NewsClick

NewsClick
  • English
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • हमारे लेख
  • हमारे वीडियो
search
menu

सदस्यता लें, समर्थन करें

image/svg+xml
  • सारे लेख
  • न्यूज़क्लिक लेख
  • सारे वीडियो
  • न्यूज़क्लिक वीडियो
  • राजनीति
  • अर्थव्यवस्था
  • विज्ञान
  • संस्कृति
  • भारत
  • अंतरराष्ट्रीय
  • अफ्रीका
  • लैटिन अमेरिका
  • फिलिस्तीन
  • नेपाल
  • पाकिस्तान
  • श्री लंका
  • अमेरिका
  • एशिया के बाकी
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें
सब्सक्राइब करें
हमारा अनुसरण करो Facebook - Newsclick Twitter - Newsclick RSS - Newsclick
close menu
भारत
राजनीति
जनता के पैसे का इस्तेमाल ख़ुद के लिए नहीं किया : राना अय्यूब
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक बयान जारी करते हुए अय्यूब ने कहा कि उन्होंने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और आयकर विभाग के अधिकारियों को ‘‘स्पष्ट रूप से दिखाया’’ है कि ‘‘राहत अभियान के धन का कोई भी हिस्सा किसी अन्य उद्देश्य के लिए या अपने व्यक्तिगत खर्च के लिए इस्तेमाल नहीं किया गया है।’’
न्यूज़क्लिक रिपोर्ट/भाषा
12 Feb 2022
Rana Ayyub

नयी दिल्ली: पत्रकार राना अय्यूब ने शुक्रवार को उन आरोपों को खारिज कर दिया कि उन्होंने कोविड-19 महामारी के मद्देनजर जुटाई गई दान राशि का ‘दुरुपयोग’ किया और कहा कि उनके खिलाफ लगाए गए धनशोधन के आरोप ‘‘बेबुनियाद और पूरी तरह से दुर्भावनापूर्ण’’ हैं।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक बयान जारी करते हुए अय्यूब ने कहा कि उन्होंने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और आयकर विभाग के अधिकारियों को ‘‘स्पष्ट रूप से दिखाया’’ है कि ‘‘राहत अभियान के धन का कोई भी हिस्सा किसी अन्य उद्देश्य के लिए या अपने व्यक्तिगत खर्च के लिए इस्तेमाल नहीं किया गया है।’’

My statementhttps://t.co/EgMfHXjoaT pic.twitter.com/tlxahJz94J

— Rana Ayyub (@RanaAyyub) February 11, 2022

ईडी ने इस महीने की शुरुआत में पत्रकार के खिलाफ धन शोधन जांच के सिलसिले में अय्यूब की 1.77 करोड़ रुपये की बैंक जमा राशि जब्त की थी। ईडी ने कहा था कि उसकी जांच में ‘‘ स्पष्ट हुआ है कि पूरी तरह से पूर्व नियोजित और व्यवस्थित तरीके से दान के नाम पर धन जमा किया गया और समूचे धन का उस उद्देश्य के लिए उपयोग नहीं किया गया जिसके लिए धन जुटाया गया था।’’

अय्यूब ने कहा, ‘‘यह बिल्कुल स्पष्ट है कि राहत अभियान कोष का कोई भी हिस्सा बिना हिसाब-किताब के नहीं रहता है और व्यक्तिगत खर्चों के लिए धन के दुरुपयोग के किसी भी प्रकार के आरोप के लिए कोई गुंजाइश नहीं है। इस तरह के आरोप बेबुनियाद, पूरी तरह से दुर्भावनापूर्ण और झूठे हैं। मेरे बैंक स्टेटमेंट को जानबूझकर गलत तरीके से पढ़ा गया है।’’

पत्रकार ने कहा कि उसके पास ईडी के अस्थायी जब्ती आदेश की कोई प्रति नहीं है और ‘‘मीडिया की खबरों में बताए गए विभिन्न आरोप... पूरी तरह से निराधार, दुर्भावनापूर्ण और काल्पनिक हैं।’’

ईडी ने उत्तर प्रदेश की गाजियाबाद पुलिस की सितंबर 2021 की प्राथमिकी का संज्ञान लेने के बाद अय्यूब के खिलाफ धन शोधन का मामला दर्ज किया था। यह मामला अय्यूब द्वारा ‘‘केटो’’ (चंदा जुटाने वाला ऑनलाइन मंच) के माध्यम से जुटाए गए 2.69 करोड़ रुपये से अधिक के धन में कथित अनियमितताओं से संबंधित है। पुलिस ने ‘‘हिंदू आईटी सेल’’ नामक एक गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) के संस्थापक और गाजियाबाद के इंदिरापुरम के निवासी विकास सांकृत्यायन की शिकायत पर मामला दर्ज किया था।

Rana Ayyub
ED
Journalist Rana Ayyub

Related Stories

ED के निशाने पर सोनिया-राहुल, राज्यसभा चुनावों से ऐन पहले क्यों!

