NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अंतरराष्ट्रीय
इंडोनेशिया में भूकंप के बाद सुनामी, बड़ी संख्या में लोग हताहत
आपदा एजेंसी के एक अधिकारी ने बताया कि मध्य प्रांत में डोंगला जिले में तलिसा बीच के पास 6.0, 7.4 और 6.1 तीव्रता के भूकंप के तीन झटके आने के बाद सुनामी आई।
आईएएनएस
29 Sep 2018
इंडोनेशिया में भूकंप और सुनामी से तबाही

जकार्ता। इंडोनेशिया के सुलावेसी द्वीप में शुक्रवार को रिक्टर पैमाने पर 7.5 तीव्रता का भूकंप आने के बाद सुनामी आ गई। सुनामी के चलते हुए हादसों में अधिकारियों ने 50 लोगों की मौत होने की पुष्टि की है। ये संख्या अभी बढ़ सकती है।

आपदा एजेंसी के एक अधिकारी ने शनिवार को कहा कि मध्य प्रांत में डोंगला जिले में तलिसा बीच के पास 6.0, 7.4 और 6.1 तीव्रता के भूकंप के तीन झटके आने के बाद आई सुनामी के चलते 350 से ज्यादा लोग घायल हो गए। 

बीबीसी के मुताबिक, सुलावेसी द्वीप के शहर पालू में सुनामी के चलते समुद्र की लहरे दो मीटर की ऊंचाई तक पहुंच गईं। 

सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए वीडियो में लोग चीखते-चिल्लाते हुए भागते नजर आ रहे हैं। इमारतों के बीच मौजूद एक मस्जिद को नुकसान पहुंचा है। 

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन एजेंसी के प्रवक्ता सुतोपो पुरवो नुग्रोहो ने कहा कि सभी पीड़ितों को अस्पताल पहुंचाया गया है। 

नुग्रोहो ने समाचार एजेंसी सिन्हुआ को बताया कि आंकड़ा सिर्फ पालू में हताहत हुए लोगों का है, आंकड़े में तालिसा बीच और डोंगला जिले में हताहत हुए लोगों को शामिल नहीं किया गया है। 

उन्होंने कहा, "मृतकों, घायलों की संख्या बढ़ने और नुकसान बढ़ने की आशंका है।"

पालू में 300,000 से ज्यादा लोग रहते हैं।

समाचार पत्र 'द जकार्ता पोस्ट' ने बताया कि पालू में राहत व बचाव कार्य के लिए हरक्युलस विमान को तैनात किया गया है। 

भूकंप शुक्रवार शाम करीब छह बजे आया था। सुनामी आने की चेतावनी दी गई थी, लेकिन घंटेभर के भीतर ही चेतावनी वापस ले ली गई। 

 

indonesia
earthquake
tsunami

Related Stories

पाम ऑयल पर प्रतिबंध की वजह से महंगाई का बवंडर आने वाला है

इंडोनेशिया में समुद्र में 7.3 तीव्रता का भूकंप आया, सुनामी का अलर्ट वापस लिया

चीन में 6.0 तीव्रता का भूकंप, तीन लोगों की मौत, 60 घायल

राजनीतिक क़ैदियों की रिहाई और हिंसा को समाप्त करने की मांग करते हुए पश्चिमी पापुआ में विरोध प्रदर्शन

सरकार की जीत की घोषणा के एक दिन बाद टिग्रे सैनिकों का संघर्ष फिर तेज़

इंडोनेशिया में "ऑम्निबस कानून" के हटने के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शन, पुलिस द्वारा गिरफ़्तार किए गए सैकड़ों लोग

मैक्सिको में भूकंप के गहरे झटके, क़रीब 6 लोगों की मौत

क्या ये छोटे-छोटे भूकंप किसी बड़े भूकंप की आहट हैं?

चिंता : दिल्ली के निज़ामुद्दीन में तबलीगी जमात के 24 लोग कोरोना संक्रमित

इन्डोनेशिया : बच्चों के सुधार और पुनर्वास की कोशिशें जारी


बाकी खबरें

  • भाषा
    श्रीलंका में हिंसा में अब तक आठ लोगों की मौत, महिंदा राजपक्षे की गिरफ़्तारी की मांग तेज़
    10 May 2022
    विपक्ष ने महिंदा राजपक्षे पर शांतिपूर्ण ढंग से प्रदर्शन कर रहे लोगों पर हमला करने के लिए सत्तारूढ़ दल के कार्यकर्ताओं और समर्थकों को उकसाने का आरोप लगाया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    दिवंगत फोटो पत्रकार दानिश सिद्दीकी को दूसरी बार मिला ''द पुलित्ज़र प्राइज़''
    10 May 2022
    अपनी बेहतरीन फोटो पत्रकारिता के लिए पहचान रखने वाले दिवंगत पत्रकार दानिश सिद्दीकी और उनके सहयोगियों को ''द पुल्तिज़र प्राइज़'' से सम्मानित किया गया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर खीरी हत्याकांड: आशीष मिश्रा के साथियों की ज़मानत ख़ारिज, मंत्री टेनी के आचरण पर कोर्ट की तीखी टिप्पणी
    10 May 2022
    केंद्रीय गृह राज्य मंत्री अजय मिश्र टेनी के आचरण पर तीखी टिप्पणी करते हुए कहा है कि यदि वे इस घटना से पहले भड़काऊ भाषण न देते तो यह घटना नहीं होती और यह जघन्य हत्याकांड टल सकता था।
  • विजय विनीत
    पानी को तरसता बुंदेलखंडः कपसा गांव में प्यास की गवाही दे रहे ढाई हजार चेहरे, सूख रहे इकलौते कुएं से कैसे बुझेगी प्यास?
    10 May 2022
    ग्राउंड रिपोर्टः ''पानी की सही कीमत जानना हो तो हमीरपुर के कपसा गांव के लोगों से कोई भी मिल सकता है। हर सरकार ने यहां पानी की तरह पैसा बहाया, फिर भी लोगों की प्यास नहीं बुझ पाई।''
  • लाल बहादुर सिंह
    साझी विरासत-साझी लड़ाई: 1857 को आज सही सन्दर्भ में याद रखना बेहद ज़रूरी
    10 May 2022
    आज़ादी की यह पहली लड़ाई जिन मूल्यों और आदर्शों की बुनियाद पर लड़ी गयी थी, वे अभूतपूर्व संकट की मौजूदा घड़ी में हमारे लिए प्रकाश-स्तम्भ की तरह हैं। आज जो कारपोरेट-साम्प्रदायिक फासीवादी निज़ाम हमारे देश में…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License