NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
दिल्ली : फीस न भर पाने के कारण नर्सरी के बच्चे स्कूल में कैद
लगभग 50 अभीभावकों ने स्कूल के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और पुलिस में शिकायत दायर की है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
12 Jul 2018
school children

मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल आज सुबह पुरानी दिल्ली के हौजकाजी स्थित राबिया पब्लिक स्कूल पहुंचे और वहां के छात्रों, परिजनों के अलावा शिक्षकों  व प्रबंधकों से मुलाकात की। स्कूल पर आरोप है कि उसने फीस न देने पर कुछ बच्चों को बेसमेंट में बंधक बना लिया था। इस दौरान आज सुबह स्कूल के बाहर वहां के पूर्व व वर्तमान छात्रों ने प्रदर्शन किया और कहा कि इस मामले में स्कूल की कोई गलती नहीं है।

क्या है मामला 

दिल्ली के हौजकाजी स्थित राबिया पब्लिक स्कूल उस वक्त चर्चा का विषय बन गया ,जब स्कूल के प्रबंधन पर नर्सरी में पढ़ने वाली 16 लड़कियों को कैद करने का मामला सामने आया। स्कूल पर आरोप है कि उन्होने 16 लड़कियों को स्कूल के बेसमैंट में  इसलिए बंधक बनाए रखा क्योंकि बच्चियों की  फीस जमा होने में  देरी  हो रही थी। मामला तब सामने आया जब लड़कियों के अभिभावक उन्हें  स्कूल से लेने पहूँचे। 

9 जुलाई को मौके पर पहूँचे अभिभावकों ने पुलिस को फोन कर बताया कि उनके बच्चों को स्कूल के बेसमेंट में कैद कर के रखा गया है। नाराज़ माता-पिता के अनुसार बच्चों को बेहद गर्मी में भूखे-प्यासे रखा गया था ।

अभिभावकों के अनुसार, उन्होंने स्कूल प्रशासन को फीस की रसीद भी दिखाई मगर तब भी स्कूल के अधिकारियों ने उनकी एक न सुनी। कैदी बच्चों में से एक के अभिभावक ने बताया कि "जब मैं अपने बच्चे को लेने के लिए स्कूल गया, तो मुझे शिक्षकों ने बताया कि बच्चे बेसमेंट में हैं। जब मैंने पूछा कि उन्हे बेसमेंट में क्यों रखा गया है?  उन्होंने हमें बताया कि क्योंकि बच्चों की फीस जमा नहीं हुई है  इसलिए उन्हें कक्षा में जाने की इजाज़त नहीं है। हम बेसमेंट में पहुंचे और बच्चों को हमने वहाँ से निकाला। कमरे में कोई वेंटिलेशन नहीं था और मेरी बच्ची रो रही थी।”
 
एक और अभिभावक ने मीडिया को बताया कि “फीस का भुगतान न करने की वजह से बच्चों को बेसमेंट में बंद कर दिया गया था। मैंने फीस जमा कर दी है, फिर भी मेरे बच्चे को दंडित किया गया। फीस की रसीद प्रिसिंपल को दिखाने के बावजूद उन्हें मामले को लेकर कोई पछतावा नहीं है।“ 

लगभग 50 अभीभावकों ने स्कूल के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और पुलिस में शिकायत दायर की है।
स्कूल के अधिकारियों ने कहा है कि फीस का भुगतान हर महीने की 30 तारीक तक करना होता है। और ऐसा न करने की दशा में बच्चों को कक्षा में प्रवेश की इजाज़त नहीं दी जाती है। 
 
स्कूल के शिक्षकों के मुताबिक, फीस सबमिशन को लेकर  भ्रम था कि बच्चों की फीस जमा हुई है या नहीं । वहीं उन्होंने अपने बचाव  में कहा कि लड़कियों को एक्टिविटी कक्ष में रखा गया था, जो बच्चों के  खेलने के लिए बनाया गया। वहीं उन्होने बच्चों को कैद रखने वाली  बात को सिरे से खारिज कर दिया।

