NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
बिहार: नीतीश राज फिर हुआ शर्मसार
महिला पिटती रही, चीखती रही और लोग फिर भी उसे नग्न अवस्था दौड़ाते रहे। इसी को लेकर बिहार की वामपंथी पार्टियों ने 28 अगस्त को पूरे बिहार में मानव श्रंखला बना कर विरोध प्रदर्शन करने का फैसला किया है |
मुकुंद झा
25 Aug 2018
bihar

बिहार के भोजपुर ज़िले के बिहिया में मानवता को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई थी | जहाँ एक महिला को घर से खींचकर बहार निकाला गया और उसे निर्वस्त्र करके पीटा गया। इसके बाद उसे नग्न अवस्था में पूरे शहर में घुमाया गया था | जिसने भी ही इस घटना के बारे में सुना उसके रौंगट खड़े हो गए | यहाँ ये प्रश्न उठता है कि अपराधियों के हौसले इतने बुलंद कैसे हो सकते हैं कि दिनदहाड़े इतनी भयावह घटना को अंजाम दें। वहीं दूसरी तरफ पुलिस प्रशासन कुंभकर्णी नींद में सोता रहा |

इस तरह की भयावह घटनाएं हों या फिर सरकारी आश्रय गृह में बालिकाओ के यौनशोषण की घटना। इन सभी मामलों  में  भाजपा,जेडीयू और साथ ही नितीश सुशील मोदी के करीबियों की संलिप्त साफतौर सामने आ रही है | इसी को लेकर बिहार की वामपंथी पार्टियों ने 28 अगस्त को पूरे बिहार में मानव श्रंखला बना कर विरोध प्रदर्शन करने का फैसला लिया है |

यह पूरा मामला बिहिया के रेड लाइट इलाके में एक युवक विमलेश का शव बरामद होने के बाद शुरू हुआ,  जिसको आधार बताकर महिला के साथ मारपीट की गई, परन्तु इस मामले अब एक नया मोड़ आ रहा है | इस पर बात करते हुए ऐपवा की राज्य अध्यक्ष सरोज चौबे ने बतया कि जब वो और उनके साथ एक प्रतिनिधि मंडल वहाँ पहुँचा तो वहाँ के स्थानियों से बात की तो इस कहानी के कुछ अन्य पहलू सामने आये जिसपर उन्होंने एक रिपोर्ट तैयार की | उन्होंने हमे बातचीत के दौरान इस रिपोर्ट के कुछ मुख्य बिंदु बताये |

सरोज ने स्थानीय लोगों से बातचीत के आधार पर ये बतया कि “यह महिला जो कि नट समुदाय से आती है, वहां पर रेड लाइट इलाक़े में वेश्यावृति कर जीवन यापन करती है| लेकिन वहां के स्थानीय लोग इनकी बस्ती में होने वाले इस धंधे से परेशान थे और कोशिश कर रहे थे कि वहां से इसे कहीं और भगाया जाए| वहीं कुछ लोग इस फ़िराक़ में थे कि कुछ भी करके नट लोगों को यहाँ से हटाया जाए फिर उनकी ज़मीन पर स्थानीय लोगो का ही क़ब्ज़ा हो जायेगा | इसी बीच  जब सोमवार को स्थानीय लोगों को एक शव मिला तो वहाँ के लोगो को एक मौका मिला कि वह दोनों काम एक साथ कर सकें | बस्ती भी खाली हो जाए और वो जमीन पर भी कब्जा कर लें ” |
 
आगे सरोज ने कहा कि “हमे वहाँ जांच के दौरान पुलिस की निष्क्रियता के बारे में भी पता चला। मृतक का शव रेलवे ट्रैक के पास कई घंटे पड़ा रहा था और स्थानीय थाना और जीआरपी के लोगों में विवाद चल रहा था कि इसकी ज़िम्मेदारी किसकी है ” |

सीपीएम के राज्य सचिव अवधेश सिंह ने कहा कि 28 अगस्त को मानव श्रंखला में राज्य भर के लोगो शामिल होंगे |उन्होंने कहा कि उन्हें राज्य की अन्य विपक्षी पार्टियों का भी समर्थन मिल रहा है ,जैसा कि पूर्व के बिहार बंद के दौरान मिला था |

