NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
दिल्ली: ‘पिछले दरवाजे से शासन करना चाहती है केंद्र सरकार'
मनीष सिसोदिया ने बृहस्पतिवार को केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि वह “पिछले दरवाजे” से राष्ट्रीय राजधानी पर शासन करने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने दावा किया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एक प्रस्ताव को मंजूरी दी है जिसके तहत उप राज्यपाल को अधिक शक्तियां दी जाएंगी।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
04 Feb 2021
manish sisodia

नयी दिल्ली: एकबार फिर दिल्ली सरकार और केंद्र सरकार के बिच टकराव की स्थति है।  केंद्र सरकार ने दिल्ली के संविधान को संशोधित करके केंद्र शासित प्रदेश के उपराज्यपाल के अधिकारों को बढ़ा दिया है। इस बात से दिल्ली की सत्तारूढ़ आम आदमी पार्टी बेहद नाराज है और केंद्र पर चुनी हुई  सरकार  की शक्तियां कम करने का आरोप लगा रही है।

दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने बृहस्पतिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि, आज कुछ मीडिया रिपोर्ट से पता चला कि केंद्र सरकार ने कल बहुत गोपनीय तरीके से दिल्ली में चुनी हुई सरकार के मुख्यमंत्री और मंत्रियों के अधिकार कम करके उनको उपराज्यपाल को देने का एक कानून पास किया है।

 सिसोदिया ने  केंद्र सरकार पर आरोप लगाया कि वह “पिछले दरवाजे” से राष्ट्रीय राजधानी पर शासन करने का प्रयास कर रही है। सिसोदिया ने दावा किया कि केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एक प्रस्ताव को मंजूरी दी है जिसके तहत उप राज्यपाल को अधिक शक्तियां दी जाएंगी।

 इन खबरों पर प्रतिक्रिया देते हुए आम आदमी पार्टी के नेता सिसोदिया ने प्रेस वार्ता में कहा कि यह निर्णय “लोकतंत्र, संविधान और दिल्ली के नागरिकों की मर्जी के खिलाफ है।”

उन्होंने कहा, “केंद्र सरकार ने मंत्रिमंडल में एक कानून पेश किया है जिससे दिल्ली की चुनी हुई सरकार से शक्ति छीन ली जाएगी और केंद्र द्वारा नियुक्त उप राज्यपाल को दे दी जाएगी। दिल्ली सरकार को अपने फैसले लेने की आजादी नहीं होगी। भाजपा दिल्ली पर पिछले दरवाजे से शासन करना चाहती है क्योंकि लोगों ने लगातार तीन चुनाव में उन्हें नहीं चुना है।” 
आपको बता दे कई जानकर इसे दिल्ली सरकार द्वारा किसान आंदोलन को समर्थन देने की प्रतिक्रिया बता रहे है।  कल यानि बुधवार को दिल्ली सरकार ने दिल्ली पुलिस और अर्द्धसैनिक बल को डीटीसी की बस देने से इंकार किया था क्योंकि अभी डीटीसी के बेड़े का एक बड़ा हिस्सा पुलिस बल के लिए इस्तेमाल हो रहा है जिससे दिल्ली की जनता को आवाजाही में समस्या का सामना करना पड़ रहा था।  
(समाचार एजेंसी भाषा इनपुट के साथ)

delh
Central
Government
AAP
BJP
MANISH SISODIA
LG

Related Stories

भाजपा के इस्लामोफ़ोबिया ने भारत को कहां पहुंचा दिया?

कश्मीर में हिंसा का दौर: कुछ ज़रूरी सवाल

सम्राट पृथ्वीराज: संघ द्वारा इतिहास के साथ खिलवाड़ की एक और कोशिश

हैदराबाद : मर्सिडीज़ गैंगरेप को क्या राजनीतिक कारणों से दबाया जा रहा है?

ग्राउंड रिपोर्टः पीएम मोदी का ‘क्योटो’, जहां कब्रिस्तान में सिसक रहीं कई फटेहाल ज़िंदगियां

धारा 370 को हटाना : केंद्र की रणनीति हर बार उल्टी पड़ती रहती है

मोहन भागवत का बयान, कश्मीर में जारी हमले और आर्यन खान को क्लीनचिट

मंडल राजनीति का तीसरा अवतार जाति आधारित गणना, कमंडल की राजनीति पर लग सकती है लगाम 

मुंडका अग्निकांड: 'दोषी मालिक, अधिकारियों को सजा दो'

मुंडका अग्निकांड: ट्रेड यूनियनों का दिल्ली में प्रदर्शन, CM केजरीवाल से की मुआवज़ा बढ़ाने की मांग


बाकी खबरें

  • bihar
    अनिल अंशुमन
    बिहार शेल्टर होम कांड-2’: मामले को रफ़ा-दफ़ा करता प्रशासन, हाईकोर्ट ने लिया स्वतः संज्ञान
    05 Feb 2022
    गत 1 फ़रवरी को सोशल मीडिया में वायरल हुए एक वीडियो ने बिहार की राजनीति में खलबली मचाई हुई है, इस वीडियो पर हाईकोर्ट ने स्वतः संज्ञान ले लिया है। इस वीडियो में एक पीड़िता शेल्टर होम में होने वाली…
  • up elections
    रवि शंकर दुबे
    सत्ता में आते ही पाक साफ हो गए सीएम और डिप्टी सीएम, राजनीतिक दलों में ‘धन कुबेरों’ का बोलबाला
    05 Feb 2022
    राजनीतिक दल और नेता अपने वादे के मुताबिक भले ही जनता की गरीबी खत्म न कर सके हों लेकिन अपनी जेबें खूब भरी हैं, इसके अलावा किसानों के मुकदमे हटे हो न हटे हों लेकिन अपना रिकॉर्ड पूरी तरह से साफ कर लिया…
  • beijing
    चार्ल्स जू
    2022 बीजिंग शीतकालीन ओलंपिक के ‘राजनयिक बहिष्कार’ के पीछे का पाखंड
    05 Feb 2022
    राजनीति को खेलों से ऊपर रखने के लिए वो कौन सा मानवाधिकार का मुद्दा है जो काफ़ी अहम है? दशकों से अमेरिका और उसके यूरोपीय सहयोगियों ने अपनी सुविधा के मुताबिक इसका उत्तर तय किया है।
  • karnataka
    सोनिया यादव
    कर्नाटक: हिजाब पहना तो नहीं मिलेगी शिक्षा, कितना सही कितना गलत?
    05 Feb 2022
    हमारे देश में शिक्षा एक मौलिक अधिकार है, फिर भी लड़कियां बड़ी मेहनत और मुश्किलों से शिक्षा की दहलीज़ तक पहुंचती हैं। ऐसे में पहनावे के चलते लड़कियों को शिक्षा से दूर रखना बिल्कुल भी जायज नहीं है।
  • Hindutva
    सुभाष गाताडे
    एक काल्पनिक अतीत के लिए हिंदुत्व की अंतहीन खोज
    05 Feb 2022
    केंद्र सरकार आरएसएस के संस्थापक केबी हेडगेवार को समर्पित करने के लिए  सत्याग्रह पर एक संग्रहालय की योजना बना रही है। इतिहास को तोड़-मरोड़ कर पेश करने के उसके ऐसे प्रयासों का देश के लोगों को विरोध…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License