NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
राजनीति
अंतरराष्ट्रीय
यूएस जा रहे होंडुरास के प्रवासी कारवां पर ग्वाटेमाला के सुरक्षा बलों की कार्रवाई
हजारों होंडुरासवासी जो अमेरिका की जोखिम भरे यात्रा पर निकले हुए हैं वे एटा और आयोटा तूफान के शिकार हैं और उन्हें अपना देश छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा है।
पीपल्स डिस्पैच
18 Jan 2021
यूएस जा रहे होंडुरास के प्रवासी कारवां पर ग्वाटेमाला के सुरक्षा बलों की कार्रवाई

ग्वाटेमाला के सैन्य और पुलिस बलों ने 17 जनवरी को अमेरिका की ओर जाने और देश में प्रवेश करने से रोकते हुए हजारों होंडुरन प्रवासियों के कारवां पर आंसू गैस के गोले दागते हुए कार्रवाई की। ग्वाटेमाला की सरकार ने प्रवासियों के मार्ग को रेगुलेट करने के लिए होंडुरास के साथ लगी सीमा पर चिकीमूला डिपार्टमेंट में एक राजमार्ग पर विभिन्न सैन्य चौकियों को स्थापित किया। 16 जनवरी को इन प्रवासियों ने एल फॉरिडो सीमा पार कर ली और अधिकारी उन्हें रोक नहीं सके क्योंकि प्रवासियों की संख्या सुरक्षा अधिकारियों की संख्या से काफी अधिक थी। हालांकि, 17 जनवरी को वेडो होंडो शहर में सुरक्षा बलों ने आंसू गैस और ग्रेनेड से प्रवासियों पर कार्रवाई की जिससे जिससे सैकड़ों लोग घायल हो गए।

13, 15 और 16 जनवरी को अलग-अलग चरणों में अपने देश छोड़कर चले गए हजारों होंडुरनवासी पूर्वी ग्वाटेमाला में फंसे हुए हैं और अमेरिका-मैक्सिको सीमा की ओर अपनी यात्रा जारी रखने के लिए अधिकारियों से लड़ रहे हैं।

ग्वाटेमाला नेशनल पुलिस के अनुसार 16 जनवरी से 6,000 से 9,000 के बीच लोग ग्वाटेमाला में प्रवेश कर चुके हैं। उधर ग्वाटेमेलन माइग्रेशन इंस्टीट्यूट ने बताया कि 16 से 17 जनवरी की रात के बीच लगभग 1,000 आप्रवासियों को आप्रवासन और सुरक्षा आधिकारियों द्वारा होंडुरास भेज दिया गया।

हर साल युवा, महिलाएं और बच्चे सहित हजारों होंडुरनवासी अमेरिका में मानवीय शरण हासिल करने की उम्मीद के साथ जोखिम भरे यात्रा पर निकल पड़ते हैं। वे अपने देश में अत्यधिक गरीबी, हिंसा और अवसरों की कमी से बचने के लिए पैदल चलते हुए और कभी-कभी ट्रकों में यात्रा करते हुए लगभग 3 महीने में 4,000 किलोमीटर लंबी यात्रा करते हैं।

इस साल होंडुरास में COVID-19 महामारी के साथ ही एटा और आयोटा तूफान की तबाही की वजह से गहराए संकट के चलते सामाजिक-आर्थिक स्थिति और भी बदतर हो गई है और लोगों के अस्तित्व की उम्मीद कम हो गई है। ये तूफान नवंबर 2020 में मध्य अमेरिकी देश में पहुंचा था।

इस प्रवासी कारवां में शामिल होने वाले ज्यादातर लोग एटा और आयोटा तूफान के शिकार हैं जिन्होंने इस विनाशकारी बाढ़ और भूस्खलन में सब कुछ खो दिया है और राष्ट्रपति जुआन ऑरलैंडो हर्नांडेज़ की अतिदक्षिणपंथी सरकार की मदद के अभाव में अपना देश छोड़ने के लिए मजबूर हुए हैं।

Guatemala
Guatemala security
Guatemala Police
United States
COVID-19

Related Stories

आर्थिक रिकवरी के वहम का शिकार है मोदी सरकार

बाइडेन ने यूक्रेन पर अपने नैरेटिव में किया बदलाव

महामारी के दौर में बंपर कमाई करती रहीं फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

