NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
घटना-दुर्घटना
अंतरराष्ट्रीय
रूस के साइबेरिया में कोयला खदान में आग लगने से 52 लोगों की मौत : रूसी मीडिया
दक्षिण-पश्चिमी साइबेरिया के केमेरोवो क्षेत्र में घटना के वक्त लिट्सव्याजहन्या खदान में कुल 285 लोग थे और ‘वेंटिलेशन सिस्टम’ के माध्यम से खदान में धुआं जल्दी ही भर गया। इससे पहले, बचाव दल ने 239 खनिकों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिनमें से 49 घायल थे।
एपी
26 Nov 2021
Siberia

मॉस्को: रूस के साइबेरिया में एक कोयला खदान में आग लगने की घटना में 52 खनिकों और बचावकर्मियों की मौत हो गई है। रूस की समाचार एजेंसियों ने यह जानकारी दी।

अधिकारियों ने पहले बताया था कि बचाव दल को 14 शव मिले हैं। वहीं, आग से उत्पन्न जहरीले धुएं के फैलने के कारण 38 लापता लोगों की तलाश के लिए चलाए जा रहे अभियान को रोक दिया गया था।

आधिकारिक समाचार एजेंसी ‘तास’ और ‘आरआईए-नोवोस्ती’ ने आपात सेवाओं के अधिकारियों के हवाले से बताया कि किसी के जिंदा बचने की कोई उम्मीद नहीं है।

समाचार एजेंसी ‘इंटरफैक्स’ ने क्षेत्रीय प्रशासन के एक अधिकारी के हवाले से बताया कि बृहस्पतिवार की घटना में मरने वालों की संख्या 52 हो गई है।

दक्षिण-पश्चिमी साइबेरिया के केमेरोवो क्षेत्र में घटना के वक्त लिट्सव्याजहन्या खदान में कुल 285 लोग थे और ‘वेंटिलेशन सिस्टम’ के माध्यम से खदान में धुआं जल्दी ही भर गया। इससे पहले, बचाव दल ने 239 खनिकों को सुरक्षित बाहर निकाला, जिनमें से 49 घायल थे।

रूस के उप अभियोजक जनरल दिमित्री देमशिन ने संवाददाताओं से कहा कि आशंका है कि किसी चिंगारी के कारण मीथेन विस्फोट हुआ, जिससे आग लगी। खनन के दौरान कोयले से निकलने वाली मीथेन (रंगहीन एवं गन्धहीन गैस) के कारण विस्फोट की घटनाएं दुर्लभ हैं, लेकिन वे कोयला खनन उद्योग में सबसे अधिक मौत का कारण बनती हैं।

रूस की जांच समिति ने सुरक्षा नियमों के उल्लंघन के कारण आग लगने के आरोप की आपराधिक जांच शुरू की है। खदान के निदेशक और दो वरिष्ठ प्रबंधकों को हिरासत में भी लिया गया है।

राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने मृतकों के परिजन के प्रति संवेदना व्यक्त की और सरकार को घायलों को हर संभव सहायता प्रदान करने का निर्देश दिया है।

वर्ष 2016 में रूस के सुदूर उत्तर में एक कोयला खदान में मीथेन गैस विस्फोट में 36 खनिक मारे गए थे। इसके बाद, अधिकारियों ने देश की 58 कोयला खदानों की सुरक्षा की समीक्षा की और उनमें से 20 को संभावित रूप से असुरक्षित घोषित किया। हालांकि, उस समय लिट्सव्याजहन्या खदान को असुरक्षित खदानों की श्रेणी में नहीं रखा गया था।

Russia
Siberia
Coal mine fire in Russia

Related Stories


बाकी खबरें

  • Olaf Scholz
    एम. के. भद्रकुमार
    मास्को की नपी-तुली कूटनीति काम कर रही है
    21 Feb 2022
    यूक्रेन पर रूसी हमले की संभावना सही मायने में कभी थी ही नहीं। हालांकि, अगर यूक्रेनी सेना अलगाववादी ताक़तों पर हमला करती है, तो डोनबास क्षेत्र में मास्को के हस्तक्षेप का होना सौ फ़ीसदी तय है।
  • sultanpur
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    यूपी चुनावः सुल्तानपुर चीनी मिल राज्य सरकार की अनदेखी से हुई जर्जर
    21 Feb 2022
    "सुल्तानपुर चीनी मिल के सही ढ़ंग से न चलने की वजह से इस इलाके के गन्ने की उपज प्राइवेट क्रशर मशीन में किसान मजबूरन दे देते हैं जहां से उनको गन्ने की कीमत आधी या दो-तिहाई ही मिल पाती है।"
  • abhisar
    न्यूज़क्लिक टीम
    यूपी में पीएम मोदी ने पार की चुनावी मर्यादा, जागो चुनाव आयोग
    21 Feb 2022
    आज के एपिसोड में वरिष्ठ पत्रकार अभिसार शर्मा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा अखिलेश यादव पर साधे गए निशाने पर बात की और उसको हास्यास्पद बताया। उसके साथ ही उन्होंने इस बात पर भी टिप्पणी की कैसे एक…
  • election
    रवि शंकर दुबे
    यूपी चुनाव चौथा चरण: लखीमपुर हिंसा और गोवंश से फ़सलों की तबाही जैसे मुद्दे प्रमुख
    21 Feb 2022
    उत्तर प्रदेश में तीन चरणों के चुनावों के बाद अब चौथे चरण के लिए जंग शुरू हो गई है, पश्चिमी उत्तर प्रदेश के बाद अब अवध की चुनावी परिक्रमा लगातार जारी है। लेकिन चौथे चरण में अवध की वो सीटे भी हैं जहां…
  • Ballia
    विजय विनीत
    बलिया: ''सबके वोटे के चिंता बा, चुनाव बाद रसड़ा चीनी मिल के बात केहू ना करे ला''
    21 Feb 2022
    देसी चीनी और गुड़ के लिए मशहूर रसड़ा, कभी ''रसदा'' के नाम से जाना जाता था। रसड़ा इलाके में कई घंटे गुजारने के बाद हमें इस बात का एहसास हो चला था कि रसड़ा में हर आदमी की जुबां पर सिर्फ़ एक ही सवाल है…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License