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डूसू चुनाव 2019: SFI और AISF ने ABVP पर हमले और उनके नामांकन फॉर्म फाड़ने का लगाया आरोप 
ABVP  द्वारा इन हमलों और नामांकन फार्म  को फाड़े जाने के कारण, उम्मीदवार समय सीमा से पहले अपना नामांकन दाखिल नहीं कर सके।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
04 Sep 2019
DUSU 2019

दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ (डूसू)चुनाव 2019 का मतदान 12 सितबर को होना है। आज 4 सितबर  दोपहर 3 बजे तक सभी उम्मीदवारों के नामांकन दर्ज करने का अंतिम समय था। लेकिन  लेफ्ट यूनाइटेड पैनल जिसमे स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI), और ऑल इंडिया स्टूडेंट्स फेडरेशन (AISF) का गठबंधन था। उनके उम्मीदवार  नामांकन दाखिल नहीं कर सके। कथित तौर पर उनके साथ कैंपस में मारपीट हुई और उनके नामांकन पेपर को फाड़ा दिया गया। ये दोनों ही संगठन इस का आरोप अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद( ABVP)  पर लगा रहे है। जबकि ABVP ने इस बात से साफ इंकार किया।

क्या है पूरा मामला ?

 SFI और  AISF के छात्रों को आर्ट्स फैक्लिटी  गेट नंबर 4 के सामने कथितौर परABVP केलोगो द्वारा रोका गया, हमला किया गया और उनके नामांकन फॉर्म फाड़ दिए गए।

SFI ने अपने बयान में कहा है कि SFIऔर AISF के सदस्य आर्ट्स फैक्लिटी  के गेट नंबर 4 के सामने एबीवीपी द्वारा दोपहर 2:35 बजे हमला किया गया जब वह लोगो  अपनी उम्मीदवारी प्रस्तुत करने के लिए कॉन्फ्रेंस हॉल जा रहे थे। इस हमले में छात्रों के नामांकन पत्र फाड़ दिए गए ।

आगे उन्होंने कहा कि जब उन लोगो द्वारा नामांकन फॉर्म की प्रतियों के साथ नामांकन दाखिल करने का दूसरा प्रयास किया। तब फिर एबीवीपी द्वारा रोका गया जब उन्होंने छात्रों पर हमला किया यह हमला लगभग दोपहर 2:55 बजे के आसपास हुआ और फिर से नामांकन फॉर्म को फाड़ दिया।

परमानंद शर्मा, एक दृष्टिबाधित छात्र, और AISF के सदस्य है  और वो इस चुनाव में यूनाइटेड लेफ्ट पैनल के उम्मीद्वार थे,लेकिन वो आज अपन नामकंन भर नहीं पाए। इसके अलाव SFI के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष विकास भदौरिया पर भी हमला किया गया था।

ABVP  द्वारा इन हमलों और नामांकन फार्म  को फाड़े जाने के कारण, उम्मीदवार समय सीमा से पहले अपना नामांकन दाखिल नहीं कर सके।

AISF और SFI  ने  मांग  की है कि आवश्यक कदम उठाए जाएं और SFI  और AISF उम्मीदवारों के नामांकनपत्रों को स्वीकार किया जाए और एबीवीपी के अलोकतांत्रिक और हिंसक हमलों के खिलाफ आवश्यक करवाई की जाएं।

यह कोई फल मौका नहीं है जब ABVP   के लोगो पर छात्रों और खसतौर पर लेफ्ट संगठन के छात्रों पर हमले का आरोप लगा हो। अभी कुछ दिनों पहले 25 अगस्त रविवार शाम, स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया से जुड़े तीन छात्र कार्यकर्ताओं पर दिल्ली के विजय नगर में दस एबीवीपी कार्यकर्ताओं के एक समूह ने कथित तौर पर हमला कर दिया।

इस घटना में, एसएफआई के छात्र कार्यकर्ता सुमित कटारिया, हिमांशु और नोएल को हाथ में फैक्चर और सिर पर गंभीर चोटें आईं है।

एसएफआई अध्यक्ष विकास भदौरिया ने न्यूजक्लिक को बताया था कि, "पोस्टर चिपकाना छात्र कार्यकर्ता की सक्रियता का हिस्सा है।  इसके लाए छात्रों पर हमले हो रहे है। आगे उन्होंने कहा था कि  ये घटना एक पूर्व नियोजित प्रतीत होती है क्योंकि हमलावरों ने  पहले कार्यकर्ताओं को धमकी दी थी।

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