NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
कोविड-19
यूरोप
अमेरिका
एशिया के बाकी
ओमीक्रॉन वंचित इलाकों को हर तरह से करेगा प्रभावित
वंचित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों ने बीमारी के स्वास्थ्य और वित्तीय बोझ को असमान रूप से महसूस किया है।
भाषा
22 Dec 2021
ओमीक्रॉन वंचित इलाकों को हर तरह से करेगा प्रभावित

शेफील्ड (ब्रिटेन), (द कन्वरसेशन): महामारी के बार-बार नये रूप में दस्तक देने से एक बात सामने आई है कि कैसे ब्रिटेन की आबादी में कोविड के प्रभाव समान रूप से नहीं पड़े हैं। वंचित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों ने बीमारी के स्वास्थ्य और वित्तीय बोझ को असमान रूप से महसूस किया है।

इस असमानता की कठोरता का एक उदाहरण यह तथ्य है कि, एक बार जब आप समूहों के बीच उम्र के अंतर को ध्यान में रखते हैं, तो महामारी के पहले साल में, इंग्लैंड के सबसे अधिक वंचित क्षेत्रों में कोविड से दर्ज मृत्यु दर सबसे कम वंचित क्षेत्रों की तुलना में ढाई गुना अधिक थी।

इस असमानता के कुछ कारणों का पता लगाने के लिए आपको ज्यादा सोचने की जरूरत नहीं है। अधिक वंचित समूहों के लोगों के घर से काम करने में सक्षम होने की संभावना कम होती है,उनके कम जगह और खराब वेंटिलेशन वाले बड़े, कई सदियों से चले आ रहे घरों में रहने की संभावना अधिक होती है, अच्छी गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच की संभावना कम होती है और मौजूदा स्वास्थ्य स्थितियां उनमें अधिक हो सकती हैं जो कोरोना वायरस के संक्रमण से जुड़े जोखिमों को बढ़ाती हैं।

 इन कारकों ने पहले ही ब्रिटेन में स्वास्थ्य में महत्वपूर्ण असमानताओं को पैदा किया, लेकिन महामारी ने उनमें और इजाफा कर दिया।

हालांकि, हाल में कुछ ऐसा हुआ जिसका अनुमान नहीं था। सितंबर के अंत में, नए कोविड मामलों की दर, जो पिछले 18 महीनों से सबसे अधिक वंचित क्षेत्रों में सबसे अधिक थी, कम वंचित क्षेत्रों में बढ़ने लगी। अचानक, बिना किसी चेतावनी के कोविड मामलों में असमानता की दिशा बदल गई।

इस परिवर्तन का एक बड़ा कारक सबसे कम वंचित क्षेत्रों में स्कूली बच्चों के मामलों में दिखी वृद्धि थी। लेकिन वही परिवर्तन वृद्धावस्था वाले समूहों में भी हुआ। तो असल में हो क्या रहा है?

कई संभावित स्पष्टीकरण हैं, लेकिन एक अहम कारक इस तथ्य की संभावना है कि इतने लंबे समय तक ज्यादा मामले सामने आने के कारण, अधिक वंचित क्षेत्रों में संक्रमण से मिली प्रतिरक्षा का स्तर भी ज्यादा रहा। अनिवार्य रूप से, इतने सारे लोगों को पहले से ही कोविड था कि वायरस संक्रमित करने के लिए अतिसंवेदनशील लोगों की तलाश में निकलने लगा।

बहरहाल, कई और समृद्ध क्षेत्रों में अपेक्षाकृत कम मामले देखे गए थे। इसलिए नए प्रकोपों के लिए अधिक जोखिम था, खासकर स्कूली बच्चों में जिनके पास टीकों की अतिरिक्त सुरक्षा नहीं थी।

