NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
स्वास्थ्य
भारत
बढ़ती चिंता: ख़तरे में इलाज करने वाले स्वास्थ्यकर्मी, देश में 548 डॉक्टर-नर्स कोराना संक्रमित
देश में कोविड-19 से संक्रमित पाए गए कई डॉक्टरों की मौत भी हो चुकी है। हालांकि अभी उनकी सटीक संख्या का पता नहीं चला है। अभी तक अकेले राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में 69 डॉक्टर कोविड-19 से संक्रमित पाए गए हैं।
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट
07 May 2020
कोरोना वायरस
Image courtesy: The Better India

दिल्ली: केंद्र के पास उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक कोरोना वायरस से अब तक देशभर में करीब 548 डॉक्टर, नर्स और पाराचिकित्सक संक्रमित हो चुके हैं। आधिकारिक सूत्रों ने बुधवार को यह जानकारी दी।

इन आंकड़ों में फील्ड में काम करने वाले कर्मचारी, वार्ड ब्वॉय, सफाई कर्मचारी, सुरक्षा गार्ड, लैब अटेंडेंट्स, चपरासी, लॉन्ड्री और रसोईघर के कर्मचारी शामिल नहीं हैं। इन आंकड़ों में राज्य तथा केंद्र शासित प्रदेशों में केंद्र तथा राज्य सरकार के अस्पतालों में काम करने वाले डॉक्टर, नर्स तथा पाराचिकित्सक शामिल हैं। पाराचिकित्सक या पैरामेडिकल स्टाफ उपचार के दौरान मेडिकल टीम को सपोर्मेंट करता है। इसमें डायग्नोसिस, फिजियोथेरेपी, एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड, मेडिकल लैब टेक्नोलॉजी आदि का काम करने वाले प्रोफेशनल्स शामिल होते हैं। आधिकारिक सूत्र के अनुसार, यह पता नहीं चला है कि ये डॉक्टर, नर्स और पाराचिकित्सा कर्मी कहां से संक्रमण की चपेट में आए।

आधिकारिक सूत्रों ने कहा, ‘मामलों की महामारी विज्ञान संबंधी कोई जांच नहीं हुई तो इस बात की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं है कि कितने लोग कार्यस्थल पर बीमारी की चपेट में आए और कितने सामुदायिक रूप से इसकी चपेट में आए।’ देश में कोविड-19 से संक्रमित पाए गए कई डॉक्टरों की मौत भी हो चुकी है। हालांकि अभी उनकी सटीक संख्या का पता नहीं चला है।

अधिकारियों ने बताया कि अभी तक राष्ट्रीय राजधानी में 69 डॉक्टर कोविड-19 से संक्रमित पाए गए हैं। इसके अलावा अभी तक 274 नर्स और पाराचिकित्सक इस जानलेवा विषाणु से संक्रमित पाए गए हैं।

सूत्रों ने बताया कि सफ़दरजंग अस्पताल में पिछले दो महीने से अधिक समय में सात रेजिडेंट डॉक्टरों और एक प्रोफेसर समेत 13 स्वास्थ्य देखभाल कर्मी कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए हैं। एम्स में अभी तक एक रेजिडेंट डॉक्टर और पांच नर्सों समेत करीब 10 स्वास्थ्य देखभाल कर्मी संक्रमित पाए गए हैं। इसके अलावा इस अस्पताल में कुछ सुरक्षागार्ड भी संक्रमित पाए गए हैं।

आंकड़ों के अनुसार इसके अलावा केंद्र और दिल्ली सरकार के विभिन्न अस्पतालों एवं निजी अस्पतालों में काम कर रहे कई स्वास्थ्यकर्मी भी इस जानलेवा बीमारी से संक्रमित पाए गए हैं। इसमें आरएमएल और अपोला हॉस्पिटल शामिल है। आंकड़ों के मुताबिक आरएमएल में कोरोना पॉजिटिव स्वास्थ्यकर्मियों की तादाद बढ़कर 8 और अपोलो में 11 हो गई है।

