NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
एल्गार परिषद मामला एनआईए को सौंपने पर शिवसेना ने केंद्र की नीयत पर उठाए सवाल
शिवसेना ने अपने मुखपत्र ‘सामना’ के संपादकीय में सरकार के इस कदम पर सवाल करते हुए कहा, ‘‘भारत राज्यों का संघ है। हर राज्य के अपने अधिकार और स्वाभिमान है। केंद्र के इस जबरन कदम से अस्थिरता आ रही है।’’
भाषा
29 Jan 2020
एल्गार परिषद मामला

मुंबई: एल्गार परिषद का संवेदनशील मामला एनआईए को सौंपने को लेकर केंद्र पर हमला करते हुए शिवसेना ने बुधवार को मोदी सरकार पर गैर-भाजपा शासित महाराष्ट्र के मामलों में हस्तक्षेप करने का आरोप लगाया।

शिवसेना ने अपने मुखपत्र ‘सामना’ के संपादकीय में सरकार के इस कदम पर सवाल करते हुए कहा, ‘‘भारत राज्यों का संघ है। हर राज्य के अपने अधिकार और स्वाभिमान है। केंद्र के इस जबरन कदम से अस्थिरता आ रही है।’’
केंद्र ने हाल में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) को एल्गार मामले की जांच सौंप दी। अब तक इस मामले में संदिग्ध माओवादी संबंधों की जांच पुणे पुलिस कर रही थी।

संपादकीय में केंद्र पर ‘प्रतिशोध की राजनीति’ करने का आरोप लगाया गया। इसमें कहा गया, ‘‘एनआईए ने महाराष्ट्र में हस्तक्षेप किया लेकिन इस तरह की कई घटनाएं भाजपा शासित राज्यों में भी हो रही हैं, तो केंद्र ने वहां दखल क्यों नहीं दिया।’’

संपादकीय में सवाल किया गया, ‘‘जिस तरह से केंद्र ने एनआईए को जांच सौंपी है, क्या वह नहीं चाहती कि सच्चाई सामने आए?’’
उसने कहा कि राज्य की पूर्ववर्ती भाजपा नीत सरकार ने उसे बताया था कि एल्गार परिषद-कोरेगांव भीमा मामला एक ‘राजनीतिक तथा राष्ट्रीय’ साजिश है। यह ‘राष्ट्रीय शक्ति’ को कम करने की और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा तत्कालीन मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को नुकसान पहुंचाने की गुप्त योजना थी।

shivsena
elgar parishad
maharahstra
maharashtra government
BJP
BJP Govt

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?


बाकी खबरें

  • srilanka
    न्यूज़क्लिक टीम
    श्रीलंका: निर्णायक मोड़ पर पहुंचा बर्बादी और तानाशाही से निजात पाने का संघर्ष
    10 May 2022
    पड़ताल दुनिया भर की में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने श्रीलंका में तानाशाह राजपक्षे सरकार के ख़िलाफ़ चल रहे आंदोलन पर बात की श्रीलंका के मानवाधिकार कार्यकर्ता डॉ. शिवाप्रगासम और न्यूज़क्लिक के प्रधान…
  • सत्यम् तिवारी
    रुड़की : दंगा पीड़ित मुस्लिम परिवार ने घर के बाहर लिखा 'यह मकान बिकाऊ है', पुलिस-प्रशासन ने मिटाया
    10 May 2022
    गाँव के बाहरी हिस्से में रहने वाले इसी मुस्लिम परिवार के घर हनुमान जयंती पर भड़की हिंसा में आगज़नी हुई थी। परिवार का कहना है कि हिन्दू पक्ष के लोग घर से सामने से निकलते हुए 'जय श्री राम' के नारे लगाते…
  • असद रिज़वी
    लखनऊ विश्वविद्यालय में एबीवीपी का हंगामा: प्रोफ़ेसर और दलित चिंतक रविकांत चंदन का घेराव, धमकी
    10 May 2022
    एक निजी वेब पोर्टल पर काशी विश्वनाथ मंदिर को लेकर की गई एक टिप्पणी के विरोध में एबीवीपी ने मंगलवार को प्रोफ़ेसर रविकांत के ख़िलाफ़ मोर्चा खोल दिया। उन्हें विश्वविद्यालय परिसर में घेर लिया और…
  • अजय कुमार
    मज़बूत नेता के राज में डॉलर के मुक़ाबले रुपया अब तक के इतिहास में सबसे कमज़ोर
    10 May 2022
    साल 2013 में डॉलर के मुक़ाबले रूपये गिरकर 68 रूपये प्रति डॉलर हो गया था। भाजपा की तरफ से बयान आया कि डॉलर के मुक़ाबले रुपया तभी मज़बूत होगा जब देश में मज़बूत नेता आएगा।
  • अनीस ज़रगर
    श्रीनगर के बाहरी इलाक़ों में शराब की दुकान खुलने का व्यापक विरोध
    10 May 2022
    राजनीतिक पार्टियों ने इस क़दम को “पर्यटन की आड़ में" और "नुकसान पहुँचाने वाला" क़दम बताया है। इसे बंद करने की मांग की जा रही है क्योंकि दुकान ऐसे इलाक़े में जहाँ पर्यटन की कोई जगह नहीं है बल्कि एक स्कूल…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License