NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
बिहार राजग में सब कुछ ठीक नहीं!
कुशवाहा ने मीडिया को बताया कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतिश कुमार का जनता दल युनाइटेड (जद-यू) रालोसपा को बांटने और उन्हें तबाह करने का प्रयास कर रहा है।
आईएएनएस
17 Nov 2018
upendra kushwaha
Image Courtesy: ndtv

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सहयोगी राष्ट्रीय लोक समता पार्टी (रालोसपा) ने शनिवार को कहा कि बिहार में राजग में सब कुछ ठीक नहीं है और वह अब ज्यादा अपमान बर्दाश्त नहीं करेगी। यहां रालोसपा की राज्य कार्यकारिणी की बैठक से पहले पार्टी के प्रवक्ता माधव आनंद ने कहा, "रालोसपा अब भाजपा द्वारा और अपमान को बर्दाश्त नहीं करेगी।" 

रालोसपा अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री उपेंद्र कुशवाहा के दिल्ली में भाजपा अध्यक्ष अमित शाह से मिलने में विफल रहने के एक दिन बाद पार्टी की बैठक हो रही है। 

प्रवक्ता ने कहा, "कुशवाहा ने कुछ मुद्दों पर चर्चा के लिए दो बार अमित शाह से मिलने का प्रयास किया लेकिन उन्होंने इसके लिए उन्हें समय नहीं दिया।"

राष्ट्रीय राजधानी से लौटने के बाद कुशवाहा ने मीडिया को बताया कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतिश कुमार का जनता दल युनाइटेड (जद-यू) रालोसपा को बांटने और उन्हें तबाह करने का प्रयास कर रहा है।

मंत्री ने कहा, "रालोसपा को बांटने का प्रयास किया जा रहा है क्योंकि नीतीश कुमार मुझे तबाह करने पर तुले हुए हैं।" 

ऐसी संभावना है कि कुशवाहा राजग में बने रहने से संबंधित कोई घोषणा कर सकते हैं।

रालोसपा नेता नागमणि ने कहा, "कुशवाहा द्वारा बड़ा खुलासा होगा और यह भाजपा के लिए बहुत बड़ा झटका होगा।"

राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी), कांग्रेस और हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा (एचएएम) के महागठबंधन को आशा है कि रालोसपा जल्द ही इसमें शामिल होगी।

upendra kushwaha
RLSP
BIHAR POLITICS
NDA Govt
Nitish Kumar

Related Stories

बिहार: पांच लोगों की हत्या या आत्महत्या? क़र्ज़ में डूबा था परिवार

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बिहार : दृष्टिबाधित ग़रीब विधवा महिला का भी राशन कार्ड रद्द किया गया

बिहार : नीतीश सरकार के ‘बुलडोज़र राज’ के खिलाफ गरीबों ने खोला मोर्चा!   

बिहार : सरकारी प्राइमरी स्कूलों के 1.10 करोड़ बच्चों के पास किताबें नहीं

बिहार : गेहूं की धीमी सरकारी ख़रीद से किसान परेशान, कम क़ीमत में बिचौलियों को बेचने पर मजबूर

बिहारः मुज़फ़्फ़रपुर में अब डायरिया से 300 से अधिक बच्चे बीमार, शहर के विभिन्न अस्पतालों में भर्ती

कहीं 'खुल' तो नहीं गया बिहार का डबल इंजन...

बिहार: नीतीश कुमार की पार्टी जदयू ने समान नागरिक संहिता का किया विरोध

बिहार में 1573 करोड़ रुपये का धान घोटाला, जिसके पास मिल नहीं उसे भी दिया धान


बाकी खबरें

  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    यूपी: अयोध्या में चरमराई क़ानून व्यवस्था, कहीं मासूम से बलात्कार तो कहीं युवक की पीट-पीट कर हत्या
    19 Mar 2022
    कुछ दिनों में यूपी की सत्ता पर बीजेपी की योगी सरकार दूसरी बार काबिज़ होगी। ऐसे में बीते कार्यकाल में 'बेहतर कानून व्यवस्था' के नाम पर सबसे ज्यादा नाकामी का आरोप झेल चुकी बीजेपी के लिए इसे लेकर एक बार…
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    ट्रेड यूनियनों की 28-29 मार्च को देशव्यापी हड़ताल, पंजाब, यूपी, बिहार-झारखंड में प्रचार-प्रसार 
    19 Mar 2022
    दो दिवसीय देशव्यापी हड़ताल को सफल बनाने के लिए सभी ट्रेड यूनियन जुट गए हैं। देश भर में इन संगठनों के प्रतिनिधियों की बैठकों का सिलसिला जारी है।
  • रवि कौशल
    पंजाब: शपथ के बाद की वे चुनौतियाँ जिनसे लड़ना नए मुख्यमंत्री के लिए मुश्किल भी और ज़रूरी भी
    19 Mar 2022
    आप के नए मुख्यमंत्री भगवंत मान के सामने बढ़ते क़र्ज़ से लेकर राजस्व-रिसाव को रोकने, रेत खनन माफ़िया पर लगाम कसने और मादक पदार्थो के ख़तरे से निबटने जैसी कई विकट चुनौतियां हैं।
  • संदीपन तालुकदार
    अल्ज़ाइमर बीमारी : कॉग्निटिव डिक्लाइन लाइफ़ एक्सपेक्टेंसी का प्रमुख संकेतक है
    19 Mar 2022
    आम तौर पर अल्ज़ाइमर बीमारी के मरीज़ों की लाइफ़ एक्सपेक्टेंसी 3-12 सालों तक रहती है।
  • पीपल्स डिस्पैच
    स्लोवेनिया : स्वास्थ्य कर्मचारी वेतन वृद्धि और समान अधिकारों के लिए कर रहे संघर्ष
    19 Mar 2022
    16 फ़रवरी को स्लोवेनिया के क़रीब 50,000 स्वास्थ्य कर्मचारी काम करने की ख़राब स्थिति, कम वेतन, पुराने नियम और समझौते के उल्लंघन के ख़िलाफ़ हड़ताल पर चले गए थे।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License