NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
अपराध
भारत
राजनीति
जोधपुर की घटना पर माकपा ने जताई चिंता, गहलोत सरकार से सख़्त कार्रवाई की मांग
माकपा के राज्य सचिव अमराराम ने इसे भाजपा-आरएसएस द्वारा साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश करार देते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं अनायास नहीं होती बल्कि इनके पीछे धार्मिक कट्टरपंथी क्षुद्र शरारती तत्वों की गहरी साजिश होती है जो भाईचारे के दुश्मन हैं।

न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
04 May 2022
जोधपुर की घटना पर माकपा ने जताई चिंता, गहलोत सरकार से सख़्त कार्रवाई की मांग
image courtesy:BBC

भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के सचिवमंडल ने  जोधपुर के जालौरी गेट पर ईद के मौके पर जानबूझकर साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कड़ी निंदा की है और इस घटना के जिम्मेदार दंगाइयों और आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है ताकि राज्य में ऐसी साम्प्रदायिक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
 

राज्य के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के गृह जिला जोधपुर में सोमवार रात जालोरी गेट चौराहा पर झंडा लगाने और चौराहे के सर्किल पर ईद से जुड़े बैनर लगाने को लेकर शुरू हुआ यह विवाद नमाज और लाउडस्पीकर तक पहुंच गया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग वहां इकट्ठा हो गए। लोगों ने नारेबाजी करते हुए झंडे-बैनर हटा दिए। जिसका जमकर विरोध हुआ। जिसके बाद से ही पूरे इलाक़े में तनाव बना हुआ है। पुलिस ने स्थिति को काबू करने के लिए लाठीचार्च किया और 4 मई की रात तक इस इलाक़े में कर्फ़्यू लगा दिया और इंटरनेट सेवा भी बंद कर दी हैं।

भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) यानी माकपा के राज्य सचिव अमराराम ने इसे भाजपा-आरएसएस द्वारा साम्प्रदायिक तनाव फैलाने की कोशिश करार देते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं अनायास नहीं होती बल्कि इनके पीछे धार्मिक कट्टरपंथी क्षुद्र शरारती तत्वों की गहरी साजिश होती है जो भाईचारे के दुश्मन हैं।

 

उन्होंने कहा कि भाजपा अपने अनुसंगी संगठनों के जरिये पूरे देश को नफरती ज्वार में तपाने के दुष्कृत्यों में रत है और भेदभावकारी नारों के जरिये समाज के एक हिस्से में नफरत फैलाने के लिए नियोजित ढंग से जगह-जगह ऐसे घिनौने कृत्यों को अंजाम देने और उकसाने के काम कर एक धर्म विशेष को निशाना बना रही है। मेले और बाज़ारों से बेइज्जती कर बाहर निकलने के कृत्यों को अंजाम दे रही है। ठीक एक महीने पहले प्रदेश के भाईचारे को बिगाड़ने के लिए करौली की घटना अंजाम दी गई थी। यह चिंता और जांच का विषय है कि थोड़ी सी कहासुनी पर उपद्रव करने वाले चाहे किसी धर्म के हों, उन्हें उपद्रवियों की संज्ञा दी जानी चाहिए और उसी के अनुसार उन पर सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।

माकपा ने  क्षेत्र की आम जनता से भी अपील करते हुए कहा  कि वह उपद्रवियों को चिह्नित करने में पुलिस की सहायता करे और सभी धर्मों के लोग भाईचारे को बनाये रखकर अपने उत्सवों को संजीदगी से मनाये।

आगे उन्होंने कहा कि हम सरकार से पुन मांग करते हैं कि उपद्रवियों पर कठोर कार्रवाई की जाये और ऐसे हालात पैदा करने वाले जिम्मेदारों को त्वरित और निष्पक्ष जांच कार्रवाई के जरिये बेनकाब किया जाकर उन्हें सख्त सजा दी जाए। 

CPI(M)
Gehlot government
Rajasthan sarkar
Rajesthan
jodhpur violence
jodhpur

Related Stories

2023 विधानसभा चुनावों के मद्देनज़र तेज़ हुए सांप्रदायिक हमले, लाउडस्पीकर विवाद पर दिल्ली सरकार ने किए हाथ खड़े

राजस्थान: एक सप्ताह के भीतर दुष्कर्म के आधा दर्जन से अधिक मामले दर्ज, गहलोत सरकार की क़ानून व्यवस्था फेल!

राजस्थान: नहीं थम रही यौन हिंसा, लॉकडाउन में फंसी महिला के साथ गैंगरेप

राजस्थान में मॉब लिंचिंग की घटनाओं पर रोकथाम के लिए विधेयक पारित

राजस्थान: मॉब लिंचिंग और आनॅर किलिंग को लेकर विधानसभा में बिल पेश 

राजस्थान में अलग-अलग स्थानों पर तीन नाबालिग बच्चियों से बलात्कार


बाकी खबरें

  • kisan andolan
    लाल बहादुर सिंह
    किसानों ने 2021 में जो उम्मीद जगाई है, आशा है 2022 में वे इसे नयी ऊंचाई पर ले जाएंगे
    01 Jan 2022
    कारपोरेट-फासीवादी आक्रामकता के कैसे ख़ौफ़नाक दौर में हम  फंसे हैं, यह किसान-आंदोलन के स्थगन के 15 दिन के अंदर के घटनाक्रम से ही साफ हो गया है।
  • 2021 : जन प्रतिरोध और जीत का साल
    सुबोध वर्मा
    2021 : जन प्रतिरोध और जीत का साल
    01 Jan 2022
    पूरे साल के दौरान, औद्योगिक श्रमिकों, कर्मचारियों, किसानों, स्वरोज़गार श्रमिकों, बेरोज़गारों, पुरुष-महिलाओं, युवा-बूढ़ों – यानी कामकाजी लोगों के सभी तबक़ों ने साथ मिलकर अपनी आजीविका पर लगातार हो रहे…
  • Missionaries of Charity's
    कुमुदिनी पति
    मिश्नरीज़ ऑफ चैरिटी के FCRA रजिस्ट्रेशन के नवीनीकरण का आवेदन क्यों ख़ारिज हुआ?
    01 Jan 2022
    मिशनरीज ऑफ चैरिटी क्या है? यह क्या काम करता है कि इसका एफसीआरए रजिस्ट्रेशन के नवीनीकरण का आवेदन ख़ारिज किया गया। 
  • calendar of IIT Kharagpur
    सोनिया यादव
    क्या हिंदुत्व के प्रचार-प्रसार के लिए आईआईटी खड़गपुर का कैलेंडर तैयार किया गया है?
    01 Jan 2022
    कैलेंडर विवाद में जहां संस्थान और इस कैलेंडर को तैयार करने वाले इसमें कुछ भी गलत नहीं होने का दावा कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर कई शिक्षाविद् और संस्थान के पूर्व छात्र इसके खिलाफ मोर्चा खोले हुए हैं।
  • jharkhand
    अनिल अंशुमन
    झारखंड: खूंटी के आदिवासी गांवों में ‘ड्रोन सर्वे’ को लेकर विरोध, प्रशासन के रवैये से तनाव
    31 Dec 2021
    एआईपीएफ़ की फ़ैक्ट फाइंडिंग टीम ने झारखंड ग्रामीण विकास मंत्री को वस्तुस्थिति की रिपोर्ट सौंपी।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License