NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
उत्पीड़न
महिलाएं
भारत
राजनीति
चंदौली पहुंचे अखिलेश, बोले- निशा यादव का क़त्ल करने वाले ख़ाकी वालों पर कब चलेगा बुलडोज़र?
“मनराजपुर में लड़की की जान गई है और जान पुलिस ने ली है। यह हाथरस जैसी घटना का दुहराव है। लड़की की जघन्य तरीके से हत्या करने वाले पुलिसकर्मियों पर आखिर बुलडोज़र कब चलेगा? हमें तो इनकी जांच पर कतई भरोसा नहीं है। मामले की जांच हाईकोर्ट के जज करेंगे, तभी सच सामने आएगा”- अखिलेश यादव 
विजय विनीत
09 May 2022
Akhilesh Yadav

उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले के मनराजपुर गांव में अखिलेश यादव ने खाकी वर्दी पर लगे गंभीर आरोपों पर योगी सरकार को घेरा और निशा यादव की हत्या को दूसरा हाथरस कांड करार दिया। मनराजपुर वही गांव है जहां कुछ रोज पहले सैयदराजा थाने के कोतवाल उदय प्रताप सिंह और उनके हमराहियों पर एक निर्दोष युवती को पीट-पीटकर मौत के घाट उतारने का आरोप लगा है। खाकी वर्दी के खौफनाक रवैये को लेकर पब्लिक में खासा आक्रोश है।

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव सोमवार को तपती दुपहरिया में मनराजपुर पहुंचे और पीड़ित कन्हैया यादव और उनके परिवार से मिलकर सहानुभूति जताई और ढांढस बंधाया। यूपी की डबल इंजन की सरकार को आड़े हाथ लेते हुए अखिलेश ने सवाल किया, "मनराजपुर में लड़की की जान गई है और जान पुलिस ने ली है। यह हाथरस जैसी घटना का दुहराव है। लड़की की जघन्य तरीके से हत्या करने वाले पुलिसकर्मियों के घर पर आखिर कब बुलडोजर चलेगा? हमें तो इनकी जांच पर कतई भरोसा नहीं है। मामले की जांच हाईकोर्ट के जज करेंगे, तभी सच सामने आएगा।"

अखिलेश ने यह भी कहा, "पुलिस ने जानबूझकर मृतका निशा के पिता कन्हैया यादव पर मुकदमे लादे और बाद में राजनीतिक वजहों से उन्हें जिलाबदर किया गया। पुलिस को यह अधिकार किसने दे दिया कि दलबल के साथ वह गांव में पहुंचे और दबिश के नाम पर घर में घुसकर लड़कियों के साथ दरिंदगी शुरू कर दे। यूपी की डबल इंजन सरकार में अपराध का मीटर दोगुनी रफ्तार से बढ़ रहा है। आखिर ये राज्य को कहां लेकर जा रहे हैं। निशा यादव के हत्यारे पुलिसकर्मियों के खिलाफ सीधे तौर पर हत्या का मामला दर्ज हो। योगी सरकार वाकई न्यायदर्शी है तो वह इस घटना की निष्पक्ष जांच कराए।" 

पीड़ित परिवार से मिलकर अखिलेश यादव ने वादा किया कि समाजवादी पार्टी न्याय मिलने तक इस लड़ाई को लड़ेगी। समाजवादी पार्टी पीड़ित परिवार को कानूनी सहायता और आर्थिक मदद भी देगी। 

मृतका निशा यादव (गुड़िया) फाइल फोटो

पुलिस पर हत्या का आरोप

सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश ने चंदौली पुलिस पर आरोप लगाते हुए पूरी पुलिस व्यवस्था पर हमला बोला और यहां तक कहा, "सैयदराजा थाने से धड़ल्ले से शराब की तस्करी होती है। इस थाने की पुलिस को सत्ता का शह मिला है और इलाकाई भाजपा विधायक का भी। पीड़ित परिवार की सुरक्षा के लिए सरकार ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया है।

“आज जो लोग लोगों की जान ले रहे हैं वही सपा के शासन में जातिवाद का आरोप लगाते थे। भाजपा शासन में खुलेआम जातिवाद का खेल चल रहा है। सीएम अपने जनप्रतिनिधियों से कहते फिर रहे हैं कि पहले दलाली रोको। यह सरकार बुल्डोजर लेकर घूम रही है। योगी का बुल्डोजर सैयदराजा और ललितपुर में आखिर कब चलेगा? हाईकोर्ट की निगरानी में जांच नहीं हुई तो चंदौली पुलिस कोई दूसरा नया और नायाब कारनामा कर सकती है।"

