NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
अर्थव्यवस्था
एयर इंडिया को बेचने की पूरी भूमिका तैयार!: 18 के बाद ईंधन न मिलने की चेतावनी   
इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने एयर इंडिया को पत्र लिखकर कहा है, ‘‘ एकमुश्त मासिक भुगतान न होने के कारण बकाये (ईंधन का बचा हुआ बिल) में कमी नहीं आयी है।’’
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
11 Oct 2019
air india
फोटो साभार : india today

दिल्ली : सार्वजनिक क्षेत्र के कई अन्य संस्थानों की तरह एयर इंडिया को निजी हाथों में सौंपने की तैयारी अंतिम चरण में है। कर्ज़ और घाटे के बहाने पूरी भूमिका तैयार हो चुकी है। गुरुवार को एयर इंडिया को अल्टीमेटम देते हुए सार्वजनिक क्षेत्र की तेल कंपनियों ने एयर इंडिया को महीने का एकमुश्त भुगतान 18 अक्टूबर तक करने को कहा है और चेतावनी दी है कि ऐसा नहीं करने पर वे उसे छह घरेलू हवाईअड्डों पर ईंधन की आपूर्ति रोक देंगी। 

इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने एयर इंडिया को पत्र लिखकर कहा है, ‘‘ एकमुश्त मासिक भुगतान न होने के कारण बकाये (ईंधन का बचा हुआ बिल) में कमी नहीं आयी है।’’

इस पत्र को पीटीआई-भाषा ने देखा है। तीनों तेल कंपनियां पहले बता चुकी हैं कि एयर इंडिया पर उनका 5,000 करोड़ रुपये का ईंधन भुगतान बकाया है। इसमें से कुछ बकाया आठ महीने पुराना हो चुका है। 

इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम ने 22 अगस्त को कोच्चि, मोहाली, पुणे, पटना, रांची और विशाखापत्तनम हवाईअड्डों पर एयर इंडिया को ईंधन आपूर्ति रोक दी थी। इसकी वजह एयर इंडिया का भुगतान में चूक करना है। हालांकि नागर विमानन मंत्रालय के दखल पर उन्होंने यह आपूर्ति सात सितंबर को दोबारा शुरू कर दी थी। लेकिन अब कंपनियों ने पत्र में कहा है कि मासिक आधार पर एकमुश्त भुगतान ना करने पर वह 18 अक्टूबर से एयर इंडिया की ईंधन आपूर्ति बंद कर देगी।

आपको बता दें कि मोदी सरकार रेल, टेलीकॉम इत्यादि के अलावा इंडियन एयर लाइंस को भी निजी हाथों में सौंपना चाहती है।

न्यूज़क्लिक में लिखे अपने लेख में प्रेस ट्रस्ट ऑफ इंडिया (पीटीआई) के उप कार्यकारी संपादक अमिताभ रॉयचौधरी लिखते हैं कि अपने पहले कार्यकाल के दौरान एयर इंडिया को बेचने की असफल कोशिश के बाद नरेंद्र मोदी सरकार ने दूसरे कार्यकाल में इस प्रक्रिया को तेज़ करने का फैसला किया है। गृह मंत्री अमित शाह की अगुवाई में मंत्रियों के एक समूह (जोओआई) ने इस मामले को आगे बढ़ाने को लेकर एक बैठक की और अगली बैठक में फिर से चर्चा करने को कहा गया है।

इसे पढ़ें : एयर इंडिया की बिक्री: 100 फीसदी हिस्सेदारी बेचना अच्छा आइडिया नहीं

बताया जा रहा है कि एयर इंडिया की बिक्री को लेकर मंत्रियों का पैनल बनाया गया जिसमें नागरिक उड्डयन मंत्री हरदीप सिंह पुरी के अलावा वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, वाणिज्य और रेल मंत्री पीयूष गोयल व अन्य शामिल हैं जिन्होंने कॉर्पोरेशन के कर्मचारियों की संभावनाओं पर भी चर्चा की। नाम न छापने की शर्त पर एक अधिकारी ने कहा कि सरकार अक्टूबर के अंत तक एक्सप्रेशन ऑफ इंटेरेस्ट (ईओआई-प्रारंभिक लेनदेन दस्तावेज़) जारी करने की योजना बना रही है। 

