NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अंतरराष्ट्रीय
यूरोप
ब्रिटेन की प्रधानमंत्री टेरेसा मे ने इस्तीफे की घोषणा की
टेरेसा मे ने ब्रेक्सिट मुद्दे पर संसद में बार-बार हार का सामना करने और अपनी पार्टी की ओर से बढ़ते दबाव के बाद इस्तीफे की घोषणा की है।
न्यूजक्लिक रिपोर्ट
24 May 2019
फाइल फोटो

ब्रिटिश प्रधानमंत्री टेरेसा मे ने शुक्रवार को घोषणा की कि वह सात जून को कंजर्वेटिव नेता का पद छोड़ देंगी, इसके साथ ही ब्रिटेन के नए प्रधानमंत्री को लेकर कयासों का दौर भी शुरू हो गया है। 

यूरोपीय संघ से ब्रिटेन के अलग होने के लिये बदली हुई रणनीति को लेकर अपनी योजनाओं पर मंत्रियों का साथ पाने में विफल रहने के बाद उन्होंने यह कदम उठाया है। 

ऐसी उम्मीद है कि 62 वर्षीय मे कार्यवाहक प्रधानमंत्री के तौर पर डाउनिंग स्ट्रीट में रहती रहेंगी और जून की शुरुआत में अमेरिकी राष्ट्रपति के राजकीय दौरे के दौरान पद पर बनी रहेंगी। नए नेता के जुलाई के अंत तक पद संभालने की उम्मीद है।

टेरेसा मे ने ब्रेक्सिट मुद्दे पर संसद में बार-बार हार का सामना करने के बाद और अपनी पार्टी की ओर से बढ़ते दबाव के बाद इस्तीफे की घोषणा की है। उन्होंने सरकार के प्रमुख सचेतक जूलियन स्मिथ से मुलाकात के बाद डाउनिंग स्ट्रीट के बाहर एक भावुक भाषण दिया। 

उन्होंने कहा, 'हमारी राजनीति भले ही तनावपूर्ण रही हो लेकिन इस देश के बारे में काफी कुछ अच्छा है। काफी कुछ गर्व करने लायक है। कई चीजें हैं आशावादी होने के लिये।'

टेरेसा मे ने कहा कि देश की दूसरी महिला प्रधानमंत्री के तौर पर काम करना मेरे लिये निश्चित रूप से जिंदगी भर के लिये एक सम्मान है लेकिन निश्चित रूप से यह आखिरी नहीं है।

उन्होंने जब कहा कि जिस देश से आप प्यार करते हैं वहां के लोगों की सेवा करना एक सम्मान की बात है, तो उनका गला भर आया। 

भावुक टेरेसा मे ने कहा, 'मेरा मानना है कि सफलता के खिलाफ बाधाओं के अधिक होने पर भी दृढ़ रहना सही था। लेकिन मेरे लिए अब यह स्पष्ट है कि देश के हित में नए प्रधानमंत्री का प्रयास को बढ़ाना उचित होगा।'

उन्होंने कहा, 'इसलिए मैं आज घोषणा कर रही हूं कि मैं सात जून को 'कंजर्वेटिव एंड यूनियनिस्ट पार्टी' के नेता के रूप में इस्तीफा दे दूंगी, ताकि एक उत्तराधिकारी चुना जा सके, मैं सहमत हूं .. कि एक नए नेता के चुनाव की प्रक्रिया अगले सप्ताह शुरू हो जानी चाहिए।'

मे ने कहा, 'ब्रेक्सिट में कामयाब न हो पाने का हमेशा मुझे गहरा खेद रहेगा।'

टेरेसा मे का ब्रेकिस्ट सौदा हाउस ऑफ कॉमन्स में तीन बार खारिज हो गया। टेरेसा मे ने डेविड कैमरन से सत्ता की कमान ली थी जिन्होंने जून 2016 में ब्रेक्सिट जनमतसंग्रह आने के बाद इस्तीफा दे दिया था। 

(समाचार एजेंसी भाषा और आईएएनएस के इनपुट के साथ)

