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भारत
राजनीति
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जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 हटने के बाद सैकड़ों राजनीतिक कार्यकर्ताओं और नेताओं को हिरासत में लिया गया था। पिछले कुछ दिनों से कुछ नेताओं को छोड़ा भी जा रहा है लेकिन रिहाई के लिए हर नेता को एक बॉन्ड पर दस्तखत करना ज़रूरी है।
इरफ़ान का कार्टून
22 Oct 2019
cartoon click

जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 हटने के बाद सैकड़ों राजनीतिक कार्यकर्ताओं और नेताओं को हिरासत में लिया गया था। पिछले कुछ दिनों से कुछ नेताओं को छोड़ा भी जा रहा है लेकिन रिहाई के लिए हर नेता को एक बॉन्ड पर दस्तखत करना ज़रूरी है। बताया जाता है कि इस बॉन्ड में लिखना होगा कि वह एक साल तक 370 हटाने के ख़िलाफ़ कुछ नहीं बोलेंगे। विरोध की राजनीति में शामिल नहीं होंगे। जम्मू-कश्मीर में घटे घटनाक्रम के विरोध में प्रदर्शन नहीं करेंगे। इस बॉन्ड पर दस्तखत करने के बाद ही किसी भी राजनेता या नेता की रिहाई मुमकिन है।

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kashmiri awaam
Article 370
Jammu and Kashmir
freedom of expression
Amit Shah
BJP

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