सरकारी एजेंसियाँ सिर्फ विपक्ष पर हमलावर क्यों, मोदी जी?

ईडी ने फ़ारूक़ अब्दुल्ला को धनशोधन मामले में पूछताछ के लिए तलब किया

एमवे के कारोबार में  'काला'  क्या है?

डराये-धमकाये जा रहे मीडिया संगठन, लेकिन पलटकर लड़ने की ज़रूरत

ईडी ने शिवसेना सांसद संजय राउत से संबंधित संपत्ति कुर्क की

धनशोधन का मामला: अदालत ने अनिल देशमुख को न्यायिक हिरासत में भेजा

ईडी ने 12 घंटे की पूछताछ के बाद अनिल देशमुख को किया गिरफ़्तार

कार्टून क्लिक: मैनेजमेंट सबसे बढ़िया!

पेगासस प्रोजेक्ट: बीएसएफ़ के पूर्व प्रमुख, रॉ और ईडी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ केजरीवाल के क़रीबी का नाम निगरानी सूची में


बाकी खबरें

  • 2021ः कोरोना का तांडव, किसानों ने थमाई मशाल, नफ़रत ने किया लहूलुहान
    न्यूज़क्लिक प्रोडक्शन
    2021ः कोरोना का तांडव, किसानों ने थमाई मशाल, नफ़रत ने किया लहूलुहान
    29 Dec 2021
    खोज ख़बर में वरिष्ठ पत्रकार भाषा सिंह ने साल 2021 के उन उजले-स्याह पलों का सफ़र तय किया, जिनसे बनती-खुलती है भारतीय लोकतंत्र के भविष्य की राह।
  • जानिए: अस्पताल छोड़कर सड़कों पर क्यों उतर आए भारतीय डॉक्टर्स?
    रवि शंकर दुबे
    जानिए: अस्पताल छोड़कर सड़कों पर क्यों उतर आए भारतीय डॉक्टर्स?
    29 Dec 2021
    यह हड़ताली रेजिडेंट डॉक्टर्स क्या चाहते हैं, क्यों चाहते हैं, अपनी मांगों को लेकर सड़कों पर उतरना इनके लिए क्यों ज़रूरी है। आइए, क्रमवार जानते हैं-
  • सोनिया यादव
    जेएनयू: ICC का नया फ़रमान पीड़ितों पर ही दोष मढ़ने जैसा क्यों लगता है?
    29 Dec 2021
    नए सर्कुलर में कहा गया कि यौन उत्पीड़न के मामले में महिलाओं को खुद ही अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करनी होगी। महिलाओं को यह पता होना चाहिए किए इस तरह के उत्पीड़न से बचने के लिए उन्हें अपने पुरुष दोस्तों के…
  • कश्मीरी अख़बारों के आर्काइव्ज को नष्ट करने वालों को पटखनी कैसे दें
    एजाज़ अशरफ़
    कश्मीरी अख़बारों के आर्काइव्ज को नष्ट करने वालों को पटखनी कैसे दें
    29 Dec 2021
    सेंसरशिप अतीत की हमारी स्मृतियों को नष्ट कर देता है और जिस भविष्य की हम कामना करते हैं उसके साथ समझौता करने के लिए विवश कर देता है। प्रलयकारी घटनाओं से घिरे हुए कश्मीर में, लुप्त होती जा रही खबरें…
  • Banaras
    विजय विनीत
    EXCLUSIVE: जब बदहाल हैं तो कैसे कह दें कि मोदी वाले 'अच्छे दिन' आ गए!
    29 Dec 2021
    बनारस में गंगा घाटों के किनारे रहने वाले निषाद समाज की कई औरतों से "न्यूज़क्लिक" ने बातचीत की और यह भी जानने का प्रयास किया कि चुनावी जंग में हवा की रुख किधर मुड़ रहा है तो जवाब मिला, "औरतों की ओर।" …
  • Load More
सब्सक्राइब करें
हमसे जुडे
हमारे बारे में
हमसे संपर्क करें

CC BY-NC-ND This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-NoDerivatives 4.0 International License