गौरतलब है कि कोरोना संकट से निपटने के लिए डॉक्टर और मेडिकल स्टाफ को जहां पर्याप्त मात्रा में मास्क और पीपीई किट उपलब्ध कराने की सरकार प्रतिबद्धता जता रही है, तो वहीं दूसरी ओर वास्तविकता में दिल्ली के अस्पतालों में हालात बुरे हैं।

दैनिक भास्कर की एक ख़बर के मुताबिक कोरोना वायरस से सीधे जंग लड़ रहे कोरोना योद्धाओं को मास्क तक नसीब नहीं हो रहे हैं। दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में कोरोना से लड़ रहे डॉक्टर पूरे सप्ताह एक ही मास्क और पीपीई किट पहन रहे हैं। सिंगल टाइम यूज पीपीई को लगातार पहनने से भी संक्रमण फैल रहा है। ‘एन-95 मास्क नॉट अवेलेबल इन स्टोर’ का नोटिस सफदरजंग अस्पताल में चस्पा है।

गौरतलब है कि मास्क की कमी डॉक्टरों के लिए जान का खतरा होने के साथ-साथ सरकारी सिस्टम और कोरोना महामारी से निपटने के लिए की गई सरकारी तैयारियों की भी पोल खोल रही है। आपको बता दें कि यह दिल्ली के सबसे बेहतरीन अस्पतालों में शुमार सफ़दरजंग का हाल है। देश के बाकी हिस्सों में आप सिर्फ अंदाजा लगा सकते हैं।

आपको बता दें कि दुनिया भर में स्वास्थ्यकर्मी इस महामारी से लड़ाई में बड़ी कीमत चुका रहे हैं। पूरी दुनिया में हजारों की संख्या में डॉक्टर, नर्स और स्वास्थ्यकर्मी इस संक्रमण के शिकार हैं।

बताया जा रहा है कि सुरक्षित कपड़े, मास्क और ग्लव्स पहनने के बावजूद डॉक्टर, नर्स और अन्य स्वास्थ्यकर्मी बाकी लोगों के मुकाबले संक्रमण के ज़्यादा शिकार हो रहे हैं। भारत में तो डॉक्टरों को ऐसी सुविधाएं अब तक ठीक तरीके से मिल भी नहीं पाई हैं।  

बीबीसी के मुताबिक डब्ल्यूएचओ के अनुसार 2002-03 में फैले सार्स संक्रमण के दौरान 21 फीसदी संक्रमित लोग स्वास्थ्यकर्मी थे।

कुछ ऐसा ही हाल कोविड-19 के मरीज़ों का इलाज करने वाले स्वास्थ्यकर्मियों का भी है। इटली में 6,200 से ज़्यादा कोरोना संक्रमित लोग स्वास्थ्यकर्मी हैं। स्पेन में लगभग 6,500 (लगभग 12%) संक्रमित लोग भी स्वास्थ्यकर्मी ही हैं।

मार्च की शुरुआत में चीन ने बताया था कि 3,300 के करीब स्वास्थ्यकर्मी कोरोना वायरस संक्रमण का शिकार हुए थे। इसका मतलब है कि 4-12% के लगभग संक्रमित लोग हेल्थकेयर स्टाफ हैं।

गौरतलब है कि ये स्वास्थ्यकर्मी ही कोरोना से लड़ने वाले असली योद्धा हैं। इस महामारी से हमारी लड़ाई का अंतिम नतीजा उनके मनोबल और कौशल से ही निकलेगा। लेकिन भारत जैसे देश में उन्हें कोरोना के साथ साथ जरूरी सुरक्षा उपकरणों से भी लड़ाई लड़नी पड़ रही है। इलाज से ज्यादा मीडिया में उनकी ख़बर सुरक्षा उपकरणों की मांग, वेतन और बर्खास्तगी को लेकर चल रही है। ऐसे में इस कठिन माहौल में उनपर पुष्पवर्षा के बजाय जरूरी सुरक्षा किट मुहैया कराया जाय ताकि वो अपनी जान बचा सकें। 