आगे सिंह कहते है कि “बिहार में महिलाओं के यौनचार का ये पूरा मामला सरकार के संरक्षण में हो रहा है खुद ये उच्चतम न्यायालय ने भी कहा है और इसलिए जरूरी है की निष्पक्ष जाँच के लिए मुख्यमंत्री नितीश कुमार और उप-मुख्यमंत्री सुशील मोदी इस्तीफा दें” |

यह बिहार में नितीश और भाजपा शासन में कोई पहली घटना नही हैं ,आजकल बलात्कार ,सामूहिक बलात्कार और महिलाओ के साथ हिंसा की घटनाएँ तो बिहार की पहचान बन गई हैं | लेकिन सरकार इन सब मुद्दों पर पूरी तरह से मौन है, इन सब में ये बात और भी अचंभित करती है कि किस तरह नितीश सरकार अपनी ज़िम्मेदारी से पीछे हट रही है और वो बड़े ही बेशर्मी से इस सबका ठीकरा विपक्ष पर फोड़ रही है | अगर उनके इस तर्क को मान भी लिया जाए तब भी इसकी जबाबदेही उन्हीं की है , क्योंकि राज्य में सुरक्षा की ज़िम्मेदारी सीधे –सीधे नितीश जी की है ,जो स्वंय को सुशासन बाबु कहलाना पसंद करते है।  हमें याद रखना होगा कि बिहार के मुख्यमंत्री के साथ ही वो राज्य के गृहमंत्री भी हैं |

भारत की जनवादी महिला समिति की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष रामपरी ने कहा कि “ बिहार में  अपहरण, लूटपाट, छेड़खानी , मार-काट, महिलाओं के साथ दुष्कर्म की घटनाओं में लगातार बढ़ोतरी हो रही है । बिहार में जिस तरह से महिलाओं पर अत्याचारों में बढ़ोतरी हुई है , यह कहा जा सकता है कि ये किसी लोकतान्त्रिक सरकार का नही बल्कि राक्षसों का राज है जो महिलाओ को नोच रहे हैं । पिछले कुछ दिन से इस तरह की घटनाओं में बढ़ोतरी हो रही है जिसके बाद कानून-व्यवस्था पर  सवाल उठने लगे हैं। अपराध के मामले में पूरे बिहार में कोई कमीं नहीं हुई बल्कि ये लगातार बढ़ रहे हैं” |

हम समाज के रूप कहाँ जा रहे है ?

बिहार के भोजपुर में ये जो वीभत्स घटना घटी है | इसने ये तो स्पष्ट कर दिया कि प्रशासन पूरी तरह से विफल है परन्तु इसने मानव सभ्य समाज के होने पर भी सवाल खड़े कर दिये है | एक गंभीर सवाल है कि समाज के रूप हम कहाँ जा रहे हैं ?

हमें ये ध्यान रखना चाहिए कि ये वही बिहार है जहाँ महत्मा गाँधी ने अपने शरीर के वस्त्र इसलिए त्याग दिए थे कि क्योंकि जब वो बिहार गए थे उन्होंने देखा कि  एक महिला की साड़ी तार-तारा थी और उसके पास दूसरी साड़ी नहीं थी। तब गाँधी ने अपनी चादर दे दी जिसके बाद से गाँधी ने कभी भी अपने तन पर चादर नहीं रखी और पूरा जीवन केवल धोती ही पहनी | परन्तु आज उसी बिहार में महिलाओं को अब घर से खींचकर निर्वस्‍त्र किया जाता है, पिटाई कर सरेआम दौड़ाया जाता है। लेकिन कोई भी इसे रोकने का सार्थक प्रयास नहीं करता है वहाँ सैंकड़ों की भिड़ तमाशबीन बनी चुप-चाप देखती रहती है |

इस पूरी घटना को देखें तो यह कह सकते हैं कि इन्सान अब हैवान बन गया है | वो बेचारी बचाने के गुहार लगाती रही लेकिन बदहवास और बेकाबू भीड़ ने उसकी दर्द और आवाज़ को दबा दिया । वो पिटती रही, चीखती रही और लोग उसे नग्न अवस्था  दौड़ाते रहे। उसी भिड़े में से कुछ लोग इसका वीडियो बनाते रहे |जब बाद में इसका पूरा वीडियो सोशल मिडिया पर वायरल हो गया। तब पुलिस ने हवाई फ़ायरिंग कर स्थिति पर नियंत्रण किया, लेकिन तबतक बहुत देर हो चुकी थी।  