(समाचार एजेंसी भाषा के इनपुट के साथ) 

AIR India
Air India Privatisation
Crises of AIR india
indian oil
Bharat Petroleum
Hindustan Petroleum
piyush goyal

Related Stories

ख़बर भी, नज़र भी: भाजपा के अपने ही बाग़ी हुए जा रहे हैं

पायलटों की सेवाएं समाप्त करने का निर्णय खारिज किये जाने के खिलाफ एअर इंडिया की अर्जी अदालत ने ठुकराई

एयर इंडिया: परिवार की चांदी को बट्टे-खाते के भाव बेचा

लखीमपुर के हत्यारे, कश्मीर की हिंसा और टाटा को एयर इंडिया

अब उद्योगपति भी "देशद्रोही"?

“जीहुज़ूरिया पत्रकारिता” के बढ़ते संक्रमण से बचाव का टीका कब?

कांग्रेस ने पेट्रोल-डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी को लेकर सरकार पर साधा निशाना

एअर इंडिया एक्सप्रेस विमान हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 18 हुई

अन्याय में लिपटा योगी का रामराज, इंडिगो में कर्मचारियों की छँटनी और अन्य

एयरलाइंस संकट: इंडिगो में 10% कर्मचारियों के छँटनी का ऐलान, एयर इंडिया बिना वेतन छुट्टी पर भेजने को तैयार


बाकी खबरें

  • Hemant Soren
    अनिल अंशुमन
    झारखंड-बिहार: स्थानीय भाषा को लेकर विवाद कहीं महज़ कुर्सी की राजनीति तो नहीं?
    22 Sep 2021
    “किसी भी प्रदेश में वहां की स्थानीय भाषाओं को प्राथमिकता मिलना संविधान सम्मत है। लेकिन अब इस पर भी राजनीति होना संदेह पैदा करता है कि कहीं ये विवाद भी कोई सांप्रदायिक ध्रुविकरण करा कर बुनियादी सवालों…
  • Varanasi
    विजय विनीत
    बदहाली: रेशमी साड़ियां बुनने वाले हाथ कर रहे हैं ईंट-पत्थरों की ढुलाई, तल रहे हैं पकौड़े, बेच रहे हैं सब्ज़ी
    22 Sep 2021
    बनारस से ग्राउंड रिपोर्ट: विश्वविख्यात बनारस की रेशमी साड़ियों का ताना-बाना बिखर रहा है। इसी ताने-बाने में सिसक रही है बुनकरों की जिंदगी। जानने के लिए आपको लिए चलते हैं बनारस की संकरी गलियों में..
  • school
    सौम्या गुप्ता, सी. सरतचंद
    स्कूलों को वक़्त से पहले खोलने की अनुमति क्यों नहीं दी जानी चाहिए
    22 Sep 2021
    केवल स्कूलों को फिर से खोलने से असमान शिक्षा प्रणाली अधिक समान नहीं हो जाएगी जब तक कि सरकारें शिक्षा पर अपने ख़र्च को नहीं बढ़ाती हैं स्थिति में बदलाव लाना असंभव है। स्कूल खोलने से कोविड म्यूटेशन का…
  • SCO
    एम. के. भद्रकुमार
    ईरान की एससीओ सदस्यता एक बेहद बड़ी बात है
    22 Sep 2021
    तेहरान का एससीओ में ज़ोरदार स्वागत के साथ शामिल किया जाना और इस संगठन का जल्दबाज़ी के साथ विस्तार किया जाना दिखाता है कि बीजिंग और मॉस्को के बीच ज़बरदस्त तालमेल है।
  • यूपी: योगी सरकार का "विकासोत्सव" बर्बादी का जश्न है
    लाल बहादुर सिंह
    यूपी: योगी सरकार का "विकासोत्सव" बर्बादी का जश्न है
    22 Sep 2021
    योगी जी का विकास का सारा जश्न दरअसल अर्थव्यवस्था के ध्वंस और कोविड से हलकान, हैरान-परेशान जनता को मुंह चिढ़ाने और उसके जले पर नमक छिड़कने जैसा है। कुछ विश्लेषकों ने ठीक नोट किया है कि "यूपी विकासोत्सव…
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License