NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
अमेरिका
अमेरिकाः पुलिस की गोलीबारी से लोग नाराज़, किया विरोध प्रदर्शन
मिनियापोलिस में पुलिस की गोलीबारी से 20 वर्षीय डौंटे राइट की मौत ऐसे समय में हुई है जब शहर में डेरेक चौविन की सुनवाई जारी है। पूर्व पुलिस अधिकारी चौविन कुछ समय पहले हुई जॉर्ज फ़्लॉइड की हत्या का मुख्य आरोपी है।
पीपल्स डिस्पैच
12 Apr 2021
अमेरिकाः पुलिस की गोलीबारी से लोग नाराज़, किया विरोध प्रदर्शन

पुलिस की गोलीबारी में एक अन्य अश्वेत व्यक्ति की मौत के बाद अमेरिका के मिनेसोटा प्रांत में मिनियापोलिस में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन हुआ। रविवार 11 अप्रैल को दोपहर के समय मिनियापोलिस में ब्रुकलिन सेंटर के पास एक पुलिस अधिकारी ने 20 वर्षीय डौंटे राइट को उस समय गोली मार जब वह अपनी कार में था। राइट को तब गोली मारी गई थी जब उसे कथित यातायात उल्लंघन के चलते पकड़ा गया था।

पुलिस ने कहा कि ये गोलीबारी तब हुई जब हिरासत में लेने के दौरान राइट अधिकारियों से भागने की कोशिश कर रहा था। इस गोलीबारी के चलते कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई जिससे राइट का साथी घायल हो गया। पुलिस अभी तक यह खुलासा नहीं कर पाई है कि राइट को क्यों गिरफ्तार किया जा रहा था या उसे हिरासत में क्यों लिया गया था।

राइट की मां के अनुसार वह उससे बातचीत कर रही थीं जब पुलिस ने उसे पूछताछ के लिए खींचा था।

ये गोलीबारी ऐसे समय हुई है जब एक साल से भी कम समय में जॉर्ज फ्लॉयड की हत्या के बाद से मिनियापोलिस इस मामले से निपटने की कोशिश कर रहा है। यहां फ्लॉयड की हत्या के आरोप का सामना कर रहे मुख्य आरोपी पूर्व पुलिस अधिकारी डेरेक चैविन पर सुनवाई जारी है।

राइट के लिए न्याय की मांग करते हुए सैकड़ों प्रदर्शनकारी ब्रुकलिन सेंटर पुलिस स्टेशन के पास इकट्ठा हो गए। शहर में तैनात दर्जनों दंगा रोधी पुलिस से प्रदर्शनकारियों का सामना हुआ। पुलिस ने इलाके को खाली कराने के लिए हिंसक कार्रवाई करते हुए आंसू गैस के गोले दागे।

फ्लॉयड की मौत के बाद ये शहर नस्लवाद और पुलिस हिंसा के खिलाफ देशव्यापी विरोध प्रदर्शन का केंद्र बन गया था। मिनियापोलिस में इस आंदोलन ने पुलिस उन्मूलन की राष्ट्रव्यापी आह्वान को भी प्रेरित किया। इसके कारण आखिरकार नगर परिषद को मिनियापोलिस पुलिस विभाग को भंग करने का पहला प्रस्ताव पारित करना पड़ा।

America
Minneapolis Police
america protest

Related Stories

और फिर अचानक कोई साम्राज्य नहीं बचा था

क्या दुनिया डॉलर की ग़ुलाम है?

यूक्रेन में छिड़े युद्ध और रूस पर लगे प्रतिबंध का मूल्यांकन

पड़ताल दुनिया भर कीः पाक में सत्ता पलट, श्रीलंका में भीषण संकट, अमेरिका और IMF का खेल?

लखनऊ में नागरिक प्रदर्शन: रूस युद्ध रोके और नेटो-अमेरिका अपनी दख़लअंदाज़ी बंद करें

यूक्रेन पर रूस के हमले से जुड़ा अहम घटनाक्रम

यूक्रेन की बर्बादी का कारण रूस नहीं अमेरिका है!

कोविड -19 के टीके का उत्पादन, निर्यात और मुनाफ़ा

अमेरिका और चीन के राष्ट्रपति के बीच वार्ता का दांव और अफ़ग़ानिस्तान के बहाने शांति का दौर

क्या बंदूक़धारी हमारे ग्रह को साँस लेने देंगे


बाकी खबरें

  • make in india
    बी. सिवरामन
    मोदी का मेक-इन-इंडिया बहुराष्ट्रीय कंपनियों द्वारा श्रमिकों के शोषण का दूसरा नाम
    07 Jan 2022
    बहुराष्ट्रीय कंपनियों के गिग कार्यकर्ता नई पीढ़ी के श्रमिक कहे जा सकते  हैं, लेकिन वे सीधे संघर्ष में उतरने के मामले में ऑटो व अन्य उच्च तकनीक वाले एमएनसी श्रमिकों से अब टक्कर लेने लगे हैं। 
  • municipal elections
    फर्राह साकिब
    बिहारः नगर निकाय चुनावों में अब राजनीतिक पार्टियां भी होंगी शामिल!
    07 Jan 2022
    ये नई व्यवस्था प्रक्रिया के लगभग अंतिम चरण में है। बिहार सरकार इस प्रस्ताव को विधि विभाग से मंज़ूरी मिलने के पश्चात राज्य मंत्रिपरिषद में लाने की तैयारी में है। सरकार की कैबिनेट की स्वीकृति के बाद इस…
  • Tigray
    एम. के. भद्रकुमार
    नवउपनिवेशवाद को हॉर्न ऑफ़ अफ्रीका की याद सता रही है 
    07 Jan 2022
    हिंद महासागर को स्वेज नहर से जोड़ने वाले रणनीतिक तौर पर बेहद महत्वपूर्ण लाल सागर पर अपने नियंत्रण को स्थापित करने की अमेरिकी रणनीति की पृष्ठभूमि में चीन के विदेश मंत्री वांग यी की अफ्रीकी यात्रा काफी…
  • Supreme Court
    अजय कुमार
    EWS कोटे की ₹8 लाख की सीमा पर सुप्रीम कोर्ट को किस तरह के तर्कों का सामना करना पड़ा?
    07 Jan 2022
    आर्थिक तौर पर कमजोर वर्ग को आरक्षण देने के लिए ₹8 लाख की सीमा केवल इस साल की परीक्षा के लिए लागू होगी। मार्च 2022 के तीसरे हफ्ते में आर्थिक तौर पर कमजोर सीमा के लिए निर्धारित क्राइटेरिया की वैधता पर…
  • bulli bai aap
    सना सुल्तान
    विचार: शाहीन बाग़ से डरकर रचा गया सुल्लीडील... बुल्लीडील
    07 Jan 2022
    "इन साज़िशों से मुस्लिम औरतें ख़ासतौर से हम जैसी नौजवान लड़कियां ख़ौफ़ज़दा नहीं हुईं हैं, बल्कि हमारी आवाज़ और बुलंद हुई है।"
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License