NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
उत्पीड़न
भारत
राजनीति
बॉब डिलन से प्रेरित : "हू किल्ड स्टेन स्वामी?"
कार्यकर्ता-पादरी स्टेन स्वामी की बीमारियों और जेल में कोविड संक्रमित होने के बाद से हुई परेशानियों की वजह से मृत्यु हो गई।
एजाज़ अशरफ़
07 Jul 2021
बॉब डिलन से प्रेरित : "हू किल्ड स्टेन स्वामी?"

21 मार्च 1963 को, तत्कालीन फेदरवेट बॉक्सिंग चैंपियन डेवी मूर ने लॉस एंजेलेस, कैलिफोर्निया में क्यूबा के मुक्केबाज अल्टीमिनियो रामोस ज़कीरा से मैच खेला, जिन्हें शुगर रामोस के नाम से जाना जाता है। 10वें दौर में चोटिल मूर लड़ाई हार गए। कुछ घंटों बाद, युद्ध के बाद इंटरव्यू देने के बाद, मूर बेहोश हो गए। उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्हें अपरिवर्तनीय ब्रेन डैमेज का पता चला। कुछ दिनों बाद मूर की मृत्यु हो गई।

मूर की मौत ने तब के युवा गायक बॉब डिलन को प्रेरित किया और उन्होंने एक गाना लिखा जिसका उनवान था "हू किल्ड डेवी मूर?" यानी डेवी मूर को किसने मारा? इस गाने में उन सब लोगों की ख़ामोशी पर सवाल उठाए गए थे जिनका मूर की दुखद मृत्यु में हाथ था।

आदिवासियों के बीच अपने काम के लिए मशहूर फ़ादर स्टेन स्वामी का 4-5 जुलाई की दरमियानी रात निधन हो गया। उन्हें 1 जनवरी 2018 को ग्रामीण पुणे के भीमा-कोरेगांव में हिंसा भड़काने में उनकी कथित भूमिका के लिए गिरफ़्तार किया गया था और ग़ैरक़ानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया था। अपनी गिरफ़्तारी के समय, स्वामी पार्किंसन सहित कई बीमारियों से पीड़ित थे। राष्ट्रीय जांच एजेंसी, जो केंद्र सरकार की देखरेख में काम करती है, ने स्वामी की ज़मानत याचिका का विरोध किया। उनकी तबीयत बिगड़ गई। वह जेल में कोविड-19 संक्रमित हुए। उन्हें अस्पतालभी देर से ले जाया गया, जहाँ उनकी मौत हो गई।

जो सवाल डिलन ने मूर के लिए लिखे गाने में उठाए थे, वह स्वामी के संदर्भ में भी पूछे जाने चाहिए। इस लेख में डिलन के गाने से प्रेरित हो कर भारत में स्वामी की मौत के लिए ज़िम्मेदार लोगों से सवाल पूछे गए हैं। (2016 में साहित्य के लिए नोबल जीत चुके बॉब डिलन का मूल गाना यहाँ पढ़ें।) 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से? 

 

“हमने नहीं," दोनों रेफ़री कहते हैं

"हम पर उंगली मत उठाओ

हम स्टेन स्वामी को दे देते ज़मानत

और शायद वो बच जाते

मगर हिन्दुत्व की भीड़ होती ग़ुस्सा

उनकी नफ़रत कैसे लेते हम

बहुत बुरा हुआ कि उनकी मौत हुई

मगर दबाव तो हम पर भी था

हमने उन्हें बीमार नहीं किया,

नहीं, इसमें हमारा कोई दोष नहीं" 

 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से? 

 

हमने नहीं," हिन्दुत्व की भीड़ कहती है

जिनके ट्वीट और पोस्ट करते हैं शोर

"स्टेन की मौत हुई ग़लत हुआ,

हम तो चाहते थे विचारधारा की लड़ाई

हम नहीं चाहते थे कि वह मरे,

हम चाहते थे वह तड़पे, सहे

इसमें तो कुछ ग़लत नहीं है

हमने उन्हें बीमार नहीं किया,

नहीं, इसमें हमारा कोई दोष नहीं" 

 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से? 

 

"मैंने नहीं," कहता है क़ानून का अधिकारी

जो है थोड़ा हैरान और निराश

"बहुत मुश्किल है कुछ भी कह पाना

मैंने तो सोचा था वह हैं ठीक

आदिवासियों और लिबरल तो होंगे दुखी

मगर जब थे वह बीमार, क्यों नहीं किया जुर्म का इकरार

मैंने उन्हें बीमार नहीं किया,

नहीं, इसमें मेरा कोई दोष नहीं" 

 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से? 

 

"मैंने नहीं," कहता है बूढ़ा होता नेता

जो चाहता है हमेशा नेता बने रहना

"मैंने नहीं भेजा उन्हें जेल,

मैंने नहीं लगाया कभी उन्हें हाथ भी

मैंने कोई पाप नहीं किया,

मैंने उन्हें जेल भेजा, ताकि जीत सकूँ मैं

मैंने उन्हें बीमार नहीं किया,

नहीं, इसमें मेरा कोई दोष नहीं" 

 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से? 

 

"मैंने नहीं," कहता है राजनीतिक लेखक

नए कम्प्युटर पर लिखता हुआ अपनी बात

कहता है, "यूएपीए का नहीं है दोष

हर जुर्म में होता है ऐसा ही ख़तरा"

कहता है, "अर्बन नक्सल से करनी ही होगी लड़ाई,

यही है भारत की परंपरा

हमने उन्हें बीमार नहीं किया,

नहीं, इसमें हमारा कोई दोष नहीं" 

 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से? 

