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सरकारी बैंकों में अप्रैल-दिसंबर,19 के बीच 1.17 लाख करोड़ रुपये की धोखाधड़ी: आरटीआई
आरटीआई के तहत मुहैया कराये गये आंकड़ों के मुताबिक मौजूदा वित्तीय वर्ष के शुरूआती नौ महीनों में देश का शीर्ष वाणिज्यिक बैंक भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) धोखाधड़ी का सबसे बड़ा शिकार बना।
भाषा
13 Feb 2020
Bank
Image courtesy: Jagran Josh

इंदौर : सूचना के अधिकार (आरटीआई) से प्राप्त एक जानकारी के अनुसार चालू वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों, अप्रैल-दिसंबर,2019 के दौरान 18 सरकारी बैंकों में कुल 1.17 लाख करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 8,926 मामले सामने आये।  

प्रदेश के नीमच निवासी आरटीआई कार्यकर्ता चंद्रशेखर गौड़ ने बृहस्पतिवार को "पीटीआई-भाषा" को बताया कि भारतीय रिजर्व बैंक ने उन्हें सूचना के अधिकार के तहत यह जानकारी दी है। 

आरटीआई के तहत मुहैया कराये गये आंकड़ों के मुताबिक मौजूदा वित्तीय वर्ष के शुरूआती नौ महीनों में देश का शीर्ष वाणिज्यिक बैंक भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) धोखाधड़ी का सबसे बड़ा शिकार बना। आलोच्य अवधि में एसबीआई की ओर से 30,300.01 करोड़ रुपये की बैंकिंग धोखाधड़ी के 4,769 मामले सूचित किये गये। यह राशि इस अवधि में सरकारी बैंकों में बैंकिंग धोखाधड़ी के सूचित मामलों की कुल रकम 1,17,463.73 करोड़ रुपये की करीब 26 प्रतिशत है। 

पंजाब नेशनल बैंक द्वारा अप्रैल से दिसंबर तक बैंकिंग धोखाधड़ी के 294 मामले सूचित किये गये जिसमें 14,928.62 करोड़ रुपये की धनराशि शामिल है। इस अवधि के दौरान बैंक ऑफ बड़ौदा में कुल 11,166.19 करोड़ रुपये के 250 मामले सामने आये। 

आलोच्य अवधि के दौरान इलाहाबाद बैंक में 6,781.57 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 860 मामले, बैंक ऑफ इंडिया में 6,626.12 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 161 मामले, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में 5,604.55 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 292 मामले, इंडियन ओवरसीज बैंक में 5,556.64 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 151 मामले और ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स में 4,899.27 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 282 मामले सूचित किये गये।

केनरा बैंक, यूको बैंक, सिंडिकेट बैंक, कॉर्पोरेशन बैंक, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, आंध्रा बैंक, युनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया, इंडियन बैंक और पंजाब एंड सिंध बैंक में 1,867 मामले सामने आये जिसमें कुल 31,600.76 करोड़ रुपये की धनराशि शामिल है।

आरबीआई की ओर से आरटीआई के तहत मुहैया करायी गयी जानकारी में बैंकिंग धोखाधड़ी के मामलों की प्रकृति और छल के शिकार बैंकों या उनके ग्राहकों को हुए नुकसान का विशिष्ट ब्योरा नहीं दिया गया है।

RBI
RTI
right to information
SBI
PNB बैंक
Canara Bank
UCO Bank
Syndicate Bank
Corporation Bank
Bank of Maharashtra
Central Bank of India
Andhra Bank
United Bank of India
Indian Bank
Punjab & Sind Bank

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