मिर्जापुर में नमक-रोटी प्रकरण को उठाने वाले पत्रकार पवन जायसवाल के असामयिक निधन पर अखिलेश ने दुख जताया और सच के लिए लड़ने वाले बलिया और गाजीपुर के पत्रकारों की दिल से सराहना की। ज्ञानवापी के मुद्दे पर भी योगी सरकार को घेरा और कहा, "आरएसएस के साथ मिलकर भाजपा नफरत की राजनीति करती है। जरूरी मुद्दों से जनता का ध्यान भटकाने के लिए वह लोगों को लड़ाना शुरू कर देते हैं। यूपी में ऐसी सरकार है जो हर मोर्चे पर विफल है।"

इससे पहले अखिलेश ने बनारस में मीडिया से बातचीत में कहा, "यूपी पुलिस अब दबिश देने नहीं, दबंगई दिखाने जाती है। चंदौली में पीड़ित परिवार का आरोप है कि पुलिस ने उस लड़की की जान ली है जिसकी कुछ दिन बाद शादी होने वाली थी। चंदौली के मनराजपुर में पुलिस पूरी तैयार के साथ गई थी कि उसे किसी न किसी की जान लेनी है और उसने ले भी ली। यह पूर्वांचल का नया हाथरस कांड है और पुलिस के तमाम अफसरों के हाथ खून से रंगे हुए हैं।"  

पुलिस छावनी बना मनराजपुर 

चंदौली में सोमवार की सुबह से हवा में अजीब सी आक्रोश और बेचैनी की गंध घुली हुई थी। जिले के मनराजपुर गांव में आज दबिश के नाम पर ज्यादती के शिकार परिवार से सहानुभूति प्रकट करने और न्याय के भरोसा दिलाने यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश पहुंचे थे। इससे पहले मनराजपुर गांव पुलिस छावनी में बदल गया था। इस गांव में आम जनता को नहीं जाने दिया जा रहा था। जगह-जगह बैरियर लगाए गए थे। काफी जद्दोजहद के बाद मीडियाकर्मी भी वहां पहुंच पाए। कड़ी पूछताछ और छानबीन के बाद सपा नेताओं को मनराजपुर जाने दिया जा रहा था। इसी गांव की युवती निशा यादव को पुलिस द्वारा पीट-पीटकर मार डालने का आरोप है। पुलिस ने कथित तौर पर मृतका की छोटी बहन गुंजा यादव पर भी थर्ड डिग्री इस्तेमाल किया था। तभी समूचे जिले में पुलिस और प्रशासन के खिलाफ आक्रोश है। 

अखिलेश यादव के पहुंचने से पहले भाकपा माले, भाकियू, बसपा, प्रसपा, जन अधिकार पार्टी का प्रतिनिधिमंडल मनराजपुर का दौरा कर चुका है। आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता संजय सिंह ऐलानिया तौर पर निशा यादव की हत्या के लिए पुलिस व सरकार को दोषी ठहराते हुए सीबीआई जांच की मांग उठा चुके हैं। हैरत की बात यह है कि चंदौली के पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल ने मनराजपुर कांड में एक तरफ सैयदराजा के कोतवाल उदय प्रताप सिंह को निलंबित किया तो दूसरी ओर, अभियुक्त के सगे रिश्तेदार को बतौर कोतवाल नियुक्त दे दी। पुलिस जब आरोपों से घिरने लगी तब एसपी ने पलटी मारी और नए पुलिस अफसर की नियुक्ति की।

सैयदराजा थाना पुलिस जिस अभियुक्त कन्हैया सिंह को पकड़ने के लिए मनराजपुर पहुंची थी वह बालू का कारोबारी था। निशा यादव के परिजनों का आरोप है कि सत्तारूढ़ दल के एक विधायक बालू के बड़े कारोबारी हैं। इस विधायक के इशारे पर पुलिस ने रेड डाला और लड़की की हत्या कर दी।  