 

"मैंने नहीं," कहता है वह मंत्री

जिसके झूठे आरोपों से हुई स्टेन स्वामी को जेल

और ले आया गया उन्हें झारखंड से मुंबई

जैसे ग़रीबों से छीन ली जाती है उनकी ज़मीन

"हाँ मैंने भेजा था उन्हें जेल,

मगर मैं नहीं कर सकता था कुछ और

मन कहो "हत्या", मत कहो "मारना"

यही थी नियति, और यही थी ख़ुदा की मर्ज़ी"

 

स्टेन स्वामी को किसने मारा

क्यों और किस वजह से?

लेखक स्वतंत्र पत्रकार हैं। यह उनके निजी विचार हैं।

इस लेख को मूल अंग्रेज़ी में पढ़ने के लिए नीचे दिये गए लिंक पर क्लिक करें।

Bob Dylan Adapted: Who Killed Stan Swamy?

 

Stan Swamy
NIA
Bhima-Koregaon
Bail Denied
UAPA

Related Stories

‘मैं कोई मूक दर्शक नहीं हूँ’, फ़ादर स्टैन स्वामी लिखित पुस्तक का हुआ लोकार्पण

मेरा हौसला टूटा नहीं है : कार्यकर्ता सुधा भारद्वाज

त्रिपुरा हिंसा: फ़ैक्ट फाइंडिंग टीम के वकीलों पर भी UAPA, छात्रों, वकीलों, सामाजिक कार्यकर्ताओं का त्रिपुरा भवन पर प्रदर्शन

झारखण्ड  : फादर स्टैन स्वामी की हिरासत में हुई मौत के ख़िलाफ़ वाम दलों और सामाजिक जन संगठनों का राजभवन मार्च

स्टेन स्वामी की मौत के ख़िलाफ़ देशभर में उठ रही आवाज़; एल्गार मामले के अन्य आरोपियों ने जेल में भूख हड़ताल की

झारखण्ड : फ़ादर स्टेन स्वामी समेत सभी राजनीतिक बंदियों की जीवन रक्षा के लिए नागरिक अभियान शुरू

नताशा नरवाल को अपने पिता के अंतिम संस्कार के लिए मिली ज़मानत

फादर स्वामी ने एनआईए को "झूठे सबूतों" के बारे में बताया था: सहकर्मी

विश्लेषण: किसान आंदोलन नए चरण में, सरकार की दिशा साफ़, पर निपटने के तरीक़े पर असमंजस

किसान आंदोलन में लोकतंत्र का सवाल अब सबसे महत्वपूर्ण प्रश्न बन गया है


बाकी खबरें

  • पीईएसए के 25 साल: उल्लंघन एवं कमज़ोर करने के प्रयास
    सुमेधा पाल
    पेसा के 25 साल: उल्लंघन एवं कमज़ोर करने के प्रयास
    26 Jun 2021
    इस अधिनियम का मकसद शक्तियों का विकेंद्रीकरण करना और आदिवासी समाज का सशक्तीकरण करना था। पर इसके अस्तित्व में आने के आज 25 वर्ष पूरे होने के बावजूद ये अधिनियम स्पष्ट अक्षमता, संपूर्ण उल्लंघन एवं…
  • नवउदारवाद, किसान आंदोलन और स्वामी सहजानन्द सरस्वती
    अनीश अंकुर
    नवउदारवाद, किसान आंदोलन और स्वामी सहजानन्द सरस्वती
    26 Jun 2021
    स्वामी सहजानन्द सरस्वती के चलाये संघर्षों का ही परिणाम था कि देश में ज़मींदारी उन्मूलन किया गया। किसानों की सहूलियतों के लिए कई क़ानून भी पास किये गए। आज स्वामी सहजानन्द सरस्वती की पुण्यतिथि 26 जून…
  • युसूफ तारीगामी: 'हमें मिला क्या, ये हम भी जानना चाहते हैं'
    न्यूज़क्लिक टीम
    युसूफ तारीगामी: 'हमें मिला क्या, ये हम भी जानना चाहते हैं'
    26 Jun 2021
    24 जून को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जम्मू और कश्मीर के नेताओं से मुलाकात कीI अगस्त 2019 में अनुच्छेद 370 और 35ए हटाए जाने के बाद से यह पहली मुलाकात थीI न्यूज़क्लिक ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी…
  • किसानों का राष्ट्रपति के नाम ‘रोषपत्र’
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    किसानों का राष्ट्रपति के नाम ‘रोषपत्र’
    26 Jun 2021
    “हम भारत के किसान बहुत दुख और रोष के साथ अपने देश के मुखिया को यह चिट्ठी लिख रहे हैं...”
  • तेल का आयात कम करना अमीरों को सब्सिडी और गरीबों पर बोझ लादना है!
    अयसकांत दास 
    तेल का आयात कम करना अमीरों को सब्सिडी और गरीबों पर बोझ लादना है!
    26 Jun 2021
    गरीबों के चावल को निजी स्वामित्व वाली इथेनॉल डिस्टिलरी कंपनी को रियायती दरों पर बेचा जाएगा। उद्योगों को सस्ता कर्ज दिया जाएगा और पर्यावरण मंजूरी से भी दी जाएगी छूट।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License