NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
दाभोलकर हत्याकांड : उच्च न्यायालय ने आरोपी विक्रम भावे को जमानत दी
दाभोलकर की पुणे में 20 अगस्त 2013 को गोली मारकर हत्या कर दी गयी थी। भावे पर घटना में शामिल दो आरोपियों सचिन अंदुरे और शरद कालस्कर की मदद करने का आरोप है।
भाषा
06 May 2021
Narendra Dabholkar
Image courtesy : The Indian Express

मुंबई: बंबई उच्च न्यायालय ने 2013 में तर्कवादी नरेंद्र दाभोलकर की हत्या के मामले में आरोपी विक्रम भावे को बृहस्पतिवार को जमानत दे दी।

दाभोलकर की पुणे में 20 अगस्त 2013 को गोली मारकर हत्या कर दी गयी थी। भावे पर घटना में शामिल दो आरोपियों सचिन अंदुरे और शरद कालस्कर की मदद करने का आरोप है।

न्यायमूर्ति एस एस शिंदे और न्यायमूर्ति मनीष पितले की पीठ ने भावे को एक लाख रुपये के मुचलके पर जमानत दी और उसे एक महीने तक हर दिन और फिर दो महीने के लिए हर दूसरे दिन पुणे में संबंधित थाने में हाजिर होने का निर्देश दिया।

अदालत ने भावे से मामले की सुनवाई में पेश होने और किसी भी सबूत से छेड़छाड़ नहीं करने और गवाहों को प्रभावित नहीं करने और किसी भी तरह की अवैध गतिविधियों से भी दूर रहने का निर्देश दिया है।

केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की तरफ से पेश अधिवक्ता संदेश पाटिल ने आदेश पर रोक लगाने का अनुरोध किया। हालांकि उच्च न्यायालय ने इससे इनकार कर दिया।

कालस्कर के बयान के आधार पर सीबीआई ने भावे को वकील संजीव पुणालेकर के साथ 25 मई 2019 को गिरफ्तार किया था। पुणालेकर को जून 2019 में पुणे में सत्र अदालत ने जमानत दे दी थी।

पुणे की एक सत्र अदालत में जमानत याचिका खारिज होने के बाद भावे ने इस साल के शुरू में उच्च न्यायालय में याचिका दायर की थी।

narendra dabholkar
Narendra Dabholkar murder case
Bombay High Court
Vikram Bhave

Related Stories

वे दाभोलकर, पानसरे, कलबुर्गी या गौरी लंकेश को ख़ामोश नहीं कर सकते

"पॉक्सो मामले में सबसे ज़रूरी यौन अपराध की मंशा, न कि ‘स्किन टू स्किन’ टच!"

क्रूज ड्रग्स पार्टी केस: बंबई उच्च न्यायालय ने आर्यन खान को दी जमानत

दाभोलकर हत्याकांड की सुनवाई जल्द शुरू होगी; पुणे कोर्ट ने आरोपी के खिलाफ आरोप तय किए

सताए हुए लोगों की ‘अक्का’ बन गई थीं गौरी

"वैज्ञानिक मनोवृत्ति" विकसित करने का कर्तव्य

बॉम्बे हाईकोर्ट के आदेश के बाद अब क्या करेंगे राज्यपाल कोश्यारी?

आज भी न्याय में देरी का मतलब न्याय न मिलना ही है

एल्गार परिषद मामले में पुणे के न्यायाधीश का क्षेत्राधिकार होने के कागजात पेश करिए :उच्च न्यायालय

गुलशन कुमार हत्याकांड: अदालत ने निर्माता रमेश तौरानी को बरी करने का फैसला रखा बरकरार


बाकी खबरें

  • खोज ख़बर : पेगासस जासूसी कांडः जवाब तो दे मोदी सरकार
    न्यूज़क्लिक टीम
    खोज ख़बर : पेगासस जासूसी कांडः जवाब तो दे मोदी सरकार
    20 Jul 2021
    खोज ख़बर में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने कहा कि पेगासस खुलासे के बाद अपने मंत्रियों से लेकर पत्रकारों तक की जासूसी करवाने के आरोप में घिरी मोदी सरकार इसमें अपनी जवाबदेही से बच नहीं सकती।
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    3 प्रेस संगठनों ने पेगासस जासूसी की निंदा की, संसद का मानसून सत्र और अन्य ख़बरें
    20 Jul 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हम बात करेंगे 3 प्रेस संगठनों द्वारा पेगासस कांड की निंदा, संसद का मानसून सत्र और अन्य ख़बरों के बारे में।
  • cartoon
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कार्टून क्लिक: दिल्ली दिमाग़ में है, लेकिन यूपी हाथों से छूटा जाए...
    20 Jul 2021
    मोदी कैबिनेट की तर्ज पर योगी कैबिनेट के विस्तार की संभावना पर कहा जा सकता है कि उनके दिमाग़ में 2024 के बाद दिल्ली की गद्दी है। लेकिन यूपी की राजनीति के जानकार कहते हैं कि योगी के लिए इस बार यूपी…
  • पेगासस विवाद : कांग्रेस ने संयुक्त संसदीय समिति से जांच की मांग की
    न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
    पेगासस विवाद : कांग्रेस ने संयुक्त संसदीय समिति से जांच की मांग की
    20 Jul 2021
    कांग्रेस ने अन्य विपक्षी पार्टियों के साथ संसद के दोनों सदनों में यह मुद्दा उठाते हुए कार्यवाही भी बाधित की। विपक्षी सदस्यों ने पत्रकारों, नेताओं, मंत्रियों, न्यायाधीशों और अन्य लोगों की जासूसी कराए…
  • पश्चिम बंगाल की मत्स्य-पालन सहकारी समितियां झेल रही हैं मौसम और ‘प्रभावशाली व्यक्तियों’ की दोहरी मार
    संदीप चक्रवर्ती
    पश्चिम बंगाल की मत्स्य-पालन सहकारी समितियां झेल रही हैं मौसम और ‘प्रभावशाली व्यक्तियों’ की दोहरी मार
    20 Jul 2021
    यूनियन के नेताओं का कहना है कि 27 लाख से अधिक मछुआरों को, जिनमें से कई छोटे-मोटे काम-धंधे वाले हैं, गंभीर आजीविका के खतरे से जूझ रहे हैं क्योंकि पश्चिम बंगाल मत्स्य अधिनियम, 1984 का उल्लंघन कर सहकारी…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License