पुलिसिया कारस्तानी पर गुस्सा

मनराजपुर घटना के बाद से मानिकपुर सानी, ककरही, दुधारी, छतेम, रानिया, रेवसा, सैयदराज़ा, मरुई, छतरपुरा, तेन्दुहान, फेसुना, धारूपुर, बगही, भतीजा, चारी, परेवा, तेजोपुर, खेदाई-नारायनपुर, सोगाई, काजीपुर और नौबतपुर समेत दर्जनों गांवों के लोगों में इस बात पर रंज और गुस्सा है कि पुलिस गुंडों व अपराधियों को मात देने लगी है। चंदौली के सपा जिलाध्यक्ष सत्यनारायण राजभर कहते हैं, "जब नागरिकों की सुरक्षा के झंडाबरदार ही शक के दायरे में आ जाएंगे तो सीधे-सादे ग्रामीण समाज का क्या होगा? पुलिसया जुल्म की शिकार निशा यादव (गुड़िया) की मौत न्याय मांग रही है और योगी सरकार खामोश बैठी है। गंभीर रूप से घायल छोटी बहन गुंजन की हालत नाजुक बनी हुई है।" 

राजभर यह भी कहते हैं, "कन्हैया की बेटियों ने आखिर सैयदराजा थाना पुलिस का क्या बिगाड़ा था? जांच-पड़ताल कानून के दायरे में करके लौट आना चाहिए था। सत्ता में नंबर बढ़वाने और भाजपा नेताओं को खुश करने के लिए पुलिस ने कन्हैया की बेटियों को इस कदर पीट डाला कि एक की मौत हो गई और दूसरी अस्पताल में जिंदगी व मौत से जूझ रही है। कुछ ही दिन बाद निशा की शादी होनी थी। कन्हैया बालू के कारोबारी थे और वह पुलिस को तय रकम नहीं देते थे। सैयदराजा थाने की पुलिस उनसे चौथ वसूली करना चाहती थी।" 

"सैयदराजा थाने के इंस्पेक्टर उदय प्रताप सिंह को कन्हैया का तेवर नागवार गुजरता था। पुलिस ने कन्हैया को पहले फर्जी मामले दर्जकर गुंडा एक्ट में निरुद्ध किया और बाद में जान लेने पर उतारू हो गई। पुलिस की दबंगई जारी है, तभी तो इस मामले में अभी तक कोई पुलिसकर्मी गिरफ्तार नहीं हुआ है और हत्या का मामला भी दर्ज नहीं हो सका है।"

चंदौली की गार्गी सिंह पटेल ने न्यूजक्लिक से कहा, "साल भर पहले इसी जिले में पुलिसिया बर्बरता की घटना प्रकाश में आई थी। चकिया के अकोढ़वा में डॉली मौर्या नामक लड़की की हत्या भी पुलिसिया मिलीभगत और भाजपा नेताओं के शह पर की गई थी। इस मामले की पुलिस न कायदे से जांच कर रही है और न ही दोषियों को सजा दिला रही है। ऐसी ही कहानी मनराजपुर में दुहराई गई है।" 

कस्बे-गांवों में मशाल जुलूस 

मनराजपुर दबिश कांड के विरोध में और आरोपियों पर 302 का मुकदमा दर्ज करने के लिए कई गांवों में मशाल जुलूस निकाले जा रहे हैं। शनिवार को मनराजपुर से महज दो किमी दूर स्थित सैयदराजा के नेशनल इंटर कॉलेज से सैयदराजा थाने तक निकाले गए जुलूस में बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया था। जुलूस में शामिल होने के लिए आसपास के दर्जनों गांवों के पहुचे और सामाजिक न्याय की गुहार लगाई। जुलूस में शामिल मनराजपुर के दीपक ने "न्यूजक्लिक" से बातचीत में कहा, "मनराजपुर में निशा यादव की कातिल अगर पुलिस नहीं है तो फिर कौन है? दोनों बेटियों से बर्बरता का दोषी कौन है? अगर पुलिस दोषी है तो उनकी गिरफ्तारी क्यों नहीं की जा रही है।" 

चंदौली के पत्रकार राजीव सिंह कहते हैं, "अकोढ़वा के डॉली मौर्य प्रकरण में आरोपियों को सजा नहीं मिलने से बदमाशों के हौसलें बुलंद हैं। चंदौली पुलिस का रवैया न्यायदर्शी नहीं है। निशा की मौत के बाद प्रशासन ने जिस तरह से पोस्टमार्टम कराया है, उसकी गहन विवेचना करने की जरूरत है। उच्चस्तरीय जांच से ही समूचा मामला उजागर हो सकता है। मनराजपुर कांड में चंदौली पुलिस पर जिस तरह से तल्ख आरोप लग रहे उससे जनता का भरोसा डगमगाता नजर आ रहा है। गुड़िया को न्याय दिलाने के लिए बसपा की दिल्ली प्रभारी और देश की जानी-मानी अधिवक्ता सीमा समृद्धि ने मुफ्त में मुकदमा लड़ने का ऐलान किया है।"

