NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
ईजिप्ट ने गाज़ा से लगी रफाह सीमा को 'अनिश्चितकालीन' व 'स्थायी' तौर पर खोलने की घोषणा की
ईजिप्ट के अधिकारियों ने फ़िलिस्तीनी गुटों द्वारा काहिरा में चुनाव के लिए समाधान वार्ता में समझौता होने के बाद सीमा को फिर से खोलने की घोषणा की। इस समझौते में इस साल होने वाले फ़िलिस्तीनी चुनावों के परिणाम को स्वीकार करने को लेकर सहमति भी व्यक्त की गई है।
पीपल्स डिस्पैच
11 Feb 2021
ईजिप्ट ने गाज़ा से लगी रफाह सीमा को 'अनिश्चितकालीन' व 'स्थायी' तौर पर खोलने की घोषणा की

ईजिप्ट ने घोषणा की कि उसने फ़िलिस्तीनी गुटों के साथ किए गए समझौतों का पालन करते हुए ब्लॉक की गई गाजा पट्टी के साथ अपनी रफाह सीमा को फिर से खोल दिया है। फिलिस्तीनी गुट अभी भी मिस्र की राजधानी काहिरा में होने वाली समाधान वार्ता के केंद्र में है। ये रिपोर्ट मिडल ईस्ट आई ने 10 फरवरी को प्रकाशित किया। काहिरा में फिलिस्तीनी दूतावास ने इस निर्णय का यह कहते हुए स्वागत किया है कि यह "मिस्र और फिलिस्तीनी नेताओं के बीच निरंतर द्विपक्षीय वार्ता और संपर्क का परिणाम" है।

रिपोर्ट के अनुसार सोमवार को सीमा को फिर से खोल दिया गया था और गाजा व मिस्र के बीच यात्रा शुरू हो चुकी है। मिस्र में फंसे फिलिस्तीन के लोग भी फिर से सीमा के खोलने के बाद वे वापस गाजा जाने योग्य हो गए।

पिछले 15 वर्षों से मिस्र ने फंसे फिलिस्तीनियों, छात्रों और चिकित्सा यात्रियों को सीमा पार करने की अनुमति देने के लिए इसे बहुत कम और केवल कुछ दिनों के लिए खोलते हुए इस सीमा पर कड़े प्रतिबंध लगा दिया था। साल 2007 में पीएलओ (पैलेस्टाइन लिबरेशन ऑर्गनाइजेशन) में फतह-हमास के बिखराव और गाजा पर हमास के नियंत्रण के बाद इजरायल द्वारा गाजा पर लगाए गए जमीनी, हवाई और समुद्री नाकेबंदी के मद्देनजर मिस्र ने सीमा को अक्सर बंद रखा था।

फिलिस्तीनी और मिस्र के स्रोतों से पता चला है कि इस सीमा को स्थायी रुप से खोला जाएगा क्योंकि दो मुख्य फिलिस्तीनी राजनीतिक गुट हमास और फतह के बीच संबंध विशेष रूप से इस साल आगामी फिलीस्तीनी चुनावों को ध्यान में रखते हुए बेहतर हो रहे हैं और अपने सभी आंतरिक मतभेदों को सफलतापूर्वक हल कर रहे हैं।

गाजा में हमास द्वारा संचालित आंतरिक मंत्रालय ने भी इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि यह गाजा में संकटपूर्ण मानवीय परिस्थितियों में रहने वाले फिलीस्तीनियों को आवश्यक राहत प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा जो गाजा के बाहर इलाज की मांग कर रहे हैं। साथ ही वे मिश्र में अपने परिवारों से फिर से मिलने का इंतजार करते रहे हैं और आगे की पढाई जारी रखने के लिए बाहर जाना चाहते हैं।

egypt
Gaza
Palestine
Palestine Liberation Organization

Related Stories

फ़िनलैंड-स्वीडन का नेटो भर्ती का सपना हुआ फेल, फ़िलिस्तीनी पत्रकार शीरीन की शहादत के मायने

