NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
बुंदेलखंड : रात भर चला किसानों का 'जल सत्याग्रह'
अवैध खनन और किसानों की फसल चौपट किए जाने के विरोध में केन नदी की जलधारा में किसानों का 'जल सत्याग्रह' पुलिस के पहरे में पूरी रात चलता रहा।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
02 Nov 2018
किसानों का जल सत्याग्रह

बांदा जिले की कोलावल रायपुर बालू खदान के खिलाफ केन नदी की जलधारा में गुरुवार सुबह शुरू हुआ किसानों का 'जल सत्याग्रह' पूरी रात चलता रहा। हालांकि देर शाम अपर जिलाधिकारी ने कथित तौर पर आंदोलन स्थगित होने की सूचना मीडिया को दी थी। जल सत्याग्रह की अगुआई कर रहे सामाजिक संगठन विद्याधाम समिति के मुखिया राजाभईया सिंह ने शुक्रवार को बताया, "कोलावल रायपुर बालू खदान में अवैध खनन और किसानों की फसल चौपट किए जाने के विरोध में केन नदी की जलधारा में किसानों का 'जल सत्याग्रह' पुलिस के पहरे में पूरी रात चलता रहा। अपर जिलाधिकारी (वित्त/राजस्व) और अन्य अधिकारियों के साथ किसानों की सुलह वार्ता देर शाम बेनतीजा रही।" 

उन्होंने बताया कि किसान लिखित रूप से कार्रवाई का आश्वासन चाहते थे, जबकि अधिकारी मौखिक आश्वासन के जरिए आंदोलन स्थगित कराने पर अडिग थे। 

राजाभईया सिंह ने बताया, "अधिकारी और किसानों के बीच बात नहीं बनी थी। इसी दौरान अपर जिलाधिकारी ने मीडिया को आंदोलन स्थगित होने की झूठी खबर दे दी थी।''

उन्होंने बताया, "जल सत्याग्रह आंदोलन अब भी (दूसरे दिन) केन नदी में चल रहा है। शुक्रवार दोपहर विरोध स्वरूप सैकड़ों किसान केन नदी के आंदोलन स्थल पर ही 'कुकर भोज' (कुत्ता भोज) कराएंगे और इसके बाद केन नदी की सांकेतिक अरथी के साथ आस-पास के गांवों में भ्रमण के बाद भाजपा विधायक राजकरन कबीर के पैतृक आवास (मुरवां गांव) में धरना देकर अर्थी का अंतिम संस्कार किया जाएगा।"

इस पूरे घटनाक्रम में शुक्रवार को अपर जिलाधिकारी (वित्त/राजस्व) संतोष बहादुर सिंह ने कहा, "तीन दिन के भीतर कार्रवाई करने के मौखिक आश्वासन पर किसानों ने अपना जल सत्याग्रह स्थगित कर दिया था, लेकिन कुछ लोगों के बहकावे में आकर देर रात फिर से आंदोलन शुरू किए जाने की सूचना मिली है।"

एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा, "अब किसान जिलाधिकारी से वार्ता करने की इच्छा जता रहे हैं। जिलाधिकारी अभी जिले से बाहर हैं। उनके आने के बाद ही किसी नतीजे पर पहुंचा जा सकता है।"

आपको बता दें कि बांदा में पहले भी किसान अपनी मांगों को लेकर जल सत्याग्रह कर चुके हैं। इसी साल मार्च में बुंदेलखंड किसान यूनियन के नेतृत्व में किसानों ने बड़ा आंदोलन किया था और कई दिन के धरने के बाद जल सत्याग्रह किया था।

जल सत्याग्रह, आंदोलन का एक तरीका है, जिसमें किसान अपनी मांगों को लेकर नदी की जलधारा में खड़े होकर अनशन करते हैं।

(इनपुट आईएएनएस)

