NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
आंदोलन
समाज
भारत
राजनीति
संशोधित नागरिकता कानून पर देश भर में आक्रोश...विरोध...प्रदर्शन
नागरिकता संशोधन अधिनियम के खिलाफ लेफ्ट समेत दूसरे दलों और सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा बुलाया गया विरोध प्रदर्शन गुरुवार को पूरे देश में जारी है। इसी क्रम में कर्नाटक और उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में धारा 144 लागू कर दी गई है।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
19 Dec 2019
ANTI CAA PROTEST

नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ देशभर में विरोध प्रदर्शनों का दौर जारी है। लेफ्ट पार्टियो ने देश के अलग-अलग हिस्सों में बंद का आह्वान किया है।  दिल्ली में लाल किला क्षेत्र के आसपास लागू निषेधाज्ञा का उल्लंघन करते हुए बृहस्पतिवार को सैकड़ों लोगों ने संशोधित नागरिकता कानून (सीएए) के विरोध में मार्च शुरू किया।
 
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आज दो विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। एक विरोध प्रदर्शन छात्रों और सामाजिक कार्यकर्ताओं की ओर से आयोजित किया गया है जबकि दूसरा प्रदर्शन वामपंथी पार्टियों ने आहूत किया है। दोनों ही मार्च आईटीओ के निकट शाहीन पार्क में मिलेंगे।

स्वराज्य अभियान के प्रमुख योगेंद्र यादव ने कहा, ‘मैं जानता हूं कि हमारे कई साथियों को हिरासत में लिया जा रहा है, इसके बावजूद कई लोग यहां एकत्र हुए।’ उन्होंने कहा कि इस देश में नागरिकता का बंटवारा नहीं किया जा सकता और ‘इसीलिए हमने आज विरोध प्रदर्शन का आह्वान किया है।’
 
वहीं, संशोधित नागरिकता कानून के विरोध में प्रदर्शनों के मद्देनजर बृहस्पतिवार को दिल्ली के 14 मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद कर दिए गए हैं। इससे पहले डीएमआरसी ने सात मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद रहने की जानकारी दी थी। ये मेट्रो स्टेशन लाल किला, जामा मस्जिद, चांदनी चौक, जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय, जसोला विहार, शाहीन बाग और मुनीरका हैं।

इसके बाद डीएमआरसी के नए ट्वीट में कहा है, ‘पटेल चौक, लोक कल्याण मार्ग, उद्योग भवन, आईटीओ, प्रगति मैदान और खान मार्केट मेट्रो स्टेशनों के प्रवेश और निकास द्वार बंद रहेंगे।’

केंद्रीय सचिवालय मेट्रो स्टेशन के दरवाजे भी बंद हैं लेकिन यात्रियों के लिए ट्रेन बदलने की सुविधा उपलब्ध है।

वहीं, दूसरी ओर नागरिकता कानून के विरुद्ध होने वाले प्रदर्शन के मद्देनज़र आज बृहस्पतिवार को उत्तर प्रदेश में धारा 144 लगा दी गई है। प्रदेश प्रशासन ने किसी भी तरह के धरना प्रदर्शन की अनुमति नहीं दी है। लेकिन वामपंथी दलों और नागरिक समाज ने कहा है कि वह शासन-प्रशासन की पाबंदियों के बावजूद राजधानी लखनऊ समेत पूरे प्रदेश में कैप के विरुद्ध प्रदर्शन करेंगे।

लखनऊ में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस के नेता उग्र प्रदर्शन कर रहे हैं। विधानसभा में सदन शुरू होने से पहले कांग्रेस और एसपी के विधायकों ने विधानसभा के बाहर सड़क पर प्रदर्शन किया। इतना ही नहीं वे विधानसभा के मुख्य गेट पेर चढ़ गए। पुलिस को उन्हें वहां से हटाने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। इधर, लखनऊ में केडी सिंह बाबू मेट्रो स्टेशन को बंद कर दिया गया है।

उत्तर प्रदेश के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ओ.पी. सिंह ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। सिंह ने ट्वीट किया, '19 दिसंबर 2019 को पूरे प्रदेश में धारा 144 लागू रहेगी और किसी भी सभा के लिए कोई अनुमति नहीं दी गई है। कृपया कोई भी व्यक्ति किसी भी सभा में भाग ना लें। माता-पिता से भी अनुरोध है कि वे अपने बच्चों की काउंसलिंग करें।'

वहीं, कर्नाटक में धारा 144 आदेशों के बावजूद विवादित नागरिकता संशोधन अधिनियम  के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन जारी है। कर्नाटक में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन के बाद, प्रशासन ने बेंगलुरु और मंगलुरु में निषेधाज्ञा लागू कर दी है। धारा 144 के तहत बड़ी सभाओं पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।

बेंगलुरु में मशहूर इतिहासकर व लेखक रामचंद्र गुहा को पुलिस ने हिरासत में लिया है। यहां करीब 30 प्रदर्शनकारियों को भी हिरासत में लिया गया है। नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शनकारियों ने आज शहर में मार्च निकालने का फैसला किया था। बेंगलुरु पुलिस ने इस प्रदर्शन की मंजूरी नहीं दी थी जिसके बाद सुबह से ही मुख्य सड़कों पर भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर दी गई थी।

रामचंद्र गुहा भी प्रदर्शनकारियों के साथ मार्च में शामिल हुए, जिसके बाद पुलिस ने गुहा सहित 30 लोगों को हिरासत में ले लिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों की पुलिस के साथ झड़प भी हुई। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है।

