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COVID-19 के ख़िलाफ़ लड़ाई में सरकार की मदद करने क्यूबा के डॉक्टर अज़रबैजान पहुंचे
साल 2005 में फिदेल कास्त्रो द्वारा स्थापित क्यूबा का हेनरी रीव ब्रिगेड COVID-19 के ख़िलाफ़ लड़ाई में सरकारों की मदद करने के लिए 20 से अधिक देशों में सक्रिय रहा है।
पीपल्स डिस्पैच
13 Jul 2020
COVID-19

हेनरी रीव ब्रिगेड के 100 से अधिक क्यूबा के मेडिकल पेशेवरों ने COVID-19 महामारी के ख़िलाफ़ लड़ाई में अधिकारियों की मदद करने के लिए अज़रबैजान पहुंचे। ये मेडिकल पेशेवर कल यानी 12 जुलाई को हवाना से रवाना हुए थें।

मध्य एशिया में लगभग 10 मिलियन लोगों की आबादी वाले देश अज़रबैजान में COVID-19 संक्रमण से अब तक 306 मौत हो गई है वहीं इससे संक्रमण के 24,000 से अधिक मामले सामने आए हैं। जून के अंतिम सप्ताह से संक्रमण के मामलों में तेजी से वृद्धि हो रही है। 12 जुलाई को संक्रमण के 500 से अधिक नए मामले सामने आए।

यहां 28 फरवरी को संक्रमण का पहला मामला दर्ज हुआ था जिसके चलते सरकार को 14 मार्च को लॉकडाउन करना पड़ा। लॉकडाउन के नियमों में धीरे-धीरे अप्रैल और मई महीने में ढील दिया गया था। हालांकि जून के अंत से अज़रबैजान में नए मामले सामने आने लगे।

समाजवादी अंतर्राष्ट्रीयतावाद के विचार पर आधारित क्यूबन हेनरी रीव ब्रिगेड क्यूबन वार ऑफ लिब्रेशन के नायक के नाम पर 2005 में फिदेल कास्त्रो द्वारा रखा गया था। इस ब्रिगेड ने स्वास्थ्य और प्राकृतिक आपदाओं के दौरान दुनिया के विभिन्न देशों में सेवा की है। इस ब्रिगेड के साथ काम करने वाले डॉक्टर और मेडिकल पेशेवर भी अपने काम के दौरान स्थानीय लोगों को इस तरह की घटनाओं के लिए प्रशिक्षित करते हैं।

हेनरी रीव ब्रिगेड के हज़ारों मेडिकल पेशेवर 20 से अधिक देशों में काम कर रहे हैं जिनमें सबसे अधिक प्रभावित देश इटली शामिल है जो कोरोनोवायरस महामारी के ख़िलाफ़ लड़ाई में इस सरकार को मदद करते हैं। वे यूरोप, मध्य-पूर्व, कैरेबियन और मध्य एवं दक्षिण अमेरिका सहित दुनिया के सभी क्षेत्रों में मौजूद हैं।

उनके काम की विश्व स्तर पर प्रशंसा की गई है। विभिन्न समूहों और लोगों ने इस संगठन के लिए नोबेल शांति पुरस्कार की मांग की है।

Socialism
COVID-19
Internationalism
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