NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
बंगाल चुनाव: सातवें चरण में 34 सीटों पर मतदान जारी
सातवें चरण में मुर्शिदाबाद और पश्चिम वर्द्धमान जिलों की नौ विधानसभा सीटों तथा दक्षिण दिनाजपुर और मालदा जिलों की छह-छह सीटों और कोलकाता की चार सीटों के 12,068 मतदान केंद्रों पर वोट डाले जा रहे हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
26 Apr 2021
बंगाल चुनाव: सातवें चरण में 34 सीटों पर मतदान जारी
Image courtesy : Hindustan Times

कोलकाता: कोविड-19 की दूसरी लहर और सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के दावों के बीच पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के सातवें चरण के तहत राज्य की 34 सीटों पर आज मतदान जारी है।

मतदान सुबह सात बजे आरंभ हुआ। अधिकांश मतदान केंद्रों पर मतादाताओं की लंबी कतारें देखी गई। बहुत लोग कोरोना से बचाव के उपायों का पालन करते हुए अपने-अपने मतदान केंद्रों पर अपनी बारी आने का इंतजार करते दिखे।

इस चरण में 86 लाख से अधिक मतदाता मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के गृह निर्वाचन क्षेत्र भवानीपुर सहित 34 सीटों पर 284 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करेंगे।

सातवें चरण के चुनाव में सुबह नौ बजे तक 17.95 फीसदी मतदान की ख़बर थी। जबकि दोपहर ख़बर लिखे जाने तक यह मत प्रतिशत बढ़कर 37.72 प्रतिशत हो गया था।

एक निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि चुनाव के पूर्व के चरणों में हुई हिंसा के मद्देनजर सातवें चरण के मतदान के लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। ज्ञात हो कि चौथे चरण में कूचबिहार में मतदान के दौरान हिंसा हो गई थी जिसमें पांच लोगों मारे गए थे।

उन्होंने बताया कि निर्वाचन इकाई ने स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए इस चरण में केंद्रीय बलों की कम से कम 796 कंपनी तैनात की गई है।

अधिकारी ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया के दौरान कोविड-19 संबंधी प्रोटोकॉल का कड़ा अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए भी कदम उठाए गए हैं।

राज्य में एक दिन में कोविड-19 के सबसे अधिक 15,889 मामले रविवार को आए थे जबकि 57 ओर लोगों की मौत हो गई।

सातवें चरण में मुर्शिदाबाद और पश्चिम वर्द्धमान जिलों की नौ विधानसभा सीटों तथा दक्षिण दिनाजपुर और मालदा जिलों की छह-छह सीटों और कोलकाता की चार सीटों के 12,068 मतदान केंद्रों पर वोट डाले जा रहे हैं।

इनमें भवानीपुर निर्वाचन क्षेत्र भी शामिल है जहां से तृणमूल कांग्रेस प्रमुख ममता बनर्जी मौजूदा विधायक हैं और वह इसी क्षेत्र की निवासी हैं।

बनर्जी ने इस बार नंदीग्राम से चुनाव लड़ा है और अपने गृह निर्वाचन क्षेत्र से अपनी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं राज्य के विद्युत मंत्री सोभनदेब चट्टोपाध्याय को उम्मीदवार बनाया है।

भाजपा ने भवानीपुर से अभिनेता रुद्रनील घोष को अपना उम्मीदवार बनाया है जो तृणमूल कांग्रेस छोड़कर भगवा दल में शामिल हो गए थे।

यह सातवां चरण पश्चिम बंगाल के इस्पात और कोयला खदान वाले क्षेत्र में प्रमुख तौर पर स्थित है। इन क्षेत्रों में मुख्य मुकाबला वाम मोर्चा के युवा चेहरों के बदलाव के वादे और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की धर्म की राजनीति के बीच भी है।

दुर्गापुर पूर्बा विधानसभा क्षेत्र में कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ़ इंडिया (मार्क्सवादी) के उम्मीदवार आभास राय चौधरी अपनी सीट से दोबारा चुनाव जीतने की लड़ाई लड़ रहे हैं। पिछले चुनाव में इस्पात नगर की दोनों विधानसभा सीटों पर वाम समर्थित उम्मीदवार विजयी रहे थे।