कर्नाटक के कलबुर्गी में भी वामपंथी नेताओं और मुस्लिम संगठन से जुड़े नेताओं ने नागरिकता संशोधन कानून का विरोध किया। यहां विरोध कर रहे करीब 20 प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने हिरासत में लिया है।

हैदराबाद में नागरिकता कानून का विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने हिरासत में लिया।

दिल्ली-गुड़गांव बॉर्डर और दिल्ली के कई इलाकों में गुरुवार की सुबह से जबरदस्त ट्रैफिक जाम है। नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ प्रदर्शन के कारण सड़कों पर दिल्ली पुलिस के बैरिकेड लगा रखा है और कई जगहों पर रूट डायवर्जन भी किया है।

आपको बता दें कि गुरुवार को कई बड़े शहरों में इस कानून के विरोध में प्रदर्शन हो रहा है। हालांकि इससे पहले बुधवार शाम को प्रशासन ने तीन शहरों दिल्ली, लखनऊ और बेंगलुरू में प्रदर्शन की इजाजत नहीं दी थी।

वहीं मुंबई, चेन्नई, पुणे, हैदराबाद, नागपुर, भुवनेश्वर, कोलकाता और भोपाल में प्रदर्शनों पर कोई रोक नहीं लगाई गई है। पटना में भी विरोध हो रहा है। इस दौरान राजेंद्र नगर और दरभंगा में कम्युनिस्ट संगठनों ने रेल रोक दी है।

Protest against CAA
Protest Against CAA on 19th
NRC CAA protest
all india protest
Citizenship Amendment Act
left parties

Related Stories

वाम दलों का महंगाई और बेरोज़गारी के ख़िलाफ़ कल से 31 मई तक देशव्यापी आंदोलन का आह्वान

बिहार में भी दिखा रेल रोको आंदोलन का असर, वाम दलों ने बढ़चढ़ कर हिस्सा लिया

बिहार में दिखा 'भारत बंद' का असर, महागठबंधन भी उतरा सड़कों पर

सीएए : एक और केंद्रीय अधिसूचना द्वारा संविधान का फिर से उल्लंघन

झारखण्ड – बिहार : बेतहाशा महंगाई के ख़िलाफ़ वाम दलों का विरोध पखवाड़ा, मोदी सरकार के पुतले जले 

नताशा और महावीर नरवाल: इंसाफ़ एक दूर की कौड़ी

बिहार में भी किसानों की हलचल तेज़, पटना की महापंचायत में 26 मार्च के भारत बंद को ऐतिहासिक बनाने की अपील

किसान आंदोलन के समर्थन में खड़ा हुआ पटना का नागरिक समाज

नितीश राज में नियोजन की मांग कर रहे अभ्यर्थी युवाओं को मिली पुलिस की लाठी !

झारखंड और बिहार में वाम दलों की अगुवाई में कृषि कानूनों को रद्द करने के लिए जारी है दमदार संघर्ष!


बाकी खबरें

  • leather industry
    न्यूज़क्लिक टीम
    बंद होने की कगार पर खड़ा ताज नगरी का चमड़ा उद्योग
    10 Feb 2022
    आगरा का मशहूर चमड़ा उद्योग और उससे जुड़े कारीगर परेशान है। इनका कहना है कि सरकार इनकी तरफ ध्यान नही दे रही जिसकी वजह से पॉलिसी दर पॉलिसी इन्हें नुकसान पे नुक्सान हो रहा है।
  • Lakhimpur case
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखीमपुर कांड: मुख्य आरोपी और केंद्रीय मंत्री के बेटे आशीष मिश्रा को मिली ज़मानत
    10 Feb 2022
    केंद्रीय मंत्री के बेटे की ओर से पेश वकील ने अदालत से कहा था कि उनका मुवक्किल निर्दोष है और उसके खिलाफ कोई सबूत नहीं है कि उसने किसानों को कुचलने के लिए घटना में शामिल वाहन के चालक को उकसाया था।
  • uttarakhand
    मुकुंद झा
    उत्तराखंड चुनाव : टिहरी बांध से प्रभावित गांव आज भी कर रहे हैं न्याय की प्रतीक्षा!
    10 Feb 2022
    उत्तराखंड के टिहरी ज़िले में बने टिहरी बांध के लिए ज़मीन देने वाले ग्रामीण आज भी बदले में ज़मीन मिलने की आस लगाए बैठे हैं लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है।
  •  Bangladesh
    पीपल्स डिस्पैच
    बांग्लादेश: सड़कों पर उतरे विश्वविद्यालयों के छात्र, पुलिस कार्रवाई के ख़िलाफ़ उपजा रोष
    10 Feb 2022
    बांग्लादेश में शाहजलाल विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के छात्रों के खिलाफ हुई पुलिस कार्रवाई के बाद, देश के कई विश्वविद्यालयों में छात्र एकजुटता की लहर दौड़ गई है। इन प्रदर्शनकारी छात्रों ने…
  • Newsletter
    ट्राईकोंटिनेंटल : सामाजिक शोध संस्थान
    वैश्विक निरक्षरता के स्थिर संकट के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाएँ
    10 Feb 2022
    संयुक्त राष्ट्र ने नोट किया कि 'दुनिया भर में 150 करोड़ से अधिक छात्र और युवा कोविड-19 महामारी के कारण बंद स्कूल और विश्वविद्यालयों से प्रभावित हो रहे हैं या प्रभावित हुए हैं'; कम से कम 100 करोड़…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License