NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
पूर्व प्रोफेसर साईबाबा की पैरोल की याचिका पर अदालत ने महाराष्ट्र सरकार से मांगा जवाब
याचिका में उन्होंने अपनी दिवंगत मां के अंतिम संस्कार के बाद की रस्मों में शामिल होने के लिए आपात-स्थिति पैरोल देने का अनुरोध किया है।
भाषा
11 Aug 2020
पूर्व प्रोफेसर साईबाबा
फोटो साभार : नवभारत

नागपुर: बंबई उच्च न्यायालय की नागपुर पीठ ने दिल्ली विश्वविद्यालय के पूर्व प्रोफेसर जी एन साईबाबा की ओर से दायर एक याचिका पर महाराष्ट्र सरकार को मंगलवार को नोटिस जारी कर जवाब मांगा।

याचिका में उन्होंने अपनी दिवंगत मां के अंतिम संस्कार के बाद की रस्मों में शामिल होने के लिए आपात-स्थिति पैरोल देने का अनुरोध किया है।

माओवादियों से संबंध रखने के अपराध में नागपुर स्थित केंद्रीय कारागार में उम्रकैद काट रहे साईबाबा की मां का एक अगस्त को निधन हो गया था जबकि उनके वकील दोनों के बीच वीडियो कॉन्फ्रेंस कराने का अनुरोध कर रहे थे।

पिछले हफ्ते, जेल के अधिकारियों ने साईबाबा द्वारा मां के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए दिए गए पैरोल संबंधी आवेदन को खारिज कर दिया था।

इसके बाद उन्होंने अपने वकील मिहीर देसाई के जरिए उच्च न्यायालय का रुख किया और आपात-स्थिति पैरोल पर रिहा किए जाने का अनुरोध किया ताकि वह अपनी मां के अंतिम संस्कार के बाद के रीति-रिवाजों में शामिल हो सकें।

मंगलवार को, विशेष लोक अभियोजक पी के सतियानाथन ने याचिका पर जवाब देने के लिए अदालत से समय मांगा।

न्यायमूर्ति ए एस चंदुरकर और न्यायमूर्ति ए बी बोरकर की खंडपीठ ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर 18 अगस्त तक इसपर जवाब देने का निर्देश दिया।

इससे पहले भी उन्होंने हैदराबाद में अपनी मां से मिलने के लिए जेल अधिकारियों से अनुमति मांगी थी लेकिन उसे खारिज कर दिया गया था।

पूर्व प्राध्यापक (51), जो 90 प्रतिशत तक दिव्यांग हैं और व्हीलचेयर पर हैं, ने उच्च न्यायालय की नागपुर पीठ के समक्ष भी इस आधार पर जमानत याचिका दायर की थी कि उनकी मां बीमार हैं और उनका अपना स्वास्थ्य भी बिगड़ता जा रहा है।

उच्च न्यायालय ने 28 जुलाई को जमानत याचिका खारिज कर दी थी।

मार्च 2017 में, महाराष्ट्र के गढ़चिरौली की सत्र अदालत ने साईबाबा और एक पत्रकार तथा जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) के एक विद्यार्थी समेत चार अन्य को माओवादियों से संपर्क रखने और ‘‘देश के खिलाफ युद्ध छेड़ने” जैसी गतिविधियों में लिप्त होने का दोषी पाया था।

अदालत ने साईबाबा और अन्य को भारतीय दंड संहिता (भादंसं) और गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम कानून (यूएपीए) के प्रावधानों के तहत दोषी ठहराया था।

दोषी करार दिए जाने के बाद से, साईबाबा नागपुर केंद्रीय कारागार में बंद हैं।

Maharastra
maharastra government
Delhi University
Ex-professor Saibaba

Related Stories

दिल्ली: रामजस कॉलेज में हुई हिंसा, SFI ने ABVP पर लगाया मारपीट का आरोप, पुलिसिया कार्रवाई पर भी उठ रहे सवाल

दिल्ली: दलित प्रोफेसर मामले में SC आयोग का आदेश, DU रजिस्ट्रार व दौलत राम के प्राचार्य के ख़िलाफ़ केस दर्ज

डीयूः नियमित प्राचार्य न होने की स्थिति में भर्ती पर रोक; स्टाफ, शिक्षकों में नाराज़गी

ज्ञानवापी पर फेसबुक पर टिप्पणी के मामले में डीयू के एसोसिएट प्रोफेसर रतन लाल को ज़मानत मिली

‘धार्मिक भावनाएं’: असहमति की आवाज़ को दबाने का औज़ार

कभी सिख गुरुओं के लिए औज़ार बनाने वाला सिकलीगर समाज आज अपराधियों का जीवन जीने को मजबूर है

कॉमन यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट को लेकर छात्रों में असमंजस, शासन-प्रशासन से लगा रहे हैं गुहार

यूजीसी का फ़रमान, हमें मंज़ूर नहीं, बोले DU के छात्र, शिक्षक

महाराष्ट्र: फडणवीस के खिलाफ याचिकाएं दाखिल करने वाले वकील के आवास पर ईडी का छापा

नई शिक्षा नीति ‘वर्ण व्यवस्था की बहाली सुनिश्चित करती है' 


बाकी खबरें

  • India State of Forest Report 2021
    सत्यम श्रीवास्तव
    भारत में वनों की स्थिति पर भारतीय वन सर्वेक्षण की 2021 की रिपोर्ट: आंकड़ों पर एक नज़र 
    14 Jan 2022
    देश के प्राकृतिक जंगलों का घनत्व और दायरा सिमटा जबकि प्लांटेशन और कृत्रिम हरियाली का मामूली विस्तार हुआ 
  • up vidhansabha
    रवि शंकर दुबे
    आज़ादी से लेकर अब तक उत्तर प्रदेश ने दिए 21 मुख्यमंत्री, 10 बार लगा राष्ट्रपति शासन
    14 Jan 2022
    यूपी की राजनीति हर वक़्त दिलचस्प रही है, यहां होने वाले उतार-चढ़ाव हर दिन नई कहानियां गढ़ते हैं, ऐसे में उत्तर प्रदेश की राजनीतिक कब और किस मुख्यमंत्री के हाथ में रही, विस्तार से देखिए।
  • Kamal Khan
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कमाल ख़ान का निधन : ख़ामोश हो गई पत्रकारिता जगत की बेबाक और मधुर आवाज़
    14 Jan 2022
    न्यूज़क्लिक कमाल ख़ान के अचानक हुए निधन पर दुख व्यक्त करता है और उनके परिवार और तमाम चाहने वालों के प्रति अपनी संवेदनाएँ ज़ाहिर करता है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2.64 लाख नए मामले, ओमीक्रॉन के मामले बढ़कर 5,753 हुए  
    14 Jan 2022
    महाराष्ट्र में आज फिर 46 हज़ार से ज़्यादा नए मामले सामने आए हैं, वहीं दिल्ली में कोरोना के अब तक के रिकार्ड 28,867 नए मामले दर्ज किए गए हैं।
  • poverty
    अजय कुमार
    खुदरा महंगाई दर में रिकॉर्ड उछाल से आम लोगों पर महंगाई की मार पिछले 6 महीने में सबसे ज़्यादा
    14 Jan 2022
    महंगाई की मार लगातार पड़ती आ रही है। लेकिन फिर भी यह चर्चा के केंद्र में इसलिए नहीं उभरती, क्योंकि महंगाई की मार वह वर्ग नहीं सहन करता जो टीवी पर नियंत्रण रखता है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License