NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
शिक्षा
भारत
राजनीति
इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अब छात्रसंघ खत्म
छात्रसंघ की जगह छात्र परिषद का प्रस्ताव मंजूर होने की खबर मिलते ही छात्र नेताओं ने विरोध तेज कर दिया। छात्रसंघ भवन पर सैकड़ों की संख्या में जमा छात्रों और छात्रनेताओं ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर विरोध जताया। इस दौरान छात्रों की पुलिस से झड़प भी हुई।
अमित सिंह
29 Jun 2019
इलाहाबाद विश्वविद्यालय

इलाहाबाद विश्वविद्यालय में अब छात्रसंघ की जगह छात्र परिषद होगी। विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद की बैठक में छात्र संघ की जगह छात्र परिषद का मॉडल लागू किए जाने पर अंतिम मुहर लग गई है। शनिवार को विधि विभाग में हुई बैठक में कुलपति प्रोफेसर रतन लाल हांगलू की अध्यक्षता में हुई बैठक में सर्वसम्मति से इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। इस फैसले के बाद इलाहाबाद विश्वविद्यालय का 96 साल पुराना छात्र संघ खत्म हो गया।

खबरों के मुताबिक बैठक में छात्र परिषद का स्वरूप कैसा होगा इस पर डीन आर्टस प्रोफेसर केएस मिश्र की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने अपनी रिपोर्ट कुलपति को सौंप दी है। बैठक के दौरान किसी तरह का बवाल और बखेड़ा न हो, इस लिहाज से परिसर में भारी पुलिस बल तैनात रहा। विश्वविद्यालय परिसर भी पूरी तरह से छावनी में तब्दील रहा। 

बैठक से पहले इलाहाबाद विश्वविद्यालय में छात्र परिषद के गठन का विरोध कर रहे छात्रसंघ के निवर्तमान अध्यक्ष उदय यादव और महामंत्री शिवम सिंह समेत अन्य छात्रों को पुलिस ने छात्रसंघ भवन के सामने हिरासत में ले लिया। सभी विधि संकाय में चल रही कार्य परिषद की बैठक का विरोध करने जा रहे थे। 

छात्र संघ की जगह छात्र परिषद का प्रस्ताव मंजूर होने की खबर मिलते ही छात्र नेताओं ने विरोध तेज कर दिया। छात्रसंघ भवन पर सैकड़ों की संख्या में जमा छात्रों और छात्रनेताओं ने विश्वविद्यालय प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी कर विरोध जताया। इस दौरान छात्रों की पुलिस से झड़प भी हुई।

इससे पहले शुक्रवार को निवर्तमान छात्रसंघ उपाध्यक्ष अखिलेश समेत 21 छात्रों ने गिरफ्तारी दी थी। ये सभी छात्र छात्रसंघ भवन के सामने क्रमिक अनशन पर बैठे थे।

यह भी पढ़ें-इलाहाबाद विश्वविद्यालय: छात्रसंघ से किसे डर लगता है?

गौरतलब है कि इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ का बेहद गौरवशाली इतिहास रहा है। लेकिन अभी विश्वविद्यालय प्रशासन की दलील है कि छात्रसंघ की वजह से कैंपस में आए दिन अराजकता का माहौल रहता था इसलिए इसे खत्म किया जा रहा है। 

आपको बता दें कि छात्रसंघ प्रत्यक्ष चुनाव प्रणाली है जिसमें छात्र अपने मत का इस्तेमाल कर सीधे अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और महामंत्री आदि का चुनाव करते हैं, जबकि छात्र परिषद अप्रत्यक्ष चुनाव प्रणाली है। इसमें पहले कक्षावार प्रतिनिधि चुने जाते हैं और यही प्रतिनिधि पदाधिकारियों का चुनाव करते हैं। 

छात्र नेताओं ने बताया काला दिन 

छात्र संघ के बजाय छात्र परिषद लागू किए जाने के फैसले से विश्वविद्यालय के छात्र नेता आक्रोशित हो गए हैं। न्यूज़क्लिक से बातचीत में इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ के निवर्तमान महामंत्री शिवम सिंह ने कहा, 'हम शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे थे तब भी हमें गिरफ्तार किया गया। हमारे साथ अमानवीय व्यवहार किया जा रहा है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय की गौरवशाली परंपरा के लिए यह काला दिन है। विश्वविद्यालय प्रशासन के इशारे पर छात्रसंघ पदाधिकारियों के साथ बुरा सुलूक किया जा रहा है। लेकिन हम अपनी लड़ाई जारी रखेंगे। इसके लिए हम मानव संसाधन मंत्रालय का भी दरवाजा भी खटखटाएंगें।'

वहीं, इलाहाबाद विश्वविद्यालय की पूर्व अध्यक्ष ऋचा सिंह ने कहा, 'जब तानाशाही पर पूरा सिस्टम उतर आए तो वह सबसे पहले लोकतांत्रिक व्यवस्था को ही खत्म करना चाहता है। विश्वविद्यालय प्रशासन मनमाने ढंग से फैसले ले रहा है। अभी वर्तमान छात्रसंघ अस्तित्व में है। प्रशासन ने उसे किसी भी बैठक में नहीं बुलाया। उसकी कोई सहमति नहीं ली गई। किसी भी पूर्व अध्यक्ष से बात नहीं की गई। ये पूरा मामला बहुत ही शर्मनाक है।'

