NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
स्वास्थ्य
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
जर्मनी : लॉकडाउन से प्रभावित कर्मचारियों की रक्षा के लिए नए पैकेज की घोषणा
एंजेला मार्केल के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार अगले 7 महीनों तक उन सभी कर्मचारियों को वेतन का एक बड़ा हिस्सा देगी जो लॉकडाउन के चलते घर पर रहने को मजबूर हैं।
पीपल्स डिस्पैच
23 Apr 2020
जर्मनी

कोरोना वायरस की महामारी के प्रभाव से उबारने के लिए जर्मन सरकार ने सभी कर्मचारियों के वेतन की रक्षा और छोटे व्यवसायों को करों में राहत देने के लिए गुरुवार 23 अप्रैल को एक पैकेज की घोषणा की।

चांसलर एंजेला मार्केल के क्रिश्चियन डेमोक्रेटिक यूनियन (सीडीयू) का नेतृत्व वाले सत्तारूढ़ गठबंधन के दलों और सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी और क्रिश्चियन सोशल यूनियन (सीएसयू) के नेताओं ने घोषित किए जाने से पहले बुधवार देर रात पैकेज पर बातचीत की। ये पैकेज मुख्य रूप से कम आय वाले कर्मचारियों और कैटरिंग व अन्य हॉस्पिटलिटी सेक्टर जैसे छोटे व्यवसायों के लिए है।

इस पैकेज के अनुसार उन कर्मचारियों को जिन्हें घर पर रहने के लिए मजबूर किया गया है और उनके काम के घंटों में 50% तक की कमी आई है, उन्हें चार महीने के बाद भी पूरे घंटे के काम वाली नौकरी नहीं मिलती है तो उन्हें उनकी कुल शुद्ध आमदनी का 77% मिलेगा। उन्हें वर्तमान में उनकी कुल आय का लगभग 60 से 67% भुगतान किया जाता है। जिन लोगों को 7 महीने बाद भी राहत की जरूरत है उन्हें उनकी आय का 87% प्राप्त होगा। इसकी जानकारी जर्मन समाचार वेबसाइट डीडब्ल्यू ने दी है।

इस पैकेज में छोटे व्यवसायों के लिए मूल्य वर्धित करों (वैट) की दरों में 19% से 7% तक की कटौती की भी घोषणा की गई है। नई दरें 30 जून 2021 तक प्रभावी रहेंगी।

वर्तमान पैकेज 10 बिलियन अमरीकी डॉलर से अधिक का होगा। यह मार्च में घोषित किए गए 800 बिलियन अमरीकी डॉलर के अतिरिक्त राहत पैकेज होगा।

जर्मनी में गुरुवार 23 अप्रैल तक कोरोना वायरस के 1,50,000 से अधिक संक्रमण के मामले सामने आए हैं वहीं 5,000 से अधिक लोगों की मौत हो गई है। ये दुनिया के सबसे ज़्यादा प्रभावित देशों में से एक है। इसने ग़ैर-ज़रुरी व्यवसाय को उनके काम काज से रोकते हुए कोरोनावायरस के प्रसार पर अंकुश लगाने के लिए सख्त सामाजिक दूरी के मानदंड और लॉकडाउन लागू किया था।

साभार : पीपल्स डिस्पैच

germany
Coronavirus
COVID-19
Germany passes coronavirus aid package
angela merkel

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में 2,745 नए मामले, 6 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा


बाकी खबरें

  • डॉ. द्रोण कुमार शर्मा
    तिरछी नज़र: कुछ भी मत छापो, श..श..श… देश में सब गोपनीय है
    10 Apr 2022
    एक कानून है, गोपनीयता का कानून। पहले से ही है। सरकारी गोपनीयता का कानून। बलिया में वह भंग कर दिया गया। तीन पत्रकारों ने उसे भंग किया।
  • न्यूज़क्लिक डेस्क
    जय श्री राम बनाम जय सिया राम
    10 Apr 2022
    आज रामनवमी है, और इतवार भी। इसलिए ‘इतवार की कविता’ में आज पढ़ते हैं जय श्री राम और जय सिया राम का फ़र्क़ और मर्म बताती मुकुल सरल की यह छोटी सी कविता।
  • worker
    पुलकित कुमार शर्मा
    पिछले तीन सालों में दिहाड़ी 50 रुपये नहीं बढ़ी, जबकि महंगाई आसमान छू गयी    
    10 Apr 2022
    देश में 30 करोड़ से भी ज्यादा ग्रामीण कामगार कृषि और गैर कृषि पेशों से जुड़े हुए हैं। जिनकी दिहाड़ी में पिछले तीन सालों में मामूली सी बढ़ोतरी हुई है, जबकि महंगाई आसमान छू रही है।  
  • नाइश हसन
    उर्दू पत्रकारिता : 200 सालों का सफ़र और चुनौतियां
    10 Apr 2022
    उर्दू अपना पहले जैसा मक़ाम हासिल कर सकती है बशर्ते हुकूमत एक खुली ज़ेहनियत से ज़बान को आगे बढ़ाने में साथ दे, लेकिन देखा तो यह जा रहा है कि जिस पैकेट पर उर्दू में कुछ छपा नज़र आ जा रहा है उस प्रोडक्ट से…
  • शारिब अहमद खान
    नेट परीक्षा: सरकार ने दिसंबर-20 और जून-21 चक्र की परीक्षा कराई एक साथ, फ़ेलोशिप दीं सिर्फ़ एक के बराबर 
    10 Apr 2022
    केंद्र सरकार द्वारा दोनों चक्रों के विलय के फैसले से उच्च शिक्षा का सपना देखने वाले हज़ारों छात्रों को धक्का लगा है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License