जमुरिया विधानसभा क्षेत्र में,  जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय छात्र संघ की  अध्यक्ष आइशी  घोष सीपीआइ (एम) की तरफ से तृणमूल कांग्रेस नेता हरेराम सिंह को चुनौती दे रही हैं।

रानीगंज में,  वाममोर्चा के निवर्तमान विधायक हेमंत कुमार प्रभाकर चुनाव मैदान में हैं,  जबकि पांडेश्वर में सुभाष बाउरी वाममोर्चे का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।

राज्य में छह चरण का मतदान पहले ही समाप्त हो चुका है। आखिरी एवं आठवें चरण का मतदान बृहस्पतिवार को होगा। मतों की गिनती दो मई को होगी।

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ)

West Bengal
West Bengal Elections 2021
WB Elections Update
TMC
BJP

Related Stories

राज्यपाल की जगह ममता होंगी राज्य संचालित विश्वविद्यालयों की कुलाधिपति, पश्चिम बंगाल कैबिनेट ने पारित किया प्रस्ताव

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

बॉलीवुड को हथियार की तरह इस्तेमाल कर रही है बीजेपी !


बाकी खबरें

  • CORONA
    न्यूज़क्लिक टीम
    चिंता: कोरोना ने फिर रफ़्तार पकड़ी, देश में 24 घंटों में 2 लाख के क़रीब नए मामले
    12 Jan 2022
    देश में 24 घंटों में कोरोना के 1,94,443 नए मामले सामने आए हैं। देश में अब कोरोना संक्रमण के मामलों की संख्या बढ़कर 3 करोड़ 60 लाख 70 हज़ार 233 हो गयी है।
  • Maurya
    मुकुल सरल
    स्वामी प्रसाद मौर्य का जाना: ...फ़र्क़ साफ़ है
    12 Jan 2022
    यह केवल दल-बदल या अवसरवाद का मामला नहीं है, यह एक मंत्री ने इस्तीफ़ा दिया है, वो भी श्रम मंत्री ने। यह योगी सरकार की विफलता ही दिखाता है। इसका जवाब योगी जी से लिया ही जाना चाहिए।
  • CORONA
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    तीसरी लहर को रोकने की कैसी तैयारी? डॉक्टर, आइसोलेशन और ऑक्सीजन बेड तो कम हुए हैं : माकपा
    12 Jan 2022
    मध्यप्रदेश में माकपा नेता के अनुसार दूसरी लहर की तुलना में डॉक्टरों की संख्या 1132 से घट कर 705 हो गई है। इसी तरह आइसोलेशन बेड की संख्या 29247 से घटकर 16527 रह गई है। इसी प्रकार ऑक्सीजन बैड भी 28,152…
  • Protest in Afghanistan
    पीपल्स डिस्पैच
    अफ़ग़ानिस्तान में सिविल सोसाइटी और अधिकार समूहों ने प्रोफ़ेसर फ़ैज़ुल्ला जलाल की रिहाई की मांग की
    12 Jan 2022
    काबुल यूनिवर्सिटी में राजनीति विज्ञान और क़ानून पढ़ाने वाले डॉ. जलाल तालिबान और अफ़ग़ानिस्तान के पिछले प्रशासन के आलोचक रहे हैं। उन्होंने महज़ सुरक्षा पर ध्यान दिये जाने की तालिबान सरकार की चिंता की…
  • bjp-rss
    कांचा इलैया शेफर्ड
    उत्तर प्रदेश चुनाव : हौसला बढ़ाते नए संकेत!
    12 Jan 2022
    ज़्यादातर शूद्र, ओबीसी, दलित और आदिवासी जनता ने आरएसएस-भाजपा के हिंदुओं को एकजुट करने के झूठे दावों को संदिग्ध नज़र से देखा है। सपा के अखिलेश यादव जैसे नेताओं को इस असहमति को वोट में बदलने की ज़रूरत है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License