विश्व खाद्य संकट: कारण, इसके नतीजे और समाधान

महामारी में लोग झेल रहे थे दर्द, बंपर कमाई करती रहीं- फार्मा, ऑयल और टेक्नोलोजी की कंपनियां

कोविड मौतों पर विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट पर मोदी सरकार का रवैया चिंताजनक

महंगाई की मार मजदूरी कर पेट भरने वालों पर सबसे ज्यादा 

जनवादी साहित्य-संस्कृति सम्मेलन: वंचित तबकों की मुक्ति के लिए एक सांस्कृतिक हस्तक्षेप

कोरोना अपडेट: देश में एक हफ्ते बाद कोरोना के तीन हज़ार से कम मामले दर्ज किए गए

दिल्लीः एलएचएमसी अस्पताल पहुंचे केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मंडाविया का ‘कोविड योद्धाओं’ ने किया विरोध


बाकी खबरें

  • इज़रायल की सर्वोच्च अदालत ने सरकार को पिछले साल इज़रायली सैनिकों द्वारा मारे गए फ़िलिस्तीनियों के शवों को अपने पास रखने की अनुमति दी
    पीपल्स डिस्पैच
    इज़रायल की सर्वोच्च अदालत ने सरकार को पिछले साल इज़रायली सैनिकों द्वारा मारे गए फ़िलिस्तीनियों के शवों को अपने पास रखने की अनुमति दी
    20 Aug 2021
    अहमद एरेकत के शरीर को ज़ब्त कर लिया गया है और इज़रायली अधिकारियों द्वारा उनके परिवार से एक साल से अधिक समय से दूर रखा जा रहा है, जिससे उनका परिवार उनका अंतिम संस्कार नहीं कर पा रहा है।
  • अफ़ग़ानिस्तान के स्वतंत्रता दिवस पर गोलाबारी में कई प्रदर्शनकारियों की मौत
    पीपल्स डिस्पैच
    अफ़ग़ानिस्तान के स्वतंत्रता दिवस पर गोलाबारी में कई प्रदर्शनकारियों की मौत
    20 Aug 2021
    अफ़ग़ानिस्तान में भुखमरी के ख़तरे की ख़बरों के बीच आईएमएफ़ ने सरकार पर स्पष्टता न होने की वजह देश की संसाधनों तक पहुंच को भी रोक दिया है।
  • प्रगतिशीलों ने डेनमार्क सरकार से मानवीय हस्तक्षेप कर नर्स हड़ताल को ख़त्म करने की मांग की
    पीपल्स डिस्पैच
    प्रगतिशीलों ने डेनमार्क सरकार से मानवीय हस्तक्षेप कर नर्स हड़ताल को ख़त्म करने की मांग की
    20 Aug 2021
    वेतन बढ़ाने और वेतन की ग़ैर-बराबरी को ख़त्म करने की मांग के साथ चल रही नर्स की हड़ताल 62 दिन से जारी है, यह डेनमार्क की नर्सों की सबसे बड़ी हड़ताल बन गई है।
  • वीडियो: शोधकर्ताओं ने दर्शाया चूहों में कोविड-19 का संक्रमण और उससे लड़ती एंटीबाडीज़
    संदीपन तालुकदार
    वीडियो: शोधकर्ताओं ने दर्शाया चूहों में कोविड-19 का संक्रमण और उससे लड़ती एंटीबाडीज़
    20 Aug 2021
    चित्र में वायरस के प्रसार को दर्ज किया गया है, जिसके चलते चूहे के श्वसन मार्ग को क्षति पहुंची है। यह इस तथ्य को भी दर्ज करने में सफल रहा है कि कैसे एंटीबाडीज वायरस के प्रसार पर रोक लगाने में कारगर…
  • क्यों अफ़ग़ानिस्तान संकट शरणार्थी क़ानून की ज़रूरत को रेखांकित करता है
    जय मनोज संकलेचा
    क्यों अफ़ग़ानिस्तान संकट शरणार्थी क़ानून की ज़रूरत को रेखांकित करता है
    20 Aug 2021
    शरणार्थियों को भारत में शरण देने के मामले में क़ानून की कमी खल रही है और पड़ोसी अफ़ग़ानिस्तान में राजनीतिक संकट के कारण भाग रहे शरणार्थियों को समर्थन देना भारत की नैतिक अनिवार्यता बन गई है।
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License