NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
एक्सॉनमोबिल में महीने भर से काम बंद, कर्मचारियों का उचित वेतन के लिए दबाव जारी
एक महीने से अधिक समय से टेक्सास में एक्सॉनमोबिल तेल रिफाइनरी के कर्मचारी अपने काम और उचित अनुबंध के लिए संघर्ष कर रहे हैं और कॉर्पोरेशन से अधिक जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।
पीपल्स डिस्पैच
04 Jun 2021
एक्सॉनमोबिल में महीने भर से काम बंद, कर्मचारियों का उचित वेतन के लिए दबाव जारी

यूनियन से जुड़े कर्मचारियों की बड़े पैमाने पर काम बंद करने की एक्सॉनमोबिल कॉर्पोरेशन की घोषणा के एक महीने बाद भी टेक्सास के ब्यूमोंट में एक तेल रिफाइनरी में 650 से अधिक कर्मचारी काम नहीं कर रहे हैं। 1 मई को यूनियन द्वारा अनुबंध प्रस्ताव पर वोट करने से इनकार करने के बाद कंपनी ने कर्मचारियों का काम बंद कर दिया था।

कंपनी ने यूनाइटेड स्टीलवर्कर्स (यूएसडब्ल्यू) लोकल चैप्टर डिस्ट्रिक्ट13-243 द्वारा की गई किसी भी मांग को मानने से इनकार कर दिया था। ये संगठन नए अनुबंध के लिए बातचीत में कर्मचारियों का प्रतिनिधित्व करता है। एक्सॉनमोबिल ने यूनियन कर्मचारियों को अस्थायी अकुशल कर्मचारियों से बदला जिसे यूएसडब्ल्यू ने यूनियन की शक्ति को कम करने का एक स्पष्ट प्रयास माना है।

हालांकि यूनियन और कंपनी दोनों ने 1 मई को पिछले अनुबंध की समाप्ति से पहले किसी अनुबंध को अमल में लाने में बातचीतविफल रहने पर एक-दूसरे को हड़ताल या काम बंद करने के लिए 75 दिन का नोटिस दिया था फिर भी यूनियन ने पूरी तरह काम बंद करने से बचने का प्रयास किया।

चूंकि कंपनी ने 20 अप्रैल को बातचीत करने वाली टीम के सामने अपने प्रस्ताव पर अड़ी रही यूएसडब्ल्यू ने काम बंद करने से बचने के लिए एक साल के अनुबंध विस्तार की पेशकश करके बातचीत को जारी रखने की कोशिश की जिसे एक्सॉनमोबिल ने खारिज कर दिया।

चूंकि तालाबंदी लागू है ऐसे में रिफाइनरी में कर्मचारियों के भविष्य को लेकर अनिश्चितता के साथ वेतन और गैर-वेतन लाभ को रोक दिया गया है। एक्सॉनमोबिल की ब्यूमोंट रिफाइनरी देश की सबसे बड़ी रिफाइनरी में से एक है और इस साल सबसे बड़ी रिफाइनरी होने की उम्मीद है जिसकी एक दिन में मौजूदा 390,000 बैरल प्रतिदिन में अतिरिक्त 250,000 बैरल कच्चे तेल के बढ़ने की उम्मीद है। इसके अलावा, कंपनी ने केवल 2021 की पहली तिमाही में 2.7 बिलियन अमेरिकी डॉलर के करीब की कमाई की है।

तालाबंदी और कंपनी के बेहतर अनुबंध के लिए बातचीत करने से इनकार करने के खिलाफ कर्मचारियों ने अमेरिका में संघीय श्रम प्रहरी नेशनल लेबर रिलेशंस बोर्ड (एनएलआरबी) में अनफेयर लेबर प्रैक्टिस (यूएलपी) मुकदमा दायर किया है। टेक्सास में विभिन्न एक्सॉनमोबिल परिसरों से यूएसडब्ल्यू यूनियनों ने एक्सॉनमोबिल से अधिक पारदर्शिता और अधिक जवाबदेही के लिए अभियान भी चलाया है।

ExxonMobil Corporation
USW
NLRB

Related Stories


बाकी खबरें

  • द लीफ़लेट
    क्या ट्विटर के पास केवल शिकायतों के आधार पर सामग्री को हटाने और यूज़र्स को ब्लॉक करने की शक्ति है?
    01 Apr 2022
    लगता है दिल्ली उच्च न्यायालय की टिप्पणी ने सहनीय सामग्री और ईशनिंदा के बीच के अंतर को धुंधला कर दिया है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 1,335 नए मामले, 52 मरीज़ों की मौत
    01 Apr 2022
    देश में एक्टिव मामलों की संख्या घटकर 0.03 फ़ीसदी यानी 13 हज़ार 672 हो गयी है।
  • शबनम सुरिता
    आध्यात्मिक गुरु जग्गी वासुदेव के पर्यावरण मिशन पर उभरते संदेह!
    31 Mar 2022
    भारतीय आध्यात्मिक योगी जग्गी वासुदेव, जिन्हें ‘सद्गुरु’ के नाम से भी जाना जाता है, वे मिट्टी-क्षरण से होने वाले नुकसान के बारे में लोगों की जागरूकता बढ़ाने के लिए बाइक से दुनिया की हजारों किलोमीटर की…
  • सोनिया यादव
    जवानों की बढ़ती आत्महत्या का असल ज़िम्मेदार कौन?
    31 Mar 2022
    ये विडंबना ही है कि जवानों की सबसे अधिक हितैषी बनने वाली मोदी सरकार के कार्यकाल में ही जवानों ने सबसे अधिक खुदकुशी की है।
  • न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
    कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 1,225 नए मामले, 28 मरीज़ों की मौत
    31 Mar 2022
    देश में कोरोना से अब तक 5 लाख 21 हज़ार 129 लोग अपनी जान गँवा चुके है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License