NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
हिंदू संगठन के नेता का विवादित बयान, सेकुलर लेखकों से कहा- 'महामृत्युंजय हवन' करो नहीं तो गौरी लंकेश की तरह शिकार बनोगे
हिंदू संगठन के नेता ने वरिष्ठ पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या पर लेखकों के लिए विवादित बयान दिया है।
सबरंग इंडिया
11 Sep 2017
गौरी लंकेश
गौरी लंकेश

हिंदू संगठन के नेता ने वरिष्ठ पत्रकार गौरी लंकेश की हत्या पर लेखकों के लिए विवादित बयान दिया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक केरल हिंदू ऐक्य वेदी के राज्य प्रमुख केपी शशिकला टीचर ने कहा है कि गौरी लंकेश जैसा हश्र न हो इसलिए सेकुलर लेखकों को 'महामृत्युंज हवन' करना चाहिए। ज्ञात हो कि ऐक्य वेदी आरएसएस समर्थक संगठनों का साझा मंच है।

बता दें कि वरिष्ठ कन्नड़़ पत्रकार गौरी लंकेश की छह सितंबर को बैंगलुरु में अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। गौरी लंकेश आरएसएस और बीजेपी समेत तमाम दक्षिणपंथी संगठनों की घोर आलोचक थीं। गौरी की हत्या के बाद आठ सितंबर को एर्नाकुलम में संगठन ऐक्य वेदी के एक कार्यक्रम में लोगों को संबोधित करते हुए शशिकला ने कहा कि आरएसएस उन लोगों को मारना नहीं चाहते जो उसके विरोधी हैं क्योंकि वो प्रतिरोध से ऊर्जा लेकर ही आगे बढ़ता है। उन्होंने कहा कि मैं सेकुलर लेखकों से कहना चाहूंगी कि अगर वो लंबा जीवन चाहते हैं तो उन्हें 'महामत्युंजय हवन' करना चाहिए क्योंकि ये भावी के बारे में कोई नहीं जान सकता। नहीं तो आप भी गौरी लंकेश की तरह शिकार बनोगे।

शशिकला के इस बयान पर राज्य की सत्ताधारी पार्टी सीपीएम और मुख्य विपक्षी पार्टी कांग्रेस ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। केरल के सीएम पिनारायी विजयन ने शशिकला के बयान पर कहा कि इस तरह की प्रवृत्तियों से हमारा समाज परेशान होता है। वहीं कांग्रेस नेता वीडी सतीशन ने कहा कि उन्होंने सिर्फ सेकुलर लेखकों को नहीं बल्कि देश के सेकुलर मूल्यों को चुनौती दी है।
 

 

Courtesy: सबरंग इंडिया,
Original published date:
11 Sep 2017
गौरी लंकेश
केरला
भाजपा
लेखकों के कत्ल

Related Stories

#श्रमिकहड़ताल : शौक नहीं मज़बूरी है..

आपकी चुप्पी बता रहा है कि आपके लिए राष्ट्र का मतलब जमीन का टुकड़ा है

अबकी बार, मॉबलिंचिग की सरकार; कितनी जाँच की दरकार!

आरक्षण खात्मे का षड्यंत्र: दलित-ओबीसी पर बड़ा प्रहार

झारखंड बंद: भूमि अधिग्रहण बिल में संशोधन के खिलाफ विपक्ष का संयुक्त विरोध

झारखण्ड भूमि अधिग्रहण संशोधन बिल, 2017: आदिवासी विरोधी भाजपा सरकार

यूपी: योगी सरकार में कई बीजेपी नेताओं पर भ्रष्टाचार के आरोप

मोदी के एक आदर्श गाँव की कहानी

क्या भाजपा शासित असम में भारतीय नागरिकों से छीनी जा रही है उनकी नागरिकता?

बिहार: सामूहिक बलत्कार के मामले में पुलिस के रैवये पर गंभीर सवाल उठे!


बाकी खबरें

  • असद रिज़वी
    CAA आंदोलनकारियों को फिर निशाना बनाती यूपी सरकार, प्रदर्शनकारी बोले- बिना दोषी साबित हुए अपराधियों सा सुलूक किया जा रहा
    06 May 2022
    न्यूज़क्लिक ने यूपी सरकार का नोटिस पाने वाले आंदोलनकारियों में से सदफ़ जाफ़र और दीपक मिश्रा उर्फ़ दीपक कबीर से बात की है।
  • नीलाम्बरन ए
    तमिलनाडु: छोटे बागानों के श्रमिकों को न्यूनतम मज़दूरी और कल्याणकारी योजनाओं से वंचित रखा जा रहा है
    06 May 2022
    रबर के गिरते दामों, केंद्र सरकार की श्रम एवं निर्यात नीतियों के चलते छोटे रबर बागानों में श्रमिक सीधे तौर पर प्रभावित हो रहे हैं।
  • दमयन्ती धर
    गुजरात: मेहसाणा कोर्ट ने विधायक जिग्नेश मेवानी और 11 अन्य लोगों को 2017 में ग़ैर-क़ानूनी सभा करने का दोषी ठहराया
    06 May 2022
    इस मामले में वह रैली शामिल है, जिसे ऊना में सरवैया परिवार के दलितों की सरेआम पिटाई की घटना के एक साल पूरा होने के मौक़े पर 2017 में बुलायी गयी थी।
  • लाल बहादुर सिंह
    यूपी में संघ-भाजपा की बदलती रणनीति : लोकतांत्रिक ताकतों की बढ़ती चुनौती
    06 May 2022
    नज़रिया: ऐसा लगता है इस दौर की रणनीति के अनुरूप काम का नया बंटवारा है- नॉन-स्टेट एक्टर्स अपने नफ़रती अभियान में लगे रहेंगे, दूसरी ओर प्रशासन उन्हें एक सीमा से आगे नहीं जाने देगा ताकि योगी जी के '…
  • भाषा
    दिल्ली: केंद्र प्रशासनिक सेवा विवाद : न्यायालय ने मामला पांच सदस्यीय पीठ को सौंपा
    06 May 2022
    केंद्र और दिल्ली सरकार के बीच इस बात को लेकर विवाद है कि राष्ट्रीय राजधानी में प्रशासनिक सेवाएं किसके नियंत्रण में रहेंगी।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License