केंद्रीय योजनाओं को पटरी से उतारा 
    21 Feb 2022
    महामारी के वर्षों में भी, योगी आदित्यनाथ की सरकार प्रमुख केंद्रीय योजनाओं को पूरी तरह से लागू नहीं कर पाई। 
  • ayodhya
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    अयोध्या में कम्युनिस्ट... अरे, क्या कह रहे हैं भाईसाहब!
    21 Feb 2022
    यह बात किसी सामान्य व्यक्ति को भी हैरान कर सकती है कि भारतीय दक्षिणपंथ के तूफ़ान का एपीसेंटर बन चुके अयोध्या में वामपंथी कहां से आ गए ? लेकिन यह सच है…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License