दुर्भाग्य से, तब से एक बड़ा नया विकास हुआ है: ओमीक्रॉन आ गया है। नया स्वरूप चिंता के पिछले स्वरूपों की तुलना में और भी अधिक संक्रामक प्रतीत होता है, और इसमें कुछ हद तक प्रतिरक्षा से बच निकलने की क्षमता है। इसका मतलब है कि यह उन लोगों को पुन: संक्रमित करने में सक्षम है जिनके पास कुछ हद तक प्रतिरक्षा है, चाहे वह संक्रमित होकर मिली हो या टीकाकरण के माध्यम से मिली हो।

ऐसे लोगों को फिर से संक्रमित करने की क्षमता जिन्हें पहले से कोविड हुआ है, इसका मतलब है कि ओमीक्रॉन अधिक वंचित क्षेत्रों के लिए एक बड़ा जोखिम लेकर आया है। कोविड के मामलों और मौतों में असमानता को जन्म देने वाले सभी कारक जो हमने महामारी के पहले 18 महीनों में देखे हैं, वे अब भी मौजूद हैं।

Coronavirus
England
COVID-19

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में 2,745 नए मामले, 6 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा


बाकी खबरें

  • Imran Khan
    यानिस इकबाल
    पाकिस्तान में राजनीतिक अशांति की आर्थिक जड़ों को समझना ज़रूरी है
    22 Jun 2021
    सत्ता के गलियारों में अंतर-अभिजात वर्ग का आपसी संघर्ष जारी है जिसका आम मेहनतकश जनता से कोई लेना-देना नहीं है, क्योंकि आईएमएफ़ का क़र्ज़ बेइंतहा बढ़ गया है, अर्थव्यवस्था डूब रही है और लोग निजीकरण के ख़िलाफ़…
  • अगले चुनावी साल से पहले भाजपा को सता रही हैं पिछली गलतियां
    सुहित के सेन
    अगले चुनावी साल से पहले भाजपा को सता रही हैं पिछली गलतियां
    22 Jun 2021
    भाजपा अगले साल एक के बाद एक होने वाले चुनावों की एक श्रृंखला को लेकर परेशान और हताश दिख रही है।
  • दिल्ली में पानी की किल्लत पर विजय गोयल ने जो तस्वीर ट्वीट की, वो कांग्रेस शासनकाल की निकली
    कलीम अहमद
    दिल्ली में पानी की किल्लत पर विजय गोयल ने जो तस्वीर ट्वीट की, वो कांग्रेस शासनकाल की निकली
    22 Jun 2021
    ऑल्ट न्यूज़ ने फ़ोटोजर्नलिस्ट अदनान आबिदी से बात की और उन्होंने इसकी पुष्टि की कि उन्होंने ही 2009 में ये तस्वीर ली थी. यानी, भाजपा नेताओं ने दिल्ली में पानी की समस्या को लेकर AAP सरकार को घेरते हुए…
  • मिल्खा सिंह
    लेज़्ली ज़ेवियर
    मिल्खा सिंह : एक हीरो जिसे देश ने चाहा, लेकिन दूसरों की कीमत पर
    22 Jun 2021
    भारतीय खेल के इतिहास में रोम ओलंपिक में मिल्खा सिंह के चौथे पायदान पर आने की उपलब्धि को खूब तराशा गया है। इस उपलब्धि पर कई किताबें और लेख लिखे गए, फ़िल्में बनाई गईं। लेकिन इसी दौरान केडी जाधव को…
  • शेरनी : दो मादाओं की एक-सी नियति की कहानी
    सत्यम श्रीवास्तव
    शेरनी : दो मादाओं की एक-सी नियति की कहानी
    22 Jun 2021
    फ़िल्म की मूल कथा भले ही एक शेरनी (टी-12) के इर्द-गिर्द बुनी गयी है लेकिन कब एक महिला के लिए हमारा समाज, हमारी राजनीति, हमारी नौकरशाही ठीक वही रवैया अपना लेती है जो एक शेरनी के लिए, यह बिना किसी…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License