Coronavirus
COVID-19
doctors
Nurses
Health workers
Doctors and Nurses Infected
PPE Kits
Health workers safety

Related Stories

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना ने फिर पकड़ी रफ़्तार, 24 घंटों में 4,518 दर्ज़ किए गए 

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 3,962 नए मामले, 26 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 84 दिन बाद 4 हज़ार से ज़्यादा नए मामले दर्ज 

कोरोना अपडेट: देश में कोरोना के मामलों में 35 फ़ीसदी की बढ़ोतरी, 24 घंटों में दर्ज हुए 3,712 मामले 

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में 2,745 नए मामले, 6 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में नए मामलों में करीब 16 फ़ीसदी की गिरावट

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में कोरोना के 2,706 नए मामले, 25 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: देश में 24 घंटों में 2,685 नए मामले दर्ज

कोरोना अपडेट: देश में पिछले 24 घंटों में कोरोना के 2,710 नए मामले, 14 लोगों की मौत

कोरोना अपडेट: केरल, महाराष्ट्र और दिल्ली में फिर से बढ़ रहा कोरोना का ख़तरा


बाकी खबरें

  • रिचर्ड हिल
    स्पैम व्यापार का मुद्दा क्यों है? क्योंकि यह विकसित देशों के अनुकूल काम करता है
    24 Nov 2021
    2012 में, विकसित देशों ने वर्ल्ड कॉन्फ्रेंस ऑफ इंटरनेशनल टेलीकम्यूनिकेशंस (डब्ल्यूसीआईटी) के इंटरनेशनल टेलीकम्यूनिकेशंस यूनियन (आईटीयू) के विश्व सम्मेलन में संधि के रूप में अपने अंतर्राष्
  • daily
    न्यूज़क्लिक टीम
    जेपीसी में डाटा क़ानून को मंज़ूरी, जारी रहेगा किसान आंदोलन और अन्य ख़बरें
    23 Nov 2021
    न्यूज़क्लिक के डेली राउंडअप में आज हमारी नज़र रहेगी निजी डाटा सुरक्षा क़ानून को जेपीसी में मंज़ूरी, जारी रहेगा किसान आंदोलन और अन्य ख़बरों पर
  • pollution
    सतीश भारतीय
    दिल्ली ही नहीं गुरुग्राम में भी बढ़ते प्रदूषण से सांसों पर संकट
    23 Nov 2021
    "नाक साफ करते हैं तो नाक के अंदर से काली परत जमीं निकलती है जो प्रदूषण की गंभीरता के संकेत है।"
  • MSP
    अजय कुमार
    MSP की लीगल गारंटी नहीं पड़ेगी देश की जेब पर भारी, बल्कि देश की अर्थव्यवस्था संभल जाएगी
    23 Nov 2021
    भाजपा और सरकार समर्थक कह रहे हैं कि एमएससी की लीगल गारंटी देने से देश का खजाना खाली हो जाएगा और देश का दिवाला निकल जाएगा। चलिए समझते हैं कि क्यों ऐसा नहीं होगा, और इससे कैसे देश की अर्थव्यवस्था पहले…
  • Taiwan and Ukraine
    एम. के. भद्रकुमार
    अमेरिका जो चाल ताइवान में चल रहा है, हूबहू वही यूक्रेन में भी
    23 Nov 2021
    वास्तव में ताइवान और यूक्रेन  दोनों ही एक दूसरे से कूल्हे से जुड़े हुए हैं। अतः रूस एवं चीन के लिए कोई भी  दांव इसके ऊंचा नहीं हो सकता है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License