ये भी पढ़ें: चंदौली: कोतवाल पर युवती का क़त्ल कर सुसाइड केस बनाने का आरोप

Nisha yadav Murder
Murder in UP
UP crime
crime in up
AKHILESH YADAV
UP police
UP Law And Order
Women safety and security
Yogi Adityanath

Related Stories

चंदौली: निशा यादव हत्या मामले में सड़क पर उतरे किसान-मज़दूर, आरोपियों की गिरफ़्तारी की माँग उठी

यूपी : महिलाओं के ख़िलाफ़ बढ़ती हिंसा के विरोध में एकजुट हुए महिला संगठन

चंदौली: कोतवाल पर युवती का क़त्ल कर सुसाइड केस बनाने का आरोप

प्रयागराज में फिर एक ही परिवार के पांच लोगों की नृशंस हत्या, दो साल की बच्ची को भी मौत के घाट उतारा

प्रयागराज: घर में सोते समय माता-पिता के साथ तीन बेटियों की निर्मम हत्या!

आज़म खान-शिवपाल का साथ छोड़ना! क्या उबर पाएंगे अखिलेश यादव?

उत्तर प्रदेश: योगी के "रामराज्य" में पुलिस पर थाने में दलित औरतों और बच्चियों को निर्वस्त्र कर पीटेने का आरोप

बिहार: 8 साल की मासूम के साथ बलात्कार और हत्या, फिर उठे ‘सुशासन’ पर सवाल

मध्य प्रदेश : मर्दों के झुंड ने खुलेआम आदिवासी लड़कियों के साथ की बदतमीज़ी, क़ानून व्यवस्था पर फिर उठे सवाल

चुनाव के रंग: कहीं विधायक ने दी धमकी तो कहीं लगाई उठक-बैठक, कई जगह मतदान का बहिष्कार


बाकी खबरें

  • sudan
    पवन कुलकर्णी
    सूडान के दारफुर क्षेत्र में हिंसा के चलते 83,000 से अधिक विस्थापित: ओसीएचए 
    18 Dec 2021
    सूडान की राजधानी खार्तूम, खार्तूम नार्थ, ओम्डुरमैन सहित देशभर के कई राज्यों के कई अन्य शहरों में गुरूवार 16 दिसंबर को विरोध प्रदर्शनों के दौरान “दारफुर का खून बहाना बंद करो” और “सभी शहर दारफुर हैं”…
  • air india
    भाषा
    पायलटों की सेवाएं समाप्त करने का निर्णय खारिज किये जाने के खिलाफ एअर इंडिया की अर्जी अदालत ने ठुकराई
    18 Dec 2021
    अदालत ने कहा, ‘‘सरकार और उसकी इकाई एक आदर्श नियोक्ता के रूप में कार्य करने के लिए बाध्य हैं और इसलिए, उसे पायलटों को ऐसे समय संगठन (एअर इंडिया) की सेवा करने के अधिकार से वंचित करते नहीं देखा जा सकता…
  • Goa Legislative Assembly
    राज कुमार
    गोवा चुनाव 2022: राजनीतिक हलचल पर एक नज़र
    18 Dec 2021
    स्मरण रहे कि भाजपा ने जिन दो पार्टियों के बल पर सरकार बनाई थी वो दोनों ही पार्टियां भाजपा का साथ छोड़ चुकी है। गोवा फॉरवर्ड पार्टी कांग्रेस का समर्थन कर रही है तो महाराष्ट्रवादी गोमंतक पार्टी तृणमूल…
  • Nuh
    सबरंग इंडिया
    नूंह के रोहिंग्या कैंप में लगी भीषण आग का क्या कारण है?
    18 Dec 2021
    हरियाणा के नूंह में लगी आग में रोहिंग्याओं की 32 झुग्गियां जलकर खाक हो गईं। उत्तर भारत के रोहिंग्या शरणार्थी शिविर में इस साल इस तरह की यह तीसरी आग है
  • covid
    भाषा
    ओमीक्रॉन को रोकने के लिए जन स्वास्थ्य सुविधाएं, सामाजिक उपाय तत्काल बढ़ाने की ज़रूरत : डब्ल्यूएचओ
    18 Dec 2021
    डब्ल्यूएचओ अधिकारी ने कहा, ‘‘हमें आगामी हफ्तों में और सूचना मिलने की संभावना है। ओमीक्रॉन को हल्का मानकर नज़रअंदाज नहीं करना चाहिए।’’
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License