British Prime Minister Theresa May
Theresa May
Brexit
EU
UK
United kingdom

Related Stories

रूसी तेल आयात पर प्रतिबंध लगाने के समझौते पर पहुंचा यूरोपीय संघ

90 दिनों के युद्ध के बाद का क्या हैं यूक्रेन के हालात

यूक्रेन में संघर्ष के चलते यूरोप में राजनीतिक अर्थव्यवस्था पर प्रभाव 

मैक्रों की जीत ‘जोशीली’ नहीं रही, क्योंकि धुर-दक्षिणपंथियों ने की थी मज़बूत मोर्चाबंदी

ब्रिटेन की कोर्ट ने जूलियन असांज के अमेरिका प्रत्यर्पण की अनुमति दी

बुका हमले के बावजूद रशिया-यूक्रेन के बीच समझौते जारी

यमन के लिए यूएन का सहायता सम्मेलन अकाल और मौतों की चेतावनियों के बीच अपर्याप्त साबित हुआ

यूक्रेन में विपक्षी राजनीतिक दलों पर प्रतिबंध और 'एकीकृत सूचना नीति' लागू की गई

यूक्रेन संकट : वतन वापसी की जद्दोजहद करते छात्र की आपबीती

लखनऊ में नागरिक प्रदर्शन: रूस युद्ध रोके और नेटो-अमेरिका अपनी दख़लअंदाज़ी बंद करें


बाकी खबरें

  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    महंगाई पर देखिये: कैसे "सीएम मोदी" ने "पीएम मोदी" की पोल खोली !
    15 Apr 2022
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के आज के एपिसोड में अभिसार शर्मा तुलना करेंगे नरेंद्र मोदी के मुख्यमंत्री कार्यकाल में महंगाई क मुद्दे पर कैसे केंद्रीय सरकार पर सवाल उठाते थे, औऱ आज प्रधानमंत्री होने पर…
  • अनिल अंशुमन
    बिहार: 6 दलित बच्चियों के ज़हर खाने का मुद्दा ऐपवा ने उठाया, अंबेडकर जयंती पर राज्यव्यापी विरोध दिवस मनाया
    15 Apr 2022
    संगठन ने रफीगंज में 6 दालित बच्चियों के ज़हर खाने के मामले में पीड़ित परिजनों को पूरा इंसाफ दिलाने के संघर्ष को और भी व्यापक बनाने तथा असली मुजरिमों को सज़ा दिलाने का संकल्प लिया।
  • अखिलेश अखिल
    लोकतंत्र के सवाल: जनता के कितने नज़दीक हैं हमारे सांसद और विधायक?
    15 Apr 2022
    देश की आबादी लगातार बढ़ती गई लेकिन आबादी के मुताबिक संसद और विधान सभाओं की सीटें नहीं बढ़ीं। इसका असर ये हुआ कि ऐसा तंत्र बन गया है जिसमें चुनाव तो होते हैं लेकिन नेताओं की जनता से दूरी बढ़ती जाती है।
  • रवि शंकर दुबे
    नफ़रत के बीच इप्टा के ‘’ढाई आखर प्रेम के’’
    15 Apr 2022
    देश में एक-दूसरे के प्रति फैलाई जा रही नफ़रत को इप्टा ने कला के माध्यम से मिटाने की मुहिम चलाई है। इप्टा की ‘’ढाई आखर प्रेम की यात्रा’’ में लोगों को खासकर युवाओं को जागरूक किया जा रहा है।  
  • अनिल जैन
    पड़ताल: मध्य प्रदेश में सांप्रदायिक दंगों के जरिए चुनावी तैयारी में जुटी है भाजपा
    15 Apr 2022
    मालवा निमाड़ के इलाके में जो घटनाएं घटी हैं, वे आकस्मिक नहीं हैं। जिस पैटर्न पर देश के विभिन्न हिस्सों में पिछले एक पखवाड़े से सांप्रदायिक टकराव का माहौल बनाया जा रहा था, वैसा ही सब कुछ इस इलाके में भी…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License