NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
कार्टून क्लिक: पेट्रोल के बाद डीज़ल भी शतक पार, थैंक्यू मोदी जी!
देश में पेट्रोल और डीज़ल के दामों में आज सोमवार को भी बढ़ोतरी हुई। पेट्रोल के दाम आज भी कल रविवार की तरह ही 30 पैसे प्रति लीटर और डीज़ल के दाम 35 पैसे प्रति लीटर और बढ़ गए। इसके चलते पेट्रोल के साथ डीज़ल भी शतक पार हो गया है।
आज का कार्टून
11 Oct 2021
cartoon

देश में पेट्रोल और डीज़ल के दामों में आज सोमवार को भी बढ़ोतरी हुई। पेट्रोल के दाम आज भी कल रविवार की तरह ही 30 पैसे प्रति लीटर और डीज़ल के दाम 35 पैसे प्रति लीटर और बढ़ गए।

तेल कंपनी IOCL के मुताबिक दिल्ली में पेट्रोल के दाम 104.44 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गए हैं। मुंबई में पेट्रोल अब 110.41 रुपये प्रति लीटर के भाव बिक रहा है। इसके अलावा मुंबई में अब डीजल 101.03 रुपये प्रति लीटर हो गया है और राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में डीजल 93.17 रुपये प्रति लीटर पर पहुंच गया है।

आपको बता दें कि ईंधन की कीमतों में वृद्धि का सिलसिला लगातार जारी है। रविवार को भी पेट्रोल के दाम 30 पैसे प्रति लीटर और डीजल के दाम 35 पैसे प्रति लीटर बढ़ाए गए थे। इससे कल ही गांधीनगर और लेह जैसे स्थानों पर डीजल का दाम 100 रुपये प्रति लीटर को पार कर गया था। इससे पहले शनिवार को मुंबई में डीजल ने शतक लगाया था।

सार्वजनिक क्षेत्र की पेट्रोलियम कंपनियों की मूल्य अधिसूचना के अनुसार वाहन ईंधन कीमतों में लगातार सातवें दिन वृद्धि हुई है। इससे वाहन ईंधन के दाम नयी रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए हैं।

लगातार मूल्यवृद्धि के बाद अब एक राज्य की राजधानी को छोड़कर अन्य स्थानों पर पेट्रोल 100 रुपये प्रति लीटर के आंकड़े को पार कर चुका है। देहरादून, चंडीगढ़ और गुवाहाटी भी इस सूची में शामिल हो गए हैं। सिर्फ रांची एकमात्र राजधानी है जहां पेट्रोल 100 रुपये प्रति लीटर से कम है।

cartoon click
Irfan ka cartoon
cartoon
petrol prices
Inflation

Related Stories

डरावना आर्थिक संकट: न तो ख़रीदने की ताक़त, न कोई नौकरी, और उस पर बढ़ती कीमतें

कार्टून क्लिक: उनकी ‘शाखा’, उनके ‘पौधे’

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

गुजरात: भाजपा के हुए हार्दिक पटेल… पाटीदार किसके होंगे?

क्या जानबूझकर महंगाई पर चर्चा से आम आदमी से जुड़े मुद्दे बाहर रखे जाते हैं?

राज्यसभा चुनाव: टिकट बंटवारे में दिग्गजों की ‘तपस्या’ ज़ाया, क़रीबियों पर विश्वास

मोदी@8: भाजपा की 'कल्याण' और 'सेवा' की बात

गतिरोध से जूझ रही अर्थव्यवस्था: आपूर्ति में सुधार और मांग को बनाये रखने की ज़रूरत

कार्टून क्लिक: मैंने कोई (ऐसा) काम नहीं किया जिससे...

मोदी के आठ साल: सांप्रदायिक नफ़रत और हिंसा पर क्यों नहीं टूटती चुप्पी?


बाकी खबरें

  • covid
    न्यूज़क्लिक टीम
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटे में कोरोना के 10 हज़ार से कम नए मामले सामने आए 
    22 Nov 2021
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 1 लाख 18 हज़ार 443 हो गयी है।
  • Mahapanchayat in Lucknow
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    लखनऊ में महापंचायत: लखीमपुर मामले में न्याय और एमएसपी की गारंटी की मांग बुलंद कर रहे किसान
    22 Nov 2021
    देश के किसानों ने सरकारों से इतने धोखे खाए हैं कि उन्हें प्रधानमंत्री के मौखिक वादे पर विश्वास करना मुश्किल है। इसलिए उन्होंने जब तक लिखित में कानून वापसी और न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी नहीं मिलती…
  • skm
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    श्री नरेंद्र मोदी जी... राष्ट्र के नाम आपका संदेश और आपके नाम किसानों का संदेश
    22 Nov 2021
    संयुक्त किसान मोर्चा ने रविवार को सिंघु मोर्चा के किसान आंदोलन कार्यालय में बैठक की। 19 नवंबर को प्रधानमंत्री द्वारा तीन कृषि कानूनों को निरस्त करने के उनकी सरकार के फैसले की घोषणा के बाद यह बैठक प
  • nehru
    एन.डी.जयप्रकाश
    गुटनिरपेक्ष आंदोलन और नेहरू का सैद्धांतिक रुख़: II
    22 Nov 2021
    नेहरू के लिए आम तौर पर निरस्त्रीकरण और ख़ास तौर पर परमाणु हथियारों का उन्मूलन गुटनिरपेक्षता के सिद्धांत के अटूट हिस्से थे।
  • cotton farmers
    तृप्ता नारंग
    मालवा के किसान और खेतिहर मज़दूर कई संघर्षों से जूझ रहे हैं
    22 Nov 2021
    प्रधानमंत्री की घोषणा के बाद चारों ओर मनाई जा रही ख़ुशी और जश्न किसानों के हालात में सुधार नहीं कर सकते हैं और न ही उनकी तकलीफ़ों को कम कर सकते हैं।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License