जब यह मीडिया में आया तो  हड़कंप मचा, फिर कोर्ट से लेकर मानवाधिकार व महिला आयोगों तक सबने खानापूर्ति करना शुरू कर दिया और सबने नोटिस भेजकर संज्ञान लिया । दूसरी तरफ , दोषी पुलिस अधिकारी व एक सिपाही  बर्खास्त किए गए। मामला दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी जारी है। इन सबके बीच पीडि़त महिला डिप्रेशन में चली गई है। डॉक्टर की और मनो चिकित्सको की एक टीम महिल को सामन्य करने की कोशिश कर रही है |

Bihar
bahiya
women harrasment
sexual harassment
women paraded naked

Related Stories

बिहार: पांच लोगों की हत्या या आत्महत्या? क़र्ज़ में डूबा था परिवार

बिहार : जीएनएम छात्राएं हॉस्टल और पढ़ाई की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन धरने पर

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बिहारः नदी के कटाव के डर से मानसून से पहले ही घर तोड़कर भागने लगे गांव के लोग

मिड डे मिल रसोईया सिर्फ़ 1650 रुपये महीने में काम करने को मजबूर! 

बिहार : दृष्टिबाधित ग़रीब विधवा महिला का भी राशन कार्ड रद्द किया गया

बिहार : नीतीश सरकार के ‘बुलडोज़र राज’ के खिलाफ गरीबों ने खोला मोर्चा!   

बिहार : जन संघर्षों से जुड़े कलाकार राकेश दिवाकर की आकस्मिक मौत से सांस्कृतिक धारा को बड़ा झटका

बिहार पीयूसीएल: ‘मस्जिद के ऊपर भगवा झंडा फहराने के लिए हिंदुत्व की ताकतें ज़िम्मेदार’

बिहार में ज़िला व अनुमंडलीय अस्पतालों में डॉक्टरों की भारी कमी


बाकी खबरें

  • election
    सुबोध वर्मा
    यूपी चुनाव के मिथक और उनकी हक़ीक़त
    14 Mar 2022
    क्या ये कल्याणकारी योजनाएं थीं? या हिंदुत्व था? और बीजेपी ने चुनावों पर कितना पैसा ख़र्च किया?
  • Plural Democracy
    सहबा हुसैन
    दबाये जाने की तमाम कोशिशों के बावजूद भारत का बहुलतावादी लोकतंत्र बचा रहेगा: ज़ोया हसन
    14 Mar 2022
    जानी-मानी राजनीतिक वैज्ञानिक ज़ोया हसन का कहना है कि पिछले कुछ सालों से कई समूहों और सार्वजनिक विरोधों से बड़े पैमाने पर जो प्रतिक्रियायें सामने आयी हैं, वे बहुमत के शासन की कमी और हमारे लोकतंत्र को…
  • covid
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में लगातार कम हो रहा कोरोना, पिछले 24 घंटों में 2,503 नए मामले सामने आए
    14 Mar 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.08 फ़ीसदी यानी 36 हज़ार 168 हो गयी है।
  • election
    न्यूज़क्लिक टीम
    चुनाव : 70 सालों से चल रहे चुनावों में कैसे भाग लिया है जनता ने?
    13 Mar 2022
    हाल ही में 5 राज्यों में #Elections ख़त्म हुए हैं। आखिर कैसे देश में हो रहे हैं चुनाव? क्या है जनता की भागीदारी ? इन्ही सवालों का जवाब ढूंढ रहे हैं नीलांजन और सलिल मिश्रा
  • bjp
    न्यूज़क्लिक टीम
    क्या BJP के अलावा कोई विकल्प नहीं ?
    13 Mar 2022
    Point of View के इस एपिसोड में पत्रकार Neelu Vyas ने experts से पांच राज्यों के चुनाव के बाद की स्थिति के बारे में चर्चा की | क्या BJP के सिवा जनता के पास कोई विकल्प नहीं है? क्या Narendra Modi की…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License