NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
"अमेरिका तनाव बढ़ा रहा है, हम संयम बरत रहे हैं" : ज़रीफ़
ईरान के विदेश मंत्री ने अमेरिका पर तनाव बढ़ाने का आरोप लगाया और कहा कि ईरान के साथ हुए परमाणु समझौते से अमेरिका के ख़ुद को अलग कर लेने के बावजूद ईरान अत्याधिक संयम बरत रहा है।
भाषा
16 May 2019
अमेरिका तनाव बढ़ा रहा है, हम संयम बरत रहे हैं: ज़रीफ़

जापानी अधिकारियों के साथ बैठक करने टोक्यो पहुँचे ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने कहा, ‘‘अमेरिका तनाव बढ़ा रहा है, जो अस्वीकार्य है।’’

उन्होंने परमाणु समझौते का ज़िक्र करते हुए कहा, ‘‘हम अत्यधिक संयम बरत रहे हैं, इस तथ्य के बावजूद की अमेरिका पिछले साल मई में जेसीपीओए से बाहर हो गया था। जेसीपीओए को ‘ज्वाइंट कॉम्प्रिहेंसिव प्लान ऑफ़ एक्शन’ ने नाम से जाना जाता है।’’ 

ज़रीफ़ ने कहा कि ईरान समझौते को ले कर प्रतिबद्ध है और लगातार हो रहे आंकलन यह दिखाते हैं कि ईरान बहुपक्षीय समझौते का पालन कर रहा है। 

दरअसल अमेरिका ने पिछले साल ख़ुद को परमाणु समझौते से अलग कर लिया था जिसके बाद दोनों देशों के बीच रिश्ते तनावपूर्ण हो गए थे लेकिन हाल के समय में ईरान पर लगातार बढ़ते अमेरिकी दबाव से दोनों देशों के रिश्तों में तनाव चरम पर है।
ग़ौरतलब है कि इस महीने की शुरुआत में ट्रंप के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार जॉन बोल्टन ने खाड़ी में यूएसएस अब्राहम लिंकन एयरक्राफ़्ट कैरियर स्ट्राइक ग्रुप तथा बी-52 बमर फ़ोर्स तैनात करने की घोषणा की थी।  

बुधवार को यानी कल अमेरिका के विदेश मंत्रालय ने सभी ग़ैर-आपात दूतावास कर्मियों को बगदाद में अपना दूतावास और एरबिल में वाणिज्य दूतावास छोड़ने का आदेश दिया था।

IRAN
America
Iran America clashes
aircraft
Nuclear Weapons
JCPOA
Zareef
Iran foreign minister

Related Stories

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

ईरानी नागरिक एक बार फिर सड़कों पर, आम ज़रूरत की वस्तुओं के दामों में अचानक 300% की वृद्धि

असद ने फिर सीरिया के ईरान से रिश्तों की नई शुरुआत की

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

सऊदी अरब के साथ अमेरिका की ज़ोर-ज़बरदस्ती की कूटनीति

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

यमन में ईरान समर्थित हूती विजेता

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?

अमेरिका ने ईरान पर फिर लगाम लगाई

ईरान पर विएना वार्ता गंभीर मोड़ पर 


बाकी खबरें

  • उत्तराखंड, मणिपुर और गोवा : क्या रहे जनता के मुद्दे?
    न्यूज़क्लिक टीम
    उत्तराखंड, मणिपुर और गोवा : क्या रहे जनता के मुद्दे?
    09 Mar 2022
    उत्तराखंड, मणिपुर और गोवा के चुनाव की चर्चा भले ही मीडिया में कम हुई हो, मगर चुनावी नतीजों का बड़ा असर यहाँ की जनता पर पड़ेगा।
  • Newschakra
    न्यूज़क्लिक टीम
    Akhilesh Yadav का बड़ा आरोप ! BJP लोकतंत्र की चोरी कर रही है!
    09 Mar 2022
    न्यूज़चक्र के आज के एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार Abhisar Sharma बात कर रहे हैं चुनाव नतीजे के ठीक पहले Akhilesh Yadav द्वारा की गयी प्रेस कांफ्रेंस की।
  • विजय विनीत
    EVM मामले में वाराणसी के एडीएम नलिनीकांत सिंह सस्पेंड, 300 सपा कार्यकर्ताओं पर भी एफ़आईआर
    09 Mar 2022
    उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की मतगणना से पहले राज्य कई स्थानों पर ईवीएम को लेकर हुए हंगामे के बाद चुनाव आयोग ने वाराणसी के अपर जिलाधिकारी (आपूर्ति) नलिनी कांत सिंह को सस्पेंड कर दिया। इससे पहले बना
  • बिहार विधानसभा में महिला सदस्यों ने आरक्षण देने की मांग की
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    बिहार विधानसभा में महिला सदस्यों ने आरक्षण देने की मांग की
    09 Mar 2022
    मौजूदा 17वीं विधानसभा में महिला विधायकों की संख्या 26 है। 2020 के चुनाव में 243 सीटों पर महज 26 महिलाएं जीतीं यानी सदन में महिलाओं का प्रतिशत महज 9.34 है।
  • सोनिया यादव
    उत्तराखंड : हिमालयन इंस्टीट्यूट के सैकड़ों मेडिकल छात्रों का भविष्य संकट में
    09 Mar 2022
    संस्थान ने एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहे चौथे वर्ष के छात्रों से फ़ाइनल परीक्षा के ठीक पहले लाखों रुपये की फ़ीस जमा करने को कहा है, जिसके चलते इन छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License