वहीं पुलिस ने स्कूल के खिलाफ Juvenile Justice Act, 2015, आईपीसी धारा 342 और धारा 75 के तहत मामला दर्ज कर जाँच शुरु कर दी है। पुलिस के साथ-साथ दिल्ली कमिशन फॉर प्रोटेक्शन ऑफ चाइल्ड राइट्स (डीसीपीसीआर) ने पहले ही एक जांच टीम स्थापित की है जो स्कूल जाकर मामले की जाँच करेगी ।

school children
AAP
Delhi school

Related Stories

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग

मूसेवाला की हत्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, कांग्रेस ने इसे ‘राजनीतिक हत्या’ बताया

‘आप’ के मंत्री को बर्ख़ास्त करने से पंजाब में मचा हड़कंप

हार्दिक पटेल का अगला राजनीतिक ठिकाना... भाजपा या AAP?

मुंडका अग्निकांड: सरकारी लापरवाही का आरोप लगाते हुए ट्रेड यूनियनों ने डिप्टी सीएम सिसोदिया के इस्तीफे की मांग उठाई

मुंडका अग्निकांड के लिए क्या भाजपा और आप दोनों ज़िम्मेदार नहीं?

मुंडका अग्निकांड: लापता लोगों के परिजन अनिश्चतता से व्याकुल, अपनों की तलाश में भटक रहे हैं दर-बदर

जम्मू में आप ने मचाई हलचल, लेकिन कश्मीर उसके लिए अब भी चुनौती

शाहीन बाग़ : देखने हम भी गए थे प तमाशा न हुआ!


बाकी खबरें

  • kisan
    विजय विनीत
    ग्राउंड  रिपोर्टः रक्षामंत्री राजनाथ सिंह के गृह क्षेत्र के किसान यूरिया के लिए आधी रात से ही लगा रहे लाइन, योगी सरकार की इमेज तार-तार
    17 Jan 2022
    EXCIUSIVE: उत्तर प्रदेश के चंदौली में डीएपी के बाद अब यूरिया के लिए हाहाकार मचा हुआ है। 266.5 रुपये वाली यूरिया 400 से 500 में भी नहीं मिल रही है। यह हाल उस जिले का है, जिसे धान के कटोरे का रुतबा…
  • Lucknow university
    असद शेख़
    कैंपस से: यूपी के छात्रों के क्या हैं मुद्दे, किसे देंगे अपना वोट?
    17 Jan 2022
    स्वतंत्र युवा पत्रकार असद शेख़ ने न्यूज़क्लिक के लिए उत्तर प्रदेश के अलग-अलग विश्वविद्यालयों के छात्र-छात्राओं से उनके मुद्दों और विधानसभा चुनाव के बारे में बात की।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में लगातार चौथे दिन ढाई लाख से ज़्यादा नए मामले
    17 Jan 2022
    स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा आज सोमवार, 17 जनवरी को जारी आंकड़ों के अनुसार देश में लगातार चौथे दिन भी कोरोना के ढाई लाख से ज़्यादा यानी 2,58,089 नए मामले सामने आए हैं।
  • akhilesh and yogi
    सुबोध वर्मा
    क्या यूपी सरकार से भाजपा के बाहर होने की उल्टी गिनती शुरू हो गई है?
    17 Jan 2022
    सत्तारूढ़ भाजपा गठबंधन, जिसके खाते में 403 में से 326 सीटें आई थीं, वह आगामी चुनाव हार सकता है – जोकि पूरी तरह से संभव है यदि सपा गठबंधन के पक्ष में 4-5 प्रतिशत वोटों की बढ़ोतरी का रुझान होता है।
  • punjab
    न्यूज़क्लिक टीम
    पंजाब : मुख्यमंत्री चेहरों की घोषणा इतनी मुश्किल क्यों ?
    16 Jan 2022
    पंजाब की जनता क्या चाहती है? इस 2022 विधान सभा चुनावों में एक तरफ आम आदमी पार्टी की तेज़ पकड़ है और दूसरी तरफ़ बीजेपी और कांग्रेस अपने दांव अलग खेल रही है। देखिये वरिष्ठ पत्रकार नीलू व्यास का पंजाब…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License