NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
पर्यावरण
भारत
असम में बिजली गिरने से 18 जंगली हाथियों की मौत, पोस्टमार्टम में हुई पुष्टि
रिपोर्ट में कहा गया है, "...हमारी राय में, कोंडोली पहाड़ियों में मृत पाए गए 18 हाथियों की बिजली गिरने से दुर्घटनावश मौत हुई थी।"
भाषा
03 Jun 2021
असम में बिजली गिरने से 18 जंगली हाथियों की मौत, पोस्टमार्टम में हुई पुष्टि
फ़ोटो साभार: सोशल मीडिया

गुवाहाटी: पिछले महीने असम के नगांव जिले में मृत पाए गए 18 जंगली हाथियों की बिजली गिरने से दुर्घटनावश मौत हो गई थी। पोस्टमार्टम जांच में इसकी पुष्टि हुई है।

फोरेंसिक, टॉक्सिकोलॉजी जैसी कई अन्य जांच रिपोर्टों और मौसम विज्ञान की रिपोर्ट में भी किसी भी तरह की गड़बड़ी न होने की बात कही गई और कोंडोली प्रस्तावित आरक्षित वन, जिसे बामुनी हिल्स के रूप में भी जाना जाता है, में हाथियों की बिजली गिरने से मौत होने की ओर इशारा किया।

पोस्टमार्टम करने के लिए गठित विशेषज्ञों की छह सदस्यीय टीम ने नगांव वन मंडल में हुई दुखद घटना के 15 दिन बाद 27 मई को असम सरकार के वन विभाग को अपनी रिपोर्ट सौंपी।

रिपोर्ट में कहा गया है, "...हमारी राय में, कोंडोली पहाड़ियों में मृत पाए गए 18 हाथियों की बिजली गिरने से दुर्घटनावश मौत हुई थी।"

रिपोर्ट की एक प्रति पीटीआई के पास है।

घटना स्थल पर परिस्थितिजन्य साक्ष्य, प्रयोगशाला रिपोर्ट और उस अवधि के दौरान मौसम संबंधी डेटा को ध्यान में रखते हुए रिपोर्ट तैयार की गई है।

फॉरेंसिक विज्ञान निदेशालय की फॉरेंसिक रिपोर्ट में कहा गया है कि मृत हाथियों के अंदर कोई जहर नहीं मिला।

Assam
elephant
Assam elephants died
lightning strikes

Related Stories

तेल एवं प्राकृतिक गैस की निकासी ‘खनन’ नहीं : वन्यजीव संरक्षण पैनल

बाघजान: तेल के कुंए में आग के साल भर बाद भी मुआवज़ा न मिलने से तनाव गहराया 

असम के बाघजान में गैस रिसाव के कारण हुआ 25 हज़ार करोड़ रुपये का नुकसान: रिपोर्ट

हरिद्वार-देहरादून के बीच 100 की रफ़्तार से दौड़ी ट्रेन, वन्यजीवों की बढ़ी चुनौती


बाकी खबरें

  • Ashish mishra
    न्यूजक्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर हत्याकांड: 12 घंटे की लंबी (नाटकीय) पूछताछ के बाद आशीष मिश्रा की गिरफ़्तारी, कोर्ट ने जेल भेजा
    10 Oct 2021
    पुलिस का कहना है कि आशीष मिश्रा जांच में सहयोग नहीं कर रहा था, इसलिए उसे अरेस्ट कर लिया गया है। इसके बाद हत्यारोपी आशीष मिश्रा को मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया गया। कोर्ट ने आशीष मिश्रा को 14 दिन की…
  • Mental Health
    वर्षा सिंह
    गैर-बराबरी वाले समाज में ट्रांसजेंडर समुदाय का मानसिक स्वास्थ्य
    10 Oct 2021
    “12-13-14 की उम्र में अपने शरीर और मन के बदलावों से गुज़र रहे ट्रांसजेंडर बच्चे को काउसिंलिंग की जरूरत होती है। परिवार सपोर्ट नहीं करता। हमारा स्वभाव, व्यवहार, अभिव्यक्ति अलग होते हैं। परिवारवाले…
  • BOOKS
    अजय सिंह
    समीक्षा: तीन किताबों पर संक्षेप में
    10 Oct 2021
    ‘गूंगी रुलाई का कोरस’, ‘पत्रकारिता का अंधा युग’ और ‘हवेली’ इन तीन किताबों पर वरिष्ठ कवि और लेखक अजय सिंह की संक्षिप्त टिप्पणी।
  • Squid Game
    मुकुल सरल
    Squid Game : पूंजीवाद का क्रूर खेल
    10 Oct 2021
    कुछ लोगों के पास इतना ज़्यादा है कि वे बोर होकर एक विद्रूप रचते हैं। दूसरे वो आम लोग हैं जो अपनी ज़िंदगी जीने के लिए क़र्ज़ के जाल में फंस गए हैं और उससे बाहर निकलने के लिए पूंजीवाद के हाथ के खिलौने…
  • beggars
    विजय विनीत
    पड़तालः स्मार्ट शहर बनारस में टूरिस्टों पर टूट पड़ते हैं भिखारी, दुनिया भर में बदनाम हो रहा ‘मोदी का क्योटो’ 
    10 Oct 2021
    भीख मांगना यूं तो क़ानूनन जुर्म है, लेकिन भीख अगर मजबूरी में मांगी जा रही है तो ऐसे व्यक्ति के प्रति सहानुभूति पूर्वक सोचने और उसके पुनर्वास के लिए काम करने की ज़रूरत है, लेकिन अगर भीख मांगना धंधा बन…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License