न नकबा कभी ख़त्म हुआ, न फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध

अल-जज़ीरा की वरिष्ठ पत्रकार शिरीन अबु अकलेह की क़ब्ज़े वाले फ़िलिस्तीन में इज़रायली सुरक्षाबलों ने हत्या की

इज़रायली सुरक्षाबलों ने अल-अक़्सा परिसर में प्रार्थना कर रहे लोगों पर किया हमला, 150 से ज़्यादा घायल

लैंड डे पर फ़िलिस्तीनियों ने रिफ़्यूजियों के वापसी के अधिकार के संघर्ष को तेज़ किया

सूडान: सैन्य तख़्तापलट के ख़िलाफ़ 18वें देश्वयापी आंदोलन में 2 की मौत, 172 घायल

शता ओदेह की गिरफ़्तारी फ़िलिस्तीनी नागरिक समाज पर इस्राइली हमले का प्रतीक बन गया है

141 दिनों की भूख हड़ताल के बाद हिशाम अबू हव्वाश की रिहाई के लिए इज़रायली अधिकारी तैयार

इज़राइल, फ़लस्तीन के बीच नए सिरे से हिंसा भड़कने की आशंका : संयुक्त राष्ट्र दूत

फ़िलिस्तीनी प्रशासनिक बंदी लोय अल-अश्क़र ने रिहाई पर हुए समझौते के बाद भूख हड़ताल ख़त्म की


बाकी खबरें

  • रवि कौशल
    आदिवासियों के विकास के लिए अलग धर्म संहिता की ज़रूरत- जनगणना के पहले जनजातीय नेता
    28 Apr 2022
    जनजातीय समूह मानते रहे हैं कि वे हिंदू धर्म से अलग रीति-रिवाजों और परंपराओं का पालन करते हैं, इसलिए उन्हें अलग धर्म संहिता दी जाना चाहिए, ताकि आने वाली जनगणना में उन्हें अलग समहू के तौर पर पहचाना जा…
  • संदीप चक्रवर्ती
    कोलकाता : वामपंथी दलों ने जहांगीरपुरी में बुलडोज़र चलने और बढ़ती सांप्रदायिकता के ख़िलाफ़ निकाला मार्च
    28 Apr 2022
    नेताओं ने चेतावनी दी कि अगर बीजेपी-आरएसएस की ताक़त बढ़ी तो वह देश को हिन्दू राष्ट्र बना देंगे जहां अल्पसंख्यकों के साथ दोयम दर्जे के नागरिक जैसा बर्ताव किया जाएगा।
  • राज वाल्मीकि
    ब्राह्मणवादी व्यवस्था ने दलितों को ही नहीं बल्कि सम्पूर्ण स्त्री समुदाय को मानवाधिकारों से वंचित रखा: चौथीराम यादव
    28 Apr 2022
    पंडिता रमाबाई के परिनिर्वाण दिवस के 100 साल पूरे होने पर सफाई कर्मचारी आंदोलन ने “पंडिता रमाबाई : जीवन और संघर्ष” विषय पर कार्यक्रम किया।
  • hisab kitab
    न्यूज़क्लिक टीम
    5 साल में रोज़गार दर 46 फ़ीसदी से घटकर हुई 40 फ़ीसदी
    28 Apr 2022
    CMIE के आंकड़ों के मुताबिक भारत की काम करने लायक़ 90 करोड़ आबादी में नौकरी और नौकरी की तलाश में केवल 36 करोड़ लोग हैं। तकरीबन 54 करोड़ आबादी रोज़गार की दुनिया से बाहर है। बेरोज़गरी के यह आंकड़ें क्या कहते…
  • राजु कुमार
    बिना अनुमति जुलूस और भड़काऊ नारों से भड़का दंगा
    28 Apr 2022
    मार्क्सवादी कम्यूनिस्ट पार्टी सहित आठ राजनीतिक दलों की ओर से एक प्रतिनिधि मंडल ने खरगोन के दंगा प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License