JAL SATYAGRAH
BANDA BUNDELKHAND UP
kisan andolan
farmers protest
जल सत्याग्रह

Related Stories

विशेष: कौन लौटाएगा अब्दुल सुब्हान के आठ साल, कौन लौटाएगा वो पहली सी ज़िंदगी

किसानों और सत्ता-प्रतिष्ठान के बीच जंग जारी है

छोटे-मझोले किसानों पर लू की मार, प्रति क्विंटल गेंहू के लिए यूनियनों ने मांगा 500 रुपये बोनस

केवल विरोध करना ही काफ़ी नहीं, हमें निर्माण भी करना होगा: कोर्बिन

लखीमपुर खीरी हत्याकांड: आशीष मिश्रा के साथियों की ज़मानत ख़ारिज, मंत्री टेनी के आचरण पर कोर्ट की तीखी टिप्पणी

युद्ध, खाद्यान्न और औपनिवेशीकरण

राम सेना और बजरंग दल को आतंकी संगठन घोषित करने की किसान संगठनों की मांग

किसान-आंदोलन के पुनर्जीवन की तैयारियां तेज़

MSP पर लड़ने के सिवा किसानों के पास रास्ता ही क्या है?

किसान आंदोलन: मुस्तैदी से करनी होगी अपनी 'जीत' की रक्षा


बाकी खबरें

  • putin
    अब्दुल रहमान
    मिन्स्क समझौते और रूस-यूक्रेन संकट में उनकी भूमिका 
    24 Feb 2022
    अति-राष्ट्रवादियों और रूसोफोब्स के दबाव में, यूक्रेन में एक के बाद एक आने वाली सरकारें डोनबास क्षेत्र में रूसी बोलने वाली बड़ी आबादी की शिकायतों को दूर करने में विफल रही हैं। इसके साथ ही, वह इस…
  • russia ukrain
    अजय कुमार
    यूक्रेन की बर्बादी का कारण रूस नहीं अमेरिका है!
    24 Feb 2022
    तमाम आशंकाओं के बाद रूस ने यूक्रेन पर हमला करते हुए युद्ध की शुरुआत कर दी है। इस युद्ध के लिए कौन ज़िम्मेदार है? कौन से कारण इसके पीछे हैं? आइए इसे समझते हैं। 
  • up elections
    अब्दुल अलीम जाफ़री
    उत्तर प्रदेश चुनाव: ज़मीन का मालिकाना हक़ पाने के लिए जूझ रहे वनटांगिया मतदाता अब भी मुख्यधारा से कोसों दूर
    24 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश में चल रहे विधानसभा चुनाव के छठे चरण का मतदान इस इलाक़े में होना है। ज़मीन के मालिकाना हक़, बेरोज़गारी और महंगाई इस क्षेत्र के कुछ अहम चुनावी मुद्दे हैं।
  • ayodhya
    अरुण कुमार त्रिपाठी
    यूपी चुनाव: अयोध्यावादियों के विरुद्ध फिर खड़े हैं अयोध्यावासी
    24 Feb 2022
    अयोध्या में पांचवे दौर में 27 फरवरी को मतदान होना है। लंबे समय बाद यहां अयोध्यावादी और अयोध्यावासी का विभाजन साफ तौर पर दिख रहा है और धर्म केंद्रित विकास की जगह आजीविका केंद्रित विकास की मांग हो रही…
  • mali
    पवन कुलकर्णी
    माली से फ़्रांसीसी सैनिकों की वापसी साम्राज्यवाद के ख़िलाफ़ ऐतिहासिक जीत है
    24 Feb 2022
    माली से फ़्रांसीसी सैनिकों को हटाने की मांग करने वाले बड़े पैमाने के जन-आंदोलनों का उभार 2020 से जारी है। इन आंदोलनों की पृष्ठभूमि में, माली की संक्रमणकालीन सरकार ने फ़्रांस के खिलाफ़ लगातार विद्रोही…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License