यह भी पढ़ें-इलाहाबाद विश्वविद्यालय: छात्रसंघ भंग करने की तैयारी

वो आगे कहती हैं, 'हम लोग इसके खिलाफ अदालत का दरवाजा खटखटाएंगे। राष्ट्रपति को भी चिट्ठी लिखेंगे। हम बताएंगें कि कुलपति रतन लाल अपने काले कारनामों को छिपाने के लिए छात्र संघ को खत्म करने का काम कर रहे हैं ताकि उन पर सवाल नहीं उठाया जाय। वैसे इतिहास में यह भी याद किया जाएगा कि केंद्र की भारी बहुमत के साथ सत्ता में आई मोदी सरकार ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय में छात्र संघ की पुरानी परंपरा को खत्म करने का काम किया। वो भी एक ऐसा छात्र संघ जिसने इस देश और समाज को तमाम बेहतर राजनेता दिए।'

Allahabad University
Allahabad University students union
dissolving student union
student union election
student union
Uttar pradesh
Save Democracy
Indian democracy
central university

Related Stories

उत्तर प्रदेश: "सरकार हमें नियुक्ति दे या मुक्ति दे"  इच्छामृत्यु की माँग करते हजारों बेरोजगार युवा

ग्राउंड रिपोर्ट: चंदौली पुलिस की बर्बरता की शिकार निशा यादव की मौत का हिसाब मांग रहे जनवादी संगठन

UPSI भर्ती: 15-15 लाख में दरोगा बनने की स्कीम का ऐसे हो गया पर्दाफ़ाश

जन-संगठनों और नागरिक समाज का उभरता प्रतिरोध लोकतन्त्र के लिये शुभ है

यूपी : महिलाओं के ख़िलाफ़ बढ़ती हिंसा के विरोध में एकजुट हुए महिला संगठन

अनुदेशकों के साथ दोहरा व्यवहार क्यों? 17 हज़ार तनख़्वाह, मिलते हैं सिर्फ़ 7000...

बीएचयू: लाइब्रेरी के लिए छात्राओं का संघर्ष तेज़, ‘कर्फ्यू टाइमिंग’ हटाने की मांग

बीएचयू: 21 घंटे खुलेगी साइबर लाइब्रेरी, छात्र आंदोलन की बड़ी लेकिन अधूरी जीत

मोदी सरकार की वादाख़िलाफ़ी पर आंदोलन को नए सिरे से धार देने में जुटे पूर्वांचल के किसान

दिल्ली में गूंजा छात्रों का नारा— हिजाब हो या न हो, शिक्षा हमारा अधिकार है!


बाकी खबरें

  • parliament
    एम श्रीधर आचार्युलु
    भारतीय संसदीय लोकतंत्र का 'क़ानून' और 'व्यवस्था'
    03 Dec 2021
    बिना चर्चा या बहस के संसद से वॉकआउट, टॉक-आउट, व्यवधान और शासन ने 100 करोड़ से अधिक भारतीय नागरिकों की आकांक्षाओं को चोट पहुंचाई है।
  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में आज दूसरे दिन भी एक्टिव मामले में हुई बढ़ोतरी  
    03 Dec 2021
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 9,216 नए मामले दर्ज किए गए हैं। देश भर में अब एक्टिव मामलों की संख्या बढ़कर 0.29 फ़ीसदी यानी 99 हज़ार 976 हो गयी है।
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    संबित को पर्यटन विभाग का जिम्मा देने पर उठे सवाल
    02 Dec 2021
    बोल के लब आज़ाद हैं तेरे के इस अंक में वरिष्ठ अभिसार शर्मा बात कर रहे हैं भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता संबित पात्रा को कैबिनेट की नियुक्ति समिति द्वारा भारत पर्यटन विकास निगम का अध्यक्ष नियुक्त किए…
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी चुनाव से पहले उठ रहा मथुरा के मंदिर का मुद्दा, UN ने किया ख़ुर्रम परवेज़ का समर्थन और अन्य ख़बरें
    02 Dec 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र रहेगी यूपी में घुल रहे सांप्रदायिक ज़हर, कार्यकर्ता ख़ुर्रम परवेज़ का UN ने किया समर्थन और अन्य ख़बरों पर।
  • bihar protest
    अनिल अंशुमन
    बिहार : शिक्षा मंत्री के कोरे आश्वासनों से उकताए चयनित शिक्षक अभ्यर्थी फिर उतरे राजधानी की सड़कों पर  
    02 Dec 2021
    शिक्षा मंत्री के कोरे आश्वासनों से उकताए चयनित शिक्षक अभ्यर्थी फिर राजधानी की सड़कों पर प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हुए हैं। इनकी एक सूत्री मांग है कि सरकार नियुक्ति की तिथि बताए